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सोनीपत में शराब पार्टी के दौरान दोस्तों ने की अनुज गुप्ता की हत्या, चार बच्चों के सिर से उठा पिता का सायाहरियाणा
16 सित॰ 2026, 10:09 am (6 दिन पहले)· 0

सोनीपत में शराब पार्टी के दौरान दोस्तों ने की अनुज गुप्ता की हत्या, चार बच्चों के सिर से उठा पिता का साया

हरियाणा के सोनीपत के सेवली गांव में शराब पीने के दौरान हुए विवाद में दोस्तों ने अनुज गुप्ता की पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतक बिहार के भागलपुर का रहने वाला था और एक फैक्ट्री में काम करता था।

हरियाणा के सोनीपत जिले के सेवली गांव में एक दर्दनाक वारदात सामने आई है, जहां शराब की महफिल के दौरान दोस्तों के बीच हुआ मामूली विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। आपसी कहासुनी इतनी बढ़ गई कि साथ बैठकर शराब पी रहे दोस्तों ने ही अनुज गुप्ता को पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया। इस घटना के बाद से इलाके में सनसनी फैल गई है और आरोपी वारदात को अंजाम देने के बाद मौके से फरार होने में कामयाब हो गए।

बिहार के भागलपुर का रहने वाला था मृतक

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अनुज गुप्ता मूल रूप से बिहार के भागलपुर जिले का रहने वाला था। वह रोजगार की तलाश में सोनीपत आया हुआ था और सेवली गांव के पास स्थित एक स्थानीय फैक्ट्री में नौकरी करता था। इस अचानक हुई हत्या से उसके परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मृतक अपने पीछे दो पत्नियों और चार मासूम बच्चों को रोता-बिलखता छोड़ गया है, जिनके सिर से अब पिता का साया उठ चुका है।

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पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने की मौके की जांच

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन हरकत में आ गया। राई थाना पुलिस के साथ-साथ एफएसएल और क्राइम ब्रांच की टीमें तुरंत घटनास्थल पर पहुंचीं। पुलिस ने मौके से जरूरी साक्ष्य जुटाए और मृतक के शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। एसीपी राई मलकीत सिंह ने पूरे घटनाक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि सेवली गांव में कुछ लोग एक साथ बैठकर शराब पी रहे थे, तभी किसी बात को लेकर उनके बीच तीखी बहस शुरू हो गई।

आरोपियों की तलाश में जुटी पुलिस की टीमें

विवाद बढ़ने पर आरोपियों ने मिलकर अनुज गुप्ता पर हमला बोल दिया और बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर लिया है और फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए विशेष टीमों का गठन कर दिया गया है। पुलिस यह भी गहराई से खंगाल रही है कि आखिर उस महफिल में ऐसी कौन सी बात हुई थी जिसने इतनी बड़ी खूनी रंजिश का रूप ले लिया।

परिजनों ने लगाई न्याय की गुहार

दूसरी ओर, मृतक अनुज गुप्ता की पत्नियों और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से गुहार लगाई है कि दोषियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार किया जाए और उन्हें कड़ी से कड़ी सजा दी जाए। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हत्याकांड में शामिल सभी संदिग्धों की पहचान करने और उनकी संलिप्तता की जांच के बाद जल्द ही उन्हें सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।

सवाल-जवाब

अनुज गुप्ता की हत्या कहां हुई?
अनुज गुप्ता की हत्या हरियाणा के सोनीपत जिले के सेवली गांव में हुई।
मृतक अनुज गुप्ता कहां के रहने वाले थे?
अनुज गुप्ता मूल रूप से बिहार के भागलपुर जिले के रहने वाले थे।
अनुज गुप्ता सोनीपत में क्या काम करते थे?
वह सेवली गांव के पास स्थित एक फैक्ट्री में काम करते थे।
इस मामले की जांच कौन सा थाना कर रहा है?
राई थाना पुलिस इस मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की तलाश में जुटी है।
घटना के बाद आरोपी क्या कर रहे हैं?
वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए हैं और पुलिस उनकी तलाश कर रही है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Sneha Kulkarni@sneha-kulkarni·5 दिन पहले

मनोरंजन और सिनेमाई पत्रकारिता के दृष्टिकोण से, हम अक्सर पर्दे पर प्रवासियों के संघर्ष और अचानक भड़कने वाली हिंसा के किस्से देखते हैं, लेकिन सोनीपत की यह घटना उस कड़वी और दुखद सच्चाई को बयां करती है जिसे कोई ड्रामा नहीं बदल सकता। औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले प्रवासी मजदूरों के जीवन में सुरक्षा का अभाव और आपसी विवादों का खूनी रूप लेना अत्यंत चिंताजनक है। एक रिपोर्टर के तौर पर हमें ऐसी खबरों को महज सनसनीखेज अपराध के रूप में पेश करने के बजाय, पीड़ित परिवार के सामाजिक पुनर्वसन और त्वरित न्याय दिलाने की दिशा में लगातार सवाल उठाने चाहिए।

Ravikash Gupta@ravikash·5 दिन पहले

औद्योगिक क्षेत्रों में काम करने वाले प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा और उनके बीच बढ़ती हिंसक घटनाओं का यह मामला गहरा चिंताजनक है। बिहार जैसे राज्यों से आजीविका की तलाश में आए श्रमिकों पर पूरा परिवार आर्थिक रूप से निर्भर होता है। इस दुखद घटना से न केवल चार मासूम बच्चों का भविष्य अधर में लटक गया है, बल्कि यह औद्योगिक बेल्ट में सुरक्षा व्यवस्था और स्थानीय स्तर पर अपराध नियंत्रण की समीक्षा की जरूरत को भी रेखांकित करता है। पुलिस को जल्द कार्रवाई कर न्याय दिलाना चाहिए।

Arjun Mehta@arjun-mehta·5 दिन पहले

रविकाश जी की बात को आगे बढ़ाते हुए, यह घटना केवल कानून-व्यवस्था की विफलता नहीं, बल्कि अंतर-राज्यीय प्रवासी श्रमिकों से जुड़ी लोक नीति और शासन व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़ा करती है। हरियाणा जैसे औद्योगिक राज्यों में काम कर रहे लाखों असंगठित प्रवासियों के लिए स्थानीय स्तर पर पुलिसिंग, सुरक्षा समीक्षा और कल्याणकारी तंत्र का अभाव स्पष्ट दिखता है। गृह विभाग और प्रशासन को औद्योगिक बेल्ट में श्रमिकों की सुरक्षा, बीट गश्त और अंतर-राज्यीय प्रशासनिक समन्वय को मजबूत करने के लिए ठोस नीतिगत कदम उठाने होंगे ताकि आजीविका की तलाश में आए निर्दोष परिवारों को ऐसी त्रासदी न झेलनी पड़े।

Karan Malhotra@karan-malhotra·5 दिन पहले

यह घटना दिखाती है कि कैसे नशे की हालत में मामूली विवाद जानलेवा रूप ले सकते हैं। इस मामले में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस को आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी सुनिश्चित करनी होगी। साथ ही, फॉरेंसिक साक्ष्यों और चश्मदीदों के बयानों को अदालत में मजबूत आधार बनाना बेहद जरूरी होगा ताकि पीड़ित परिवार को समय पर न्याय मिल सके और ऐसे अपराधों पर लगाम लगाई जा सके।

Rohan Verma@rohan-verma·5 दिन पहले

यह दर्दनाक मामला प्रवासी मजदूरों की सुरक्षा और सामाजिक ताने-बाने की गहरी विसंगतियों को उजागर करता है। रोजी-रोटी की तलाश में घर से दूर आए एक श्रमिक की इस तरह हत्या न केवल चार मासूम बच्चों और परिवार के लिए अपूरणीय क्षति है, बल्कि यह अनियंत्रित आदतों और आपराधिक प्रवृत्तियों पर भी कड़ा सवालिया निशान लगाती है। पुलिस की विशेष टीमों के लिए यह एक बड़ी चुनौती है कि वे न केवल फरार आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार करें, बल्कि इस बात की भी तह तक जाएं कि मामूली बात पर इतना बड़ा खूनी संघर्ष कैसे भड़क उठा।

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