कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद से मिले नरेंद्र मोदी, व्यापार और ऊर्जा सहयोग बढ़ाने पर बनी सहमतिमेरठ नीला ड्रम हत्याकांड में पत्नी मुस्कान और प्रेमी साहिल को फांसी, परिवार लड़ेगा छह साल की बेटी की कस्टडीगुजरात और बंगाल के चुनावी नतीजों का हवाला देकर गृह मंत्री ने विपक्षी अभियान पर उठाए सवालदौसा में स्कूली छात्राओं से छेड़छाड़ मामले में मुख्य आरोपी मनीष मीणा गिरफ्तार, पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना कियाभारत के संवैधानिक संस्थानों पर हमलों के खिलाफ हार्वर्ड के 50 से अधिक विद्वान एकजुट, निष्पक्षता की वकालतदिव्यांग पेंशन में बड़ा सुधार, 40 फीसदी दिव्यांगता पर जन्म से ही आर्थिक सहायता का रास्ता साफतुला राशि में सूर्य का गोचर लाएगा सकारात्मक बदलाव, एक महीने तक इन राशियों को मिलेगा विशेष लाभदफ्तर और घर के बीच ऐसे संवारें बच्चे का भविष्य, काम की व्यस्तता में भी असर दिखाएंगे ये खास कदमस्मॉल लेटर्स में टाइपिंग का नया चस्का, इंटरनेट की भाषा में कैपिटल लेटर्स क्यों गायब हो रहे हैंराजस्थान में वार्ड 33 की सियासी जंग में उतरीं करोड़ों की मिल्कियत, तीन प्रमुख दलों के दावेदारों की संपत्ति का ब्योरा आया सामने
वाराणसी में शिक्षक-स्नातक सम्मेलन: योगी आदित्यनाथ ने विधान परिषद चुनाव में भाजपा उम्मीदवारों के लिए मांगा समर्थननेता जी
14 अक्तू॰ 2026, 7:09 pm (1 घंटे पहले)· 0

वाराणसी में शिक्षक-स्नातक सम्मेलन: योगी आदित्यनाथ ने विधान परिषद चुनाव में भाजपा उम्मीदवारों के लिए मांगा समर्थन

उत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनाव को लेकर वाराणसी में आयोजित सम्मेलन में योगी आदित्यनाथ शामिल हुए और शिक्षा के सम्मान को सरकार की प्राथमिकता बताया।

उत्तर प्रदेश विधान परिषद के आगामी चुनाव को देखते हुए राजनीतिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। इसी सिलसिले में वाराणसी में एक विशेष शिक्षक-स्नातक सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसमें भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवारों के पक्ष में माहौल तैयार करने के लिए जोरदार अभियान चलाया गया। इस कार्यक्रम में शिरकत करते हुए नेतृत्व ने शिक्षा प्रणाली की मजबूती और शिक्षकों के कल्याण को विकास की बुनियादी कड़ी करार दिया।

वाराणसी-बलिया खंड सीट पर चुनावी तैयारी

यह सम्मेलन मुख्य रूप से वाराणसी-बलिया खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के तहत पार्टी के प्रत्याशियों के समर्थन में आयोजित किया गया था। चुनावी रणनीति पर चर्चा करते हुए कार्यकर्ताओं और समर्थकों से एकजुट होकर मैदान में उतरने का आह्वान किया गया। सभा में मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए यह संदेश दिया गया कि मौजूदा प्रशासन शैक्षणिक व्यवस्था को सशक्त करने के लिए लगातार प्रयासरत है और शिक्षण वर्ग के अधिकारों की रक्षा उसकी कार्यप्रणाली के केंद्र में है।

योगी आदित्यनाथ का संबोधन

सम्मेलन में पहुंचे योगी आदित्यनाथ ने जनसमूह को संबोधित करते हुए प्रशासनिक प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि मौजूदा डबल इंजन व्यवस्था न केवल शिक्षा के गहरे महत्व को समझती है, बल्कि शिक्षकों की गरिमा और सम्मान की पूरी कद्र भी करती है। उन्होंने एक्स पर इस आयोजन में अपनी भागीदारी की जानकारी साझा करते हुए वहां मौजूद लोगों के उत्साह का विशेष रूप से उल्लेख किया। उनके अनुसार, शैक्षणिक सुधार और इस क्षेत्र से जुड़े लोगों का सशक्तिकरण राज्य की प्रगति के लिए अनिवार्य घटक हैं।

उत्तर प्रदेश के बारे में

उत्तर प्रदेश भारत का सबसे अधिक आबादी वाला राज्य होने के साथ-साथ क्षेत्रफल के लिहाज से देश का चौथा सबसे बड़ा राज्य है। इस राज्य की प्रशासनिक और विधायी गतिविधियां राजधानी लखनऊ से संचालित होती हैं, जबकि प्रयागराज इसकी न्यायिक राजधानी की भूमिका निभाता है। वाराणसी, आगरा, कानपुर और गोरखपुर इस ऐतिहासिक राज्य के प्रमुख शहरों में गिने जाते हैं। भौगोलिक रूप से यह उत्तर में उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और नेपाल की सीमा से लगा है, पश्चिम में हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान, दक्षिण में मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ तथा पूर्व में बिहार और झारखंड से घिरा हुआ है।

जनता की प्रतिक्रिया

इस संबोधन के सार्वजनिक होने के बाद नागरिकों ने मिली-जुली राय जाहिर की। कई लोगों ने शिक्षकों के सम्मान और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की दिशा में उठाए जा रहे कदमों का स्वागत किया, जबकि कुछ उपयोगकर्ताओं ने पूर्व में हजारों विद्यालयों के बंद होने जैसे प्रशासनिक फैसलों को लेकर सवाल भी खड़े किए।

ये भी पढ़ें

सवाल-जवाब

वाराणसी में किस कार्यक्रम का आयोजन किया गया था?
वाराणसी में शिक्षक-स्नातक सम्मेलन का आयोजन किया गया था, जिसमें आगामी विधान परिषद चुनाव को लेकर चर्चा की गई।
यह सम्मेलन किस निर्वाचन क्षेत्र से संबंधित था?
यह सम्मेलन उत्तर प्रदेश विधान परिषद की वाराणसी-बलिया खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की सीट के लिए आयोजित हुआ था।
योगी आदित्यनाथ ने शिक्षा को लेकर क्या कहा?
उन्होंने कहा कि वर्तमान सरकार शिक्षा के महत्व को भलीभांति जानती है और शिक्षकों की गरिमा का पूरा सम्मान करती है।
उत्तर प्रदेश की न्यायिक और प्रशासनिक राजधानियां कौन सी हैं?
उत्तर प्रदेश की प्रशासनिक और विधायी राजधानी लखनऊ है, जबकि न्यायिक राजधानी प्रयागराज है।
इस कार्यक्रम पर आम जनता की कैसी प्रतिक्रिया रही?
लोगों ने शिक्षकों के सम्मान से जुड़े बयानों का स्वागत किया, वहीं कुछ लोगों ने सरकारी स्कूलों की स्थिति को लेकर सवाल भी उठाए।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp