राष्ट्रीय राजधानी में हस्ताक्षरित एक नए समझौते के तहत मेघालय सरकार और यूनाइटेड नेशंस वर्ल्ड फूड प्रोग्राम ने खाद्य सुरक्षा तथा पोषण अभियान को गति देने के लिए अपनी साझीदारी को और मजबूत किया है। दोनों पक्षों ने पहले से चल रहे समझौते में संशोधन पर हस्ताक्षर किए हैं, जिससे राज्य में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके। यह कदम राज्य के नागरिकों को बेहतर पोषण सुविधाएं प्रदान करने के संकल्प को दोहराता है।
नई दिल्ली में हुआ समझौता हस्ताक्षर समारोह
इस महत्वपूर्ण संशोधन पत्र पर नई दिल्ली स्थित WFP मुख्यालय में हस्ताक्षर किए गए। इस दौरान मेघालय के खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामलों के मंत्री मेथोडियस डखार विशेष रूप से उपस्थित थे। मेघालय सरकार की ओर से खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामले विभाग (FCSCA) के आयुक्त एवं सचिव प्रवीण बख्शी ने इस दस्तावेज पर हस्ताक्षर किए। वहीं, वैश्विक संस्था की तरफ से भारत में WFP की प्रतिनिधि और कंट्री डायरेक्टर एलिजाबेथ फॉरे ने इस समझौते पर हस्ताक्षर कर इसे आगे बढ़ाया।
दोनों पक्षों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
दोनों पक्षों के प्रतिनिधि रहे मौजूद
इस अवसर पर दोनों पक्षों के कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भी उपस्थित थे। मेघालय के प्रतिनिधिमंडल में FCSCA की निदेशक आई मवलोंग, FCSCA के अवर सचिव बी सिएमलीह और FCSCA के विशेष कार्य अधिकारी (OSD) एस के वॉर शामिल थे। यूनाइटेड नेशंस की इस एजेंसी की ओर से अंकित सूद और रॉड्रिक जॉन भी इस महत्वपूर्ण बैठक और हस्ताक्षर समारोह का हिस्सा बने। अधिकारियों के इस साझा प्रयास से नीतियों के जमीनी क्रियान्वयन को बल मिलने की उम्मीद है।
साझेदारी का इतिहास और भविष्य का लक्ष्य
मेघालय सरकार और WFP के बीच इस सहयोग की शुरुआत वर्ष 2022 में हुई थी। यह नया संशोधन उसी पुरानी साझेदारी को एक पायदान ऊपर ले जाने का काम करता है। बीते वर्षों में इस साझा प्रयास के तहत राज्य में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) में सुधार, आपूर्ति श्रृंखला (सप्लाई चेन) का आधुनिकीकरण, डिजिटल समाधानों का समावेश, लाभार्थियों के लिए सेवाओं में सुधार और संस्थागत क्षमता निर्माण जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर काम किया गया है।
इस संशोधित समझौते के तहत दोनों पक्ष खाद्य सुरक्षा प्रणालियों को सुदृढ़ करने के लिए सहयोग, तकनीकी नवाचार और क्षमता निर्माण पर ध्यान केंद्रित करना जारी रखेंगे। इसके अलावा, इस पूरी साझीदारी का एक मुख्य उद्देश्य संयुक्त राष्ट्र के सस्टेनेबल डेवलपमेंट गोल 2 (SDG 2) को हासिल करना है, जो दुनिया भर से भुखमरी को पूरी तरह समाप्त करने (ज़ीरो हंगर) का लक्ष्य रखता है। इसके जरिए मेघालय के नागरिकों तक पोषण और खाद्यान्न की आपूर्ति को अधिक पारदर्शी और सुगम बनाया जाएगा।



















