जून का आखिरी हफ्ता चल रहा है और देश के कई हिस्सों में मौसम पूरी तरह करवट ले रहा है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले 48 घंटों के लिए एक साथ कई राज्यों में कड़ी चेतावनी जारी की है. दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, राजस्थान और पंजाब-हरियाणा जैसे राज्यों में 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार वाली आंधी और मूसलाधार बारिश की संभावना जताई गई है. जहां एक तरफ मानसून तेजी से नए इलाकों में दाखिल हो रहा है, वहीं दूसरी तरफ विदर्भ, पूर्वी उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में लू का असर अभी भी बना हुआ है. यानी देश के अलग-अलग कोनों में मौसम के दो बिल्कुल अलग रंग एक साथ दिख रहे हैं.
एक साथ कई मौसम प्रणालियां सक्रिय
IMD के मुताबिक इस वक्त एक साथ कई वेदर सिस्टम मिलकर काम कर रहे हैं, जिससे पूरे उत्तर भारत से लेकर पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत तक मौसम अस्थिर बना हुआ है. समुद्र तल पर बारिश लाने वाली मानसून ट्रफ यानी मौसमी पट्टी राजस्थान से बिहार तक फैली हुई है. इसके अलावा बंगाल की खाड़ी, असम, हरियाणा और उत्तर-पश्चिम उत्तर प्रदेश के ऊपर साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय है. उत्तर-पश्चिम भारत पर पश्चिमी विक्षोभ का भी असर बना हुआ है. इन सभी प्रणालियों के एक साथ सक्रिय रहने से अगले दो दिनों में भारी से बहुत भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का खतरा काफी बढ़ गया है. IMD ने किसानों को खेतों में काम करते वक्त और मछुआरों को समुद्र में जाने से पहले विभाग की सलाह जरूर पढ़ने को कहा है. कई जिलों में तेज हवाओं से पेड़ उखड़ने और बिजली आपूर्ति बाधित होने की आशंका भी है.
दक्षिण-पश्चिम मानसून की रफ्तार
मौसम विभाग के अनुसार दक्षिण-पश्चिम मानसून अब महाराष्ट्र, तेलंगाना, ओडिशा, झारखंड और बिहार के नए इलाकों में तेजी से आगे बढ़ रहा है. मानसून के आगे बढ़ने के साथ ही बारिश का दायरा भी बड़ा होता जा रहा है, जिससे आने वाले दिनों में कई राज्यों में तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है. हालांकि कुछ इलाकों में भारी बारिश जनजीवन को प्रभावित कर सकती है. वहीं पंजाब और हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ और साइक्लोनिक सर्कुलेशन के संयुक्त असर से मौसम में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है.
दिल्ली-NCR में 70 KMPH तक की आंधी और बारिश
राजधानी दिल्ली और आसपास के NCR इलाकों में अगले 48 घंटे मौसम के लिहाज से काफी उथल-पुथल भरे रह सकते हैं. IMD ने 23 से 26 जून के बीच मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई है. इस दौरान 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं और कई इलाकों में गरज-चमक के साथ बारिश होगी. अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है. मौसम विभाग ने लोगों को खुले मैदानों और जर्जर इमारतों से दूर रहने की हिदायत दी है.
उत्तर प्रदेश में पूर्व से पश्चिम तक बारिश का असर
उत्तर प्रदेश के पश्चिमी और पूर्वी दोनों हिस्सों में मौसम सक्रिय रहने वाला है. मेरठ, नोएडा, अलीगढ़, आगरा, मथुरा, कानपुर, अयोध्या, गोरखपुर, प्रयागराज और वाराणसी सहित कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाओं की संभावना है. हवा की रफ्तार 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है. हालांकि पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में उमस और नमी का असर बना रह सकता है. लखनऊ में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस तक रहने का अनुमान है.
बिहार में तीन दिनों तक बारिश और बिजली का खतरा
बिहार के कई जिलों में अगले तीन दिनों तक मौसम का मिजाज काफी बिगड़ा रह सकता है. गया, मुजफ्फरपुर, दरभंगा, मधुबनी, पूर्णिया, सुपौल, कटिहार, भागलपुर और अररिया समेत कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है. यहां 50 से 55 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से आंधी चल सकती है और बिजली गिरने का खतरा भी बना रहेगा. पटना में तापमान 38 डिग्री सेल्सियस के करीब रहने का अनुमान है.
झारखंड में 70 KMPH तक की तूफानी हवाएं
झारखंड में मानसूनी गतिविधियां तेज हो रही हैं और राज्य के कई हिस्सों में मौसम उग्र रूप ले सकता है. रांची, खूंटी, गुमला, सिमडेगा, धनबाद, बोकारो और जमशेदपुर सहित कई जिलों में भारी बारिश की चेतावनी है. मौसम विभाग ने यहां 70 किलोमीटर प्रति घंटे तक की रफ्तार से तूफानी हवाएं चलने की बात कही है. कुछ जगहों पर जलभराव की नौबत भी आ सकती है.
पश्चिम बंगाल में गरज और वज्रपात की चेतावनी
पश्चिम बंगाल के नादिया, मालदा, मुर्शिदाबाद, जलपाईगुड़ी और दार्जिलिंग जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है. IMD ने इन इलाकों में गरज-चमक और बिजली गिरने को लेकर भी अलर्ट जारी किया है. कोलकाता में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है. उत्तर बंगाल के इलाकों में बारिश का असर अपेक्षाकृत ज्यादा रहने की उम्मीद है.
राजस्थान में धूल भरी आंधी और बारिश
राजस्थान में भी मानसूनी गतिविधियां धीरे-धीरे जोर पकड़ रही हैं. जयपुर, अजमेर, बीकानेर, उदयपुर, कोटा, अलवर और श्रीगंगानगर सहित कई जिलों में बारिश और तेज हवाओं की आशंका है. मौसम विभाग ने 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की हवा चलने की चेतावनी दी है. इन इलाकों में धूल भरी आंधी चलने की भी संभावना है, जो विजिबिलिटी पर असर डाल सकती है.
मध्य प्रदेश के कुछ जिलों में बारिश
मध्य प्रदेश के बेतूल, छिंदवाड़ा, विदिशा और खंडवा जिलों में भी बारिश की गतिविधियां शुरू होने की संभावना है. हालांकि विदर्भ और पूर्वी मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों में लू का असर अभी पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है, जिससे इन क्षेत्रों के लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है. उत्तर भारत, पूर्वी भारत और पहाड़ी राज्यों में बिजली गिरने की घटनाएं बढ़ने की आशंका के मद्देनजर लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट पर लगातार नजर रखने की सलाह दी गई है.













