केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के आंतरिक सुरक्षा इतिहास में करीब 47 साल बाद एक बेहद अहम और उल्लेखनीय मोड़ आया है। बल के जवानों ने लगातार 12 महीने यानी पूरा एक साल ऐसा पूरा किया है, जिसमें ऑपरेशनल ड्यूटी के दौरान किसी भी जवान की जान नहीं गई। अंतिम बार किसी जवान की ऑपरेशनल मृत्यु 30 अक्टूबर 2025 को दर्ज की गई थी। इससे पहले ऐसा मौका जनवरी 1979 में देखा गया था, जब बल ने इस तरह का सुरक्षित कार्यकाल पूरा किया था। अब लगभग 47 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद इस ऐतिहासिक आंकड़े को दोबारा हासिल किया गया है। सीआरपीएफ के महानिदेशक जीपी सिंह ने सोशल मीडिया मंच पर इस महत्वपूर्ण उपलब्धि का ब्योरा साझा किया।
रणनीतिक तैयारी और आधुनिक उपकरणों की भूमिका
इस बड़ी सफलता के पीछे के कारणों का उल्लेख करते हुए महानिदेशक जीपी सिंह ने जवानों को दिए जा रहे उन्नत साजो-सामान और सुनियोजित रणनीतियों को अहम आधार बताया है। उनके अनुसार आधुनिक और अत्याधुनिक उपकरणों की निर्बाध उपलब्धता, जवानों का कठोर व बेहतर प्रशिक्षण और जमीनी स्तर पर बनाई गई सटीक रणनीतिक योजना ने सुरक्षा परिदृश्य को पूरी तरह बदल दिया है। तकनीक और बेहतर युक्तियों के समन्वय से जोखिम भरे क्षेत्रों में अभियानों के दौरान जवानों की सुरक्षा अभूतपूर्व रूप से मजबूत हुई है।
तेज मेडिकल निकासी और उपचार की सुदृढ़ व्यवस्था
अभियानों के दौरान अप्रत्याशित घटनाओं में घायल होने वाले जवानों की जान बचाने के लिए चिकित्सा ढांचे को भी तेजी से सक्रिय किया गया। जीपी सिंह ने बताया कि चोटिल या घायल कर्मियों को बिना किसी देरी के घटनास्थल से निकालकर दूसरे और तीसरे स्तर की चिकित्सा सुविधाओं तक सुरक्षित पहुंचाने पर विशेष जोर दिया गया है। त्वरित मेडिकल निकासी की इस सुदृढ़ व्यवस्था की बदौलत गंभीर रूप से घायल जवानों को भी वक्त रहते उच्चस्तरीय इलाज मिल सका, जिससे जीवन की हानि को पूरी तरह रोकने में मदद मिली।
प्रमुख संवेदनशील क्षेत्रों में सक्रिय तैनाती के बीच शून्य क्षति
यह उपलब्धि इसलिए भी ऐतिहासिक मानी जा रही है क्योंकि पिछले एक साल के दौरान बल के जवान देश के सभी प्रमुख और बेहद संवेदनशील ऑपरेशनल क्षेत्रों में मुस्तैदी से डटे रहे। इन इलाकों में लगातार सघन अभियान संचालित किए गए और कई महत्वपूर्ण मिशनों में उल्लेखनीय सफलताएं भी दर्ज की गईं। चुनौतीपूर्ण और जोखिम भरे अभियानों के बीच भी ऑपरेशनल मौतों की संख्या शून्य बनाए रखना बल की कार्यकुशलता को रेखांकित करता है। सुरक्षा बल ने दोहराया है कि नागरिकों के लिए देश को शांतिपूर्ण और सुरक्षित रखना उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता और निरंतर प्रतिबद्धता है।


















