मिजोरम में अंतरराष्ट्रीय सीमाओं के जरिए होने वाले कारोबार को व्यवस्थित रूप देने और बुनियादी ढांचे को गति देने के लिए एक ठोस रणनीति तैयार करने पर बल दिया गया है। राज्य के राज्यपाल जनरल (डॉ.) विजय कुमार सिंह ने सीमा पार व्यापारिक गतिविधियों को व्यवस्थित बनाने के साथ साथ अवैध लेनदेन पर पूरी तरह लगाम कसने के लिए विभागों के बीच मजबूत तालमेल की आवश्यकता रेखांकित की है।
लोक भवन में हुई उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक
सीमावर्ती वाणिज्यिक तैयारियों की समीक्षा के सिलसिले में राज्यपाल ने गुरुवार को लोक भवन में एक विशेष बैठक बुलाई। इस बैठक में वाणिज्य एवं उद्योग विभाग तथा गृह विभाग के शीर्ष अधिकारी मौजूद रहे। चर्चा के दौरान सीमावर्ती इलाकों में चल रही गतिविधियों, व्यापारिक चौकियों और कानून व्यवस्था से जुड़े पहलुओं का विस्तृत ब्योरा साझा किया गया।
कनेक्टिविटी विस्तार और जमीनी तैयारियां
सीमा तक पहुंचने वाले आगामी सड़क तंत्र में सुधार और रेलवे लाइनों के विस्तार से जुड़े कनेक्टिविटी प्रोजेक्ट्स पर चर्चा करते हुए राज्यपाल ने कहा कि बुनियादी ढांचा पूरा होने का इंतजार किए बिना प्रशासनिक तंत्र को जमीनी काम पहले ही निपटा लेना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से आग्रह किया कि निर्माण कार्य चलने के दौरान मिलने वाले इस समय का पूरा उपयोग करें ताकि रास्ते खुलते ही व्यापार सुचारू रूप से संचालित हो सके। उनका मानना था कि अग्रिम रूप से की गई पुख्ता योजना भविष्य की चुनौतियों को काफी हद तक कम कर देती है।
सीमा व्यापार के ढांचे और अवैध गतिविधियों पर अंकुश
बैठक में बॉर्डर हाट, लैंड कस्टम्स स्टेशन, इंटीग्रेटेड चेक पोस्ट और लैंड पोर्ट्स जैसे बुनियादी ढांचों की मौजूदा प्रगति और उनके सामने आ रही रुकावटों की गहन समीक्षा की गई। अनियंत्रित और अनौपचारिक व्यापार को औपचारिक कानूनी दायरे में लाने के लिए बॉर्डर हाट प्रणाली को सुव्यवस्थित करने पर गहन विमर्श हुआ। राज्यपाल ने स्पष्ट किया कि जब तक एक जवाबदेह तंत्र स्थापित नहीं होगा, तब तक अनधिकृत व्यापार को रोकना चुनौतीपूर्ण रहेगा। उन्होंने सभी संबंधित गतिविधियों को एक ही व्यापक और समेकित रूपरेखा के तहत लाने का आह्वान किया और अधिकारियों को इस दिशा में पूरे सहयोग का आश्वासन दिया।
संयुक्त कार्य समूह और प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार करने का निर्देश
विकास कार्यों में किसी भी तरह की देरी से बचने के लिए राज्यपाल ने संयुक्त कार्य समूह के माध्यम से विस्तृत परियोजना प्रस्ताव और ब्लूप्रिंट तैयार करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि इन प्रस्तावों को जल्द से जल्द सक्षम प्राधिकारियों के समक्ष प्रस्तुत किया जाना चाहिए ताकि स्वीकृतियों में विलंब न हो। इस उच्चस्तरीय बैठक में राज्यपाल के आयुक्त एवं सचिव विनोद पी. कावले, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग के सचिव डॉ. एच. लियानजेला, गृह विभाग के सचिव वनलालमाविया तथा अन्य प्रमुख प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे।





















