महाराष्ट्र की पारंपरिक पूरन पोली: त्योहारों की मिठास और संस्कृति का अनूठा प्रतीककरवा चौथ के मौके पर झटपट और लंबे समय तक टिकने वाला मेकअप चाहिए? ये 7 बेहतरीन किट्स बचाएंगी समय, कीमत मात्र ₹270 से शुरू1 नवंबर को कर्क राशि में सजेगा चंद्र-मंगल योग, इन चार राशियों के जीवन में बरसेगी धन-दौलतअमेरिकी बॉन्ड यील्ड में गिरावट के बीच यूरो 1.1200 के ऊपर संभला, लेकिन लंबी अवधि का दबाव बरकरारनितेश तिवारी की रामायण में शत्रुघ्न बने नितीश शर्मा, शार्प फीचर्स देख कार्तिक आर्यन से होने लगी तुलनामजबूत विकास और केंद्रीय बैंक के हस्तक्षेप से 94 से 97 के दायरे में संभला रुपयाएंथ्रोपिक ने आईपीओ दस्तावेजों में खुद किया खुलासा, बेकाबू एआई विकास से मंडरा रहा है भारी विनाश का खतराटाइगर श्रॉफ पर हमले के बाद ऑल स्टार्स फुटबॉल क्लब ने रोके संडे सेशंस, सुरक्षा का हवालासूर्या की नई फिल्म ‘सीन’ से पुलिस अफसर का पहला लुक आया सामने, दिवाली पर होगी रिलीजबेसन और मोतीचूर से आगे बढ़कर चखें इन छह खास किस्म के लड्डुओं का स्वाद
कर्नाटक में बस किराया बढ़ाने पर विचार कर रहे सीएम डीके शिवकुमार, कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसलेभारत
21 जून 2026, 9:50 am (128 दिन पहले)· 5

कर्नाटक में बस किराया बढ़ाने पर विचार कर रहे सीएम डीके शिवकुमार, कैबिनेट बैठक में कई बड़े फैसले

कर्नाटक के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने सरकारी बसों के किराए में संभावित बढ़ोतरी को लेकर संकेत दिए हैं, साथ ही राज्य कैबिनेट ने दिल्ली में यूपीएससी छात्रों के लिए 80 करोड़ रुपये के छात्रावास और कई अन्य महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी है।

कर्नाटक में सरकारी बस यात्रा महंगी होने की सुगबुगाहट तेज हो गई है। राज्य के मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने संकेत दिए हैं कि सरकार परिवहन निगमों के बसों के किराए में बढ़ोतरी की समीक्षा कर रही है। हालांकि, उन्होंने साफ किया कि कोई भी फैसला जल्दबाजी में नहीं लिया जाएगा और आम जनता के हितों का पूरा ध्यान रखा जाएगा। मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कैबिनेट बैठक के बाद कहा कि कर्नाटक राज्य सड़क परिवहन निगम यानी KSRTC को आर्थिक रूप से मजबूत बनाए रखना बेहद जरूरी है, लेकिन इसके साथ ही यात्रियों पर अनावश्यक आर्थिक बोझ न पड़े, इस बात का भी ख्याल रखा जा रहा है।

डीजल कीमतों के भारी अंतर से बढ़ता वित्तीय संकट

मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने ईंधन कीमतों में हुए बदलावों का जिक्र करते हुए एक बड़ी विसंगति की ओर ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने बताया कि निजी बस संचालकों और औद्योगिक खरीदारों को डीजल काफी कम दरों पर मिल जाता है, जबकि KSRTC और BMTC जैसे सरकारी निगमों को खुदरा दरों पर ही ईंधन खरीदना पड़ता है। इस वजह से सरकारी परिवहन निगमों और निजी ऑपरेटरों के लिए डीजल की कीमतों में लगभग 40 रुपये प्रति लीटर तक का अंतर आ जाता है।

ये भी पढ़ें

ईंधन की इन बढ़ी हुई कीमतों के कारण राज्य के सरकारी परिवहन उपक्रमों पर हर दिन लगभग 40 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है। लगातार बढ़ते इस घाटे को कम करने के लिए सरकार को कोई बीच का रास्ता निकालना होगा, जिससे परिवहन निगमों की वित्तीय सेहत भी सुधरे और जनता की जेब भी सुरक्षित रहे।

दिल्ली में प्रशासनिक सुधार और केंद्रीय योजनाओं का अध्ययन

कैबिनेट बैठक के बाद मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कई अन्य प्रशासनिक सुधारों की घोषणा की। उन्होंने बताया कि नई दिल्ली में कर्नाटक के कानूनी विभाग को और अधिक सशक्त बनाया जाएगा ताकि सुप्रीम कोर्ट में लंबित राज्य के मामलों की बेहतर और प्रभावी तरीके से पैरवी की जा सके। इसके साथ ही, उन्होंने नई दिल्ली स्थित रेजिडेंट कमिश्नर कार्यालय के कामकाज पर असंतोष जाहिर किया और इसकी दक्षता बढ़ाने के लिए इसके पुनर्गठन की बात कही।

मुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के अनुसार, केंद्र सरकार की विभिन्न विकास योजनाओं का अधिकतम लाभ कर्नाटक को दिलाने के लिए अधिकारियों का एक विशेष दल गठित किया जाएगा। यह विशेष दल तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और गुजरात जैसे राज्यों का दौरा करेगा और वहां लागू केंद्रीय योजनाओं के क्रियान्वयन का अध्ययन करेगा। इस टीम में सलाहकारों के रूप में सेवानिवृत्त IAS और IPS अधिकारियों को भी शामिल किया जाएगा।

किसानों को बड़ी राहत और दिल्ली में यूपीएससी छात्रों के लिए हॉस्टल

कैबिनेट ने भूमि अधिग्रहण के मोर्चे पर किसानों को एक बड़ी राहत दी है। बेंगलुरु ग्रामीण जिले के अंतर्गत आने वाले देवनहल्ली तालुक के चन्नरायपट्टना होबली के 13 गांवों में फैले 1,777 एकड़ भूमि विकास कार्यक्रम के तहत अपनी मर्जी से जमीन सौंपने वाले किसानों के लिए समयसीमा को बढ़ाकर 31 अक्टूबर 2026 तक करने की मंजूरी दी गई है।

इसके अलावा, सिविल सेवा की तैयारी कर रहे छात्रों के लिए भी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। नई दिल्ली में UPSC और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे कर्नाटक के छात्र-छात्राओं के लिए 'कर्नाटक भवन-4' का निर्माण किया जाएगा, जिसके लिए 80 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया गया है। इस सर्वसुविधाजनक भवन में छात्रों को रहने के साथ-साथ अन्य जरूरी सुविधाएं भी मिलेंगी। इस नवनिर्मित भवन में 50 प्रतिशत सीटें अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के छात्रों के लिए आरक्षित होंगी, जबकि बची हुई सीटें अन्य वर्गों के योग्य छात्रों को आवंटित की जाएंगी।

सवाल-जवाब

कर्नाटक में बस किराए में संभावित बढ़ोतरी का मुख्य कारण क्या है?
हाल ही में ईंधन की कीमतों में हुई वृद्धि से सरकारी परिवहन निगमों पर रोजाना करीब 40 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ रहा है, जिससे उनका घाटा बढ़ रहा है।
निजी ऑपरेटरों और सरकारी निगमों (KSRTC/BMTC) के डीजल खरीद मूल्य में कितना अंतर है?
निजी संचालकों को अपेक्षाकृत कम दर पर डीजल मिल जाता है, जबकि सरकारी निगमों को इसे खुदरा कीमतों पर खरीदना पड़ता है, जिससे दोनों के खरीद मूल्य में लगभग 40 रुपये प्रति लीटर का बड़ा अंतर आ जाता है।
नई दिल्ली में 'कर्नाटक भवन-4' का निर्माण क्यों किया जा रहा है और इसका बजट कितना है?
इसका निर्माण दिल्ली में रहकर यूपीएससी और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले कर्नाटक के छात्रों को आवास और अन्य सुविधाएं देने के लिए 80 करोड़ रुपये के बजट से किया जा रहा है।
'कर्नाटक भवन-4' में सीटों के आरक्षण की क्या व्यवस्था है?
इस भवन में आधी (50 प्रतिशत) सीटें अनुसूचित जाति (SC) और अनुसूचित जनजाति (ST) के छात्रों के लिए आरक्षित होंगी, जबकि बची हुई सीटें अन्य वर्गों के विद्यार्थियों को मिलेंगी।
बेंगलुरु ग्रामीण जिले के किसानों को कैबिनेट ने क्या राहत दी है?
कैबिनेट ने देवनहल्ली तालुक के चन्नरायपट्टना होबली के 13 गांवों में विकास परियोजना के लिए स्वेच्छा से अपनी जमीन देने वाले किसानों के लिए समयसीमा को बढ़ाकर 31 अक्टूबर 2026 तक कर दिया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp