मेघालय के शिलांग में एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है, जहां देर रात नाका चेकिंग के दौरान एक दोपहिया वाहन ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में ईस्ट खासी हिल्स जिले के एडिशनल एसपी (ट्रैफिक) लोविश गर्ग गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। यह घटना शुक्रवार की सुबह तड़के करीब 1:30 बजे की बताई जा रही है, जब पुलिस टीम सुरक्षा व्यवस्था के मद्देनजर वाहनों की जांच कर रही थी। स्कूटी सवार दो युवकों ने पुलिस के रोकने के इशारे को नजरअंदाज करते हुए अधिकारी पर गाड़ी चढ़ा दी और मौके से भागने की कोशिश की।
जांच के दौरान चेकिंग से बचने की कोशिश
ईस्ट खासी हिल्स के पुलिस अधीक्षक (शहर) डंगसन ख्रीएम द्वारा जारी किए गए एक आधिकारिक बयान के अनुसार, यह पूरी घटना उरकलीआर इलाके में समखामती पेट्रोल पंप के पास घटित हुई। कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने के लिए 18 सितंबर की रात लगभग 1:30 बजे पुलिस के जवान वहां नियमित नाका चेकिंग अभियान चला रहे थे। इसी दौरान एक स्कूटी पर सवार दो लोग चेकपॉइंट की तरफ आते दिखे। पुलिस टीम ने जब उन्हें रुकने का इशारा किया, तो उन्होंने रुकने के बजाय आक्रामक तरीके से अपनी गाड़ी आगे बढ़ा दी और नाका तोड़कर भागने का प्रयास करने लगे।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गंभीर रूप से घायल
स्थिति को बिगड़ता देख वहां मौजूद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) लोविश गर्ग खुद आगे बढ़े और उन्होंने स्कूटी चालक को रुकने का साफ संकेत दिया। इसके बावजूद, आरोपियों ने स्कूटी की रफ्तार और तेज कर दी और सीधे लोविश गर्ग को टक्कर मार दी। इस भयानक टक्कर के कारण अधिकारी सड़क पर गिर गए और उन्हें गंभीर चोटें आईं। घटनास्थल पर मौजूद अन्य पुलिसकर्मियों ने उन्हें तुरंत आपातकालीन उपचार के लिए वुडलैंड अस्पताल पहुंचाया। हालत की गंभीरता को देखते हुए, उन्हें बाद में अस्पताल के एचडी (HD) यूनिट में स्थानांतरित कर दिया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
हत्या के प्रयास का मामला दर्ज
पुलिस प्रशासन का कहना है कि स्कूटी सवारों का यह कृत्य पूरी तरह से जानबूझकर किया गया प्रतीत होता है। आरोपियों की मंशा ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारी को गंभीर चोट पहुंचाने और खुद को पुलिस जांच से बचाने की थी। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ हत्या के प्रयास (अटेंप्ट टू मर्डर) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया है और कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
छात्र संगठन से जुड़े होने का संदेह
पुलिस के आधिकारिक बयान के अनुसार, पकड़े गए या संदिग्ध दोनों आरोपियों के खासी स्टूडेंट्स यूनियन (KSU) के सदस्य होने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस अब इस बात की गहनता से जांच कर रही है कि वे दोनों इतनी देर रात उस इलाके में क्यों घूम रहे थे और आखिरकार उन्होंने नाका चेकिंग से बचने की इतनी खतरनाक कोशिश क्यों की। पुलिस प्रशासन का कहना है कि जांच के दौरान इन सभी सवालों के जवाब तलाशे जा रहे हैं।
सख्ती से जारी रहेगा नाका चेकिंग अभियान
इस घटना के बाद मेघालय पुलिस ने साफ कर दिया है कि सार्वजनिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए इस तरह के नाका चेकिंग अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे। पुलिस ने आम जनता से भी अपील की है कि वे ऐसे सुरक्षा अभियानों के दौरान पुलिसकर्मियों द्वारा दिए गए निर्देशों का पूरी तरह से पालन करें और कानून का सम्मान करें। पुलिस ने चेतावनी दी है कि ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों के काम में बाधा डालने, चेकिंग से भागने या उनके साथ अभद्र व्यवहार करने वालों के खिलाफ कानून के तहत बेहद सख्त कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल मामले की आगे की जांच सक्रियता से की जा रही है।



















