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दीवाली से पहले 12 राज्यों में मौसम खराब, 50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं और भारी बारिश का अलर्टभारत
6 नव॰ 2026, 3:57 pm (2 घंटे पहले)· 0

दीवाली से पहले 12 राज्यों में मौसम खराब, 50 किमी की रफ्तार से चलेंगी हवाएं और भारी बारिश का अलर्ट

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 7 नवंबर को देश के 12 राज्यों में भारी बारिश और तेज हवाओं का अलर्ट जारी किया है। दक्षिण भारत के राज्यों में मौसम सबसे ज्यादा प्रभावित रहेगा, जबकि उत्तर भारत में तापमान में गिरावट और पश्चिमी विक्षोभ के असर की संभावना है।

त्योहारों के इस सीजन में मौसम ने एक बार फिर करवट लेना शुरू कर दिया है। जैसे-जैसे दीवाली नजदीक आ रही है, देश के विभिन्न हिस्सों में मौसमी हलचल तेज होती जा रही है। नवंबर महीने की शुरुआत के साथ ही उत्तर भारत के कई इलाकों में सुबह और रात के समय हल्की ठंड का अहसास होने लगा है, वहीं दूसरी तरफ दक्षिण भारत में बारिश का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। कहीं बादलों की आवाजाही बनी हुई है तो कहीं तेज हवाओं के साथ गरज और चमक लोगों के लिए परेशानी का सबब बन सकती है। इसी स्थिति को देखते हुए भारतीय मौसम विज्ञान विभाग यानी IMD ने 7 नवंबर को देश के कुल 12 राज्यों में मौसम को लेकर विशेष अलर्ट जारी किया है। इस दौरान सबसे अधिक प्रभाव दक्षिण भारत के राज्यों में देखने को मिलने की पूरी संभावना है, जहां तमिलनाडु और केरल जैसे तटीय इलाकों में भारी बारिश का खतरा लगातार बना हुआ है। इस अवधि के दौरान तेज रफ्तार से हवाएं भी चल सकती हैं, जो जनजीवन को प्रभावित कर सकती हैं। ऐसे में यदि आप दीवाली की खरीदारी या अन्य तैयारियों के लिए घर से बाहर निकलने की योजना बना रहे हैं, तो मौसम के इस ताजा मिजाज से वाकिफ रहना बेहद जरूरी हो जाता है ताकि किसी प्रकार की असुविधा से बचा जा सके।

दक्षिण भारत में अगले 24 घंटों के दौरान भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के ताजा आकलन के अनुसार, अगले 24 घंटे दक्षिण भारत के निवासियों के लिए विशेष तौर पर चुनौतीपूर्ण और अहम रहने वाले हैं। तमिलनाडु और पुडुचेरी में 6 से 10 नवंबर के बीच अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है। इसके अलावा केरल राज्य में 6 से 8 नवंबर के बीच मूसलाधार बारिश का अनुमान व्यक्त किया गया है। इन तमाम इलाकों में बारिश के साथ-साथ गरज-चमक और वज्रपात यानी बिजली गिरने की घटनाएं भी सामने आ सकती हैं। इन क्षेत्रों में हवा की सामान्य गति 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास रहने की संभावना है, जो कि बढ़कर 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक के तेज झोंकों में तब्दील हो सकती है। पूर्वोत्तर भारत के कुछ हिस्सों में भी हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है। इसके विपरीत, उत्तर-पश्चिम और मध्य भारत के बड़े हिस्से में फिलहाल किसी भी बड़े मौसमी बदलाव या खतरे का अनुमान नहीं जताया गया है। हालांकि, पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में आने वाली 10 नवंबर से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो सकता है, जो अपने साथ असर लेकर आएगा। आइए विस्तार से जानते हैं कि 7 नवंबर को देश के विभिन्न राज्यों में मौसम का हाल कैसा रहने वाला है।

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7 नवंबर को दक्षिण के राज्यों में सबसे अधिक सक्रिय रहेगा मौसम

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के विस्तृत पूर्वानुमान के मुताबिक, 7 नवंबर को दक्षिण भारत के कई राज्यों में बारिश का सिलसिला बदस्तूर जारी रहने की उम्मीद है। तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल, केरल और माहे के कई इलाकों में हल्की से लेकर मध्यम दर्जे की वर्षा होने की पूरी संभावना है। इनमें से तमिलनाडु और पुडुचेरी के कुछ चुनिंदा स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। केरल राज्य के भी अलग-अलग हिस्सों में तेज बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। इन सब के अलावा तटीय आंध्र प्रदेश, यानम, रायलसीमा, तेलंगाना और कर्नाटक के कुछ चुनिंदा हिस्सों में भी हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना जताई गई है। इन सभी राज्यों में स्थानीय प्रशासन और नागरिकों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है, क्योंकि लगातार हो रही बारिश से रोजमर्रा के कार्यों में बाधा आ सकती है और निचले इलाकों में जलभराव की समस्या भी पैदा हो सकती है।

दिल्ली-एनसीआर में फिलहाल राहत, लेकिन बाद में बदल सकता है मिजाज

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र यानी दिल्ली-एनसीआर में 7 नवंबर को बारिश या आंधी-तूफान को लेकर किसी भी प्रकार का विशेष चेतावनी या अलर्ट जारी नहीं किया गया है। राजधानी के लोगों के लिए राहत की बात यह है कि फिलहाल मौसम में किसी बड़े या अचानक बदलाव की संभावना नहीं दिख रही है। हालांकि, आने वाले दिनों में स्थिति में परिवर्तन अवश्य देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 11 और 12 नवंबर को दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश या बूंदाबांदी हो सकती है। इस स्थिति को देखते हुए दीवाली से पहले दिल्लीवासियों को भारी बारिश की वजह से किसी बड़ी चिंता में पड़ने की आवश्यकता नहीं है। लेकिन चूंकि नवंबर का महीना आगे बढ़ रहा है, इसलिए अगले सप्ताह के दौरान मौसम की गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए रखना बेहद जरूरी होगा ताकि किसी भी अचानक बदलाव के लिए पहले से तैयार रहा जा सके।

उत्तर प्रदेश और बिहार में कैसा रहेगा दीवाली से पहले का मौसम

उत्तर प्रदेश की बात करें तो 7 नवंबर को यहां भारी बारिश को लेकर मौसम विभाग की तरफ से कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है। पश्चिमी और मध्य भारत के अन्य हिस्सों की तरह यूपी में भी फिलहाल किसी बड़े मौसमी बदलाव की उम्मीद नहीं है। हालांकि, राज्य के अलग-अलग हिस्सों में तापमान में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है, जो इस मौसम की सामान्य विशेषता है। जैसे-जैसे नवंबर का महीना आगे बढ़ेगा, सुबह और रात के समय तापमान में गिरावट और ठंडक अधिक महसूस होने लगेगी। फिर भी, 7 नवंबर के दिन बारिश या तेज आंधी को लेकर किसी भी तरह की बड़ी परेशानी का संकेत नहीं दिया गया है। दूसरी तरफ, बिहार के लोगों को भी 7 नवंबर को भारी बारिश को लेकर घबराने की कोई आवश्यकता नहीं है, क्योंकि इस दिन के लिए कोई बड़ा बारिश अलर्ट जारी नहीं हुआ है। हालांकि, आगामी दिनों में मौसम का रुख बदल सकता है और IMD के पूर्वानुमान के अनुसार 10 नवंबर को बिहार के कुछ चुनिंदा इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की जा सकती है, जिससे त्योहार के समय हल्की ठंडक बढ़ सकती है।

झारखंड और पश्चिम बंगाल में मौसमी गतिविधियों का हाल

झारखंड राज्य के निवासियों के लिए भी 7 नवंबर को भारी बारिश को लेकर कोई विशेष चेतावनी नहीं दी गई है और फिलहाल यहां मौसम पूरी तरह सामान्य रहने की संभावना जताई गई है। हालांकि, यह राहत बहुत लंबे समय तक टिकने वाली नहीं है, क्योंकि मौसम विभाग ने 9 से 11 नवंबर के बीच झारखंड के कुछ खास इलाकों में बारिश होने की संभावना जताई है। इसका सीधा मतलब यह है कि आने वाले कुछ ही दिनों में आसमान में बादलों की आवाजाही बढ़ेगी और बारिश से जुड़ी गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। फिलहाल शनिवार के दिन राज्य में किसी भी बड़े मौसमी खतरे का कोई संकेत नहीं है। वहीं दूसरी तरफ, पश्चिम बंगाल के संदर्भ में जारी किए गए मौसम संबंधी पूर्वानुमान में 7 नवंबर को भारी बारिश या आंधी-तूफान को लेकर कोई अलग से राज्य-विशेष अलर्ट नहीं बताया गया है। हालांकि पूर्वी और पूर्वोत्तर भारत के कुछ अन्य हिस्सों में छिटपुट बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं, लेकिन उपलब्ध आधिकारिक पूर्वानुमान में पश्चिम बंगाल के किसी विशेष जिले या इलाके के लिए बारिश की कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है।

राजस्थान समेत अन्य राज्यों में सामान्य रहेगा मौसम

राजस्थान राज्य में भी 7 नवंबर को किसी भी बड़े मौसमी बदलाव की कोई संभावना नहीं जताई गई है। मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि पश्चिम और मध्य भारत के क्षेत्रों में अगले कुछ दिनों तक किसी भी महत्वपूर्ण मौसमी गतिविधि के होने के आसार नहीं हैं। यही कारण है कि राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम पूरी तरह से सामान्य और शांत बना रह सकता है। फिलहाल भारी बारिश, ओलावृष्टि या तेज आंधी को लेकर राज्य के लिए कोई विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है। हालांकि, जैसे-जैसे नवंबर का महीना आगे बढ़ेगा, तापमान में होने वाले स्वाभाविक बदलावों के कारण सुबह और रात के समय ठंड में इजाफा होना लाजिमी है। देश के बाकी हिस्सों में भी मौसम का मिजाज मिला-जुला रहने की उम्मीद है, जहां एक तरफ दक्षिण में बारिश का दौर जारी है, वहीं उत्तर और मध्य भारत के लोग धीरे-धीरे सर्दी की दस्तक का अनुभव कर रहे हैं। त्योहारों के इस माहौल में लोगों को अपनी सेहत और यात्रा योजनाओं का ध्यान रखते हुए मौसम विभाग के ताजा अपडेट्स पर नजर बनाए रखनी चाहिए।

सवाल-जवाब

7 नवंबर को IMD ने कितने राज्यों में मौसम का अलर्ट जारी किया है?
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने 7 नवंबर को देश के 12 राज्यों में मौसम को लेकर अलर्ट जारी किया है।
किन राज्यों में भारी बारिश का सबसे ज्यादा खतरा है?
दक्षिण भारत के तमिलनाडु और केरल राज्यों में भारी बारिश का सबसे ज्यादा खतरा बना हुआ है।
तेज हवाओं की रफ्तार कितनी हो सकती है?
प्रभावित इलाकों में हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा रह सकती है और इसके झोंके 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकते हैं।
क्या दिल्ली-एनसीआर में 7 नवंबर को बारिश की कोई चेतावनी है?
दिल्ली-एनसीआर में 7 नवंबर को बारिश या आंधी को लेकर कोई विशेष अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
दिल्ली में बारिश की संभावना कब बन सकती है?
IMD के पूर्वानुमान के मुताबिक 11 और 12 नवंबर को दिल्ली और आसपास के इलाकों में कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है।
बिहार में मौसम में बदलाव कब देखने को मिल सकता है?
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक 10 नवंबर को बिहार के कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।
झारखंड में बारिश के आसार कब से बन रहे हैं?
मौसम विभाग ने 9 से 11 नवंबर के बीच झारखंड के कुछ इलाकों में बारिश होने का अनुमान जताया है।
पुडुचेरी में भारी बारिश की आशंका किन तारीखों के बीच है?
पुडुचेरी में 6 से 10 नवंबर तक अलग-अलग जगहों पर भारी बारिश हो सकती है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 2

Karan Malhotra@karan-malhotra·29 मिनट पहले

दीवाली की शॉपिंग का सारा मज़ा खराब हो गया, दक्षिण भारत में तो वैसे ही पानी रुकने का नाम नहीं ले रहा।

Arjun Mehta@arjun-mehta·28 मिनट पहले

करण भाई, सच में शॉपिंग का मज़ा तो किरकिरा हो ही गया है। वैसे क्या इस बार उत्तर भारत में भी दीवाली पर बारिश का कोई चांस है?

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