राजस्थान के बीकानेर जिले से एक बेहद दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है, जहां दादा की शोकसभा के लिए बन रही उबलती दाल के बड़े भगोने में गिरने से एक 5 साल के मासूम की जान चली गई। इस हादसे ने पूरे परिवार और आसपास के इलाके को गमगीन कर दिया है।
उदरासर गांव में कैसे हुआ हादसा
यह घटना बीकानेर जिले के श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के उदरासर गांव की है। परिवार में दादा की मौत के बाद उनकी शोकसभा रखी गई थी, जिसमें शामिल होने आए रिश्तेदारों के लिए भोजन तैयार किया जा रहा था। इसी दौरान रसोई के पास रखे एक बड़े बर्तन में दाल उबल रही थी। तभी 5 साल का संकेत खेलते-खेलते दौड़ता हुआ वहां पहुंचा और सीधे उबलती दाल के भगोने में जा गिरा। बच्चे के गिरते ही वहां मौजूद लोग चीख पड़े और उसे बचाने के लिए दौड़ पड़े, लेकिन तब तक काफी नुकसान हो चुका था। जांच में पाया गया कि संकेत का शरीर 90 फीसदी से ज्यादा हिस्से में बुरी तरह झुलस गया था। परिजन आनन-फानन में उसे नजदीकी अस्पताल ले गए, जहां हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे बीकानेर के प्रिंस बिजय सिंह मेमोरियल अस्पताल रेफर कर दिया। वहां इलाज के दौरान संकेत ने दम तोड़ दिया।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
संकेत के पिता मजदूरी करके अपने परिवार का पेट पालते हैं। संकेत तीन भाई-बहनों में बीच का बच्चा था। उसका बड़ा भाई उससे 7 साल बड़ा है, जबकि उसकी छोटी बहन उससे 3 साल छोटी है। परिवार अभी दादा के निधन के गम से उबर भी नहीं पाया था कि पोते की इस दर्दनाक मौत ने घर को दोहरे सदमे में डाल दिया।
पुलिस ने बताई पूरी टाइमलाइन
सहायक उपनिरीक्षक राजकुमार ने इस मामले की जानकारी देते हुए बताया कि मृतक बच्चे का नाम संकेत था। उन्होंने बताया कि संकेत के दादा कानाराम मेघवाल का 26 जुलाई को निधन हुआ था। परिवार की परंपरा के मुताबिक निधन के आठवें दिन यानी 2 अगस्त को शोकसभा का आयोजन रखा गया था, जिसमें आए मेहमानों के लिए भोजन बनाया जा रहा था। इसी दौरान खेलते हुए संकेत उबलती दाल के बड़े बर्तन में जा गिरा, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। लोग फौरन उसे लेकर नजदीकी अस्पताल पहुंचे, लेकिन प्राथमिक उपचार के बावजूद उसे बचाया नहीं जा सका और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।



















