घर पर इस तरीके से तैयार करें कुरकुरा पनीर साते, हर निवाले में मिलेगा बेहतरीन जायकाअमेरिकी ब्याज दरों में बढ़ोतरी की आशंका से लुढ़का बिटकॉइन, पेपे और वर्ल्डकॉइन में भारी गिरावटउत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 के लिए भाजपा का नया दांव, मेधा कुलकर्णी को सौंपी सह प्रभारी पद की कमानचुनाव आयोग की अंदरूनी प्रक्रिया पर उठे सवाल, शशि थरूर ने दस्तावेजी सबूतों के साथ मांगा 7 बिंदुओं पर जवाबपितृ पक्ष से शरद पूर्णिमा तक अश्विन माह की तिथियां और धार्मिक नियमबंगाल की खाड़ी का गहरा दबाव कलिंगपट्टनम तट से टकराया, ओडिशा और आंध्र में भारी बारिश की चेतावनीन्यायपालिका में जजों की नियुक्ति केवल जज करते हैं यह बात पूरी तरह भ्रम है, चुनाव आयुक्त मामले पर जस्टिस दीपांकर दत्ता की अहम रायमूलांक 9 राशिफल 24 सितंबर 2026: बातचीत में रखें नरमी और जल्दबाजी के फैसलों से बचेंहार्ट अटैक और डायबिटीज से बचाव के लिए जरूरी मेडिकल टेस्ट और हेल्थ पैरामीटर्सदिल्ली यूनिवर्सिटी के छात्रों को जापानी कंपनी में पेड इंटर्नशिप का मौका, 60 हजार रुपये तक मिलेगा स्टाइपेंड
उदयपुर के पुरानी मंडी में मन्नत वाले राजा का अनूठा रूप, 2.51 करोड़ रुपयों से सजा दरबारराजस्थान
24 सित॰ 2026, 10:17 am (19 मिनट पहले)· 0

उदयपुर के पुरानी मंडी में मन्नत वाले राजा का अनूठा रूप, 2.51 करोड़ रुपयों से सजा दरबार

उदयपुर की पुरानी मंडी में गणेश महोत्सव के दौरान मन्नत वाले राजा का भव्य दरबार 2 करोड़ 51 लाख रुपये के नोटों से सजाया गया है। बंगाल के कारीगरों द्वारा तैयार इस अनूठी सजावट को देखने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ रहे हैं।

देशभर में गणेश चतुर्थी और गणेश महोत्सव के उल्लास के बीच राजस्थान के उदयपुर शहर में बप्पा का एक बेहद अलौकिक और भव्य रूप भक्तों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। शहर की पुरानी मंडी स्थित प्रसिद्ध पंडाल में विराजे मन्नत वाले राजा के दरबार को इस वर्ष लगभग 2 करोड़ 51 लाख रुपए के असली करेंसी नोटों से भव्यता के साथ सजाया गया है। भगवान गणेश की प्रतिमा के मुकुट, माला और पृष्ठभूमि की झांकी तक नोटों की खूबसूरत कारीगरी से तैयार की गई है, जिसे देखने के लिए दूर-दराज से श्रद्धालुओं का भारी तांता लग रहा है।

कारीगरी की मिसाल बना नोटों का दरबार

पुरानी मंडी के इस पारंपरिक पंडाल में हर साल गणेश उत्सव के दौरान कुछ अनूठा और विशिष्ट करने की परंपरा रही है। इस बार आयोजकों ने पूरे दरबार को नोटों के अनोखे शृंगार से दिव्य रूप देने की योजना बनाई थी। भगवान गणेश की मुख्य प्रतिमा के आसपास का समूचा परिवेश, उनका विशाल मुकुट, गले की माला और पीछे की विस्तृत झांकी पूरी तरह भारतीय मुद्रा के नोटों से कलात्मक रूप से तैयार की गई है। दूर से देखने पर पूरा दरबार नोटों की चादर में लिपटा हुआ और जगमगाता नजर आता है, जिसने हर आने वाले श्रद्धालु को मंत्रमुग्ध कर दिया है।

ये भी पढ़ें

बंगाल के हुनरमंद कारीगरों ने रची यह कलाकृति

इस अनूठी सजावट को साकार करने के लिए विशेष रूप से बंगाल से कुशल कारीगरों को उदयपुर बुलाया गया था। कारीगरों ने कई दिनों तक लगातार बारीकी से मेहनत करते हुए नोटों को बिना किसी नुकसान के इस तरह व्यवस्थित किया कि पूरी झांकी एक भव्य कलात्मक स्वरूप में तब्दील हो गई। नोटों की परतों, मोड़ों और संयोजन से निर्मित इस शृंगार की जानकारी जैसे-जैसे शहर और आसपास के इलाकों में फैली, वैसे-वैसे पंडाल में दर्शनार्थियों की कतारें लंबी होती गईं। लोग न केवल श्रद्धापूर्वक शीश नवा रहे हैं, बल्कि इस दुर्लभ दृश्य को अपने मोबाइल कैमरों में भी सहेज रहे हैं।

पिछले साल के मुकाबले एक करोड़ रुपये अधिक की सजावट

आयोजन से जुड़े विवरण के अनुसार, पुरानी मंडी में स्थापित मन्नत वाले राजा के शृंगार का स्तर हर साल बढ़ाया जाता रहा है। बीते वर्ष भगवान गणेश का शृंगार करीब 1 करोड़ 51 लाख रुपए के नोटों से किया गया था। इस साल श्रद्धालुओं के उत्साह और आयोजन की भव्यता को विस्तार देते हुए यह राशि सीधे 2 करोड़ 51 लाख रुपए तक पहुंचा दी गई। पिछले वर्ष की तुलना में करीब 1 करोड़ रुपए अधिक मूल्य के नोटों का उपयोग इस बार किया गया है, जिसने इस पंडाल को वर्तमान उत्सव के दौरान उदयपुर का सबसे चर्चित धार्मिक स्थल बना दिया है।

सवाल-जवाब

उदयपुर के किस पंडाल में नोटों से भगवान गणेश का शृंगार किया गया है?
यह विशेष शृंगार उदयपुर के पुरानी मंडी क्षेत्र में स्थित मन्नत वाले राजा के पंडाल में किया गया है।
इस वर्ष मन्नत वाले राजा के दरबार को कितने रुपये के नोटों से सजाया गया है?
इस साल भगवान गणेश के दरबार, मुकुट और झांकी को लगभग 2 करोड़ 51 लाख रुपये के नोटों से सजाया गया है।
पिछले साल इस पंडाल में कितने नोटों का उपयोग किया गया था?
बीते वर्ष मन्नत वाले राजा का शृंगार करीब 1 करोड़ 51 लाख रुपये मूल्य के नोटों से किया गया था।
नोटों की इस अनूठी सजावट को किन कारीगरों ने तैयार किया है?
इस भव्य झांकी और कलात्मक शृंगार को तैयार करने के लिए बंगाल से कुशल कारीगरों को बुलाया गया था।
भगवान गणेश की किन-किन चीजों को नोटों से सजाया गया है?
भगवान गणेश की प्रतिमा के मुकुट, गले की माला और पीछे तैयार की गई संपूर्ण झांकी को नोटों से सजाया गया है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR
Chamar no WhatsApp