जापान के आईची-नागोया में आयोजित एशियन गेम्स 2026 में भारत की स्टार निशानेबाज मनु भाकर को 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में निराशा हाथ लगी है। पेरिस ओलंपिक में दो कांस्य पदक अपने नाम करने वाली 24 वर्षीय निशानेबाज व्यक्तिगत और टीम दोनों ही आयोजनों में पोडियम पर जगह बनाने से चूक गईं। व्यक्तिगत फाइनल में जगह बनाने के बाद पदक की उम्मीदें बंधी थीं, लेकिन कड़े मुकाबले में वह 181.1 अंकों के साथ पांचवें स्थान पर रहकर बाहर हो गईं। इससे पहले महिला टीम स्पर्धा में भी भारतीय दल पदक हासिल करने में सफल नहीं हो सका था।
10 मीटर एयर पिस्टल व्यक्तिगत फाइनल का रोमांच
व्यक्तिगत फाइनल मुकाबले में मनु भाकर ने सधी हुई शुरुआत की थी। शुरुआती दो सीरीज के बाद उनका स्कोर 100.3 अंक था और वह शीर्ष निशानेबाजों के साथ पदक की दौड़ में मजबूती से बनी हुई थीं। मुकाबले के आगे बढ़ने पर जब रेंज पर केवल पांच निशानेबाज बचे थे, तब मनु 181.1 के स्कोर के साथ एलिमिनेट हो गईं। इस स्पर्धा का स्वर्ण पदक दक्षिण कोरिया की चू गाउन ने एशियन गेम्स के नए रिकॉर्ड 246.3 स्कोर के साथ जीता। वहीं चीन की शेन यियाओ ने 241.3 अंकों के साथ रजत पदक हासिल किया और चीन की ही जियांग रैनक्सिन 221.6 अंकों के साथ कांस्य पदक जीतने में सफल रहीं।
क्वालीफाइंग दौर और टीम इवेंट का गणित
व्यक्तिगत स्पर्धा के क्वालीफाइंग दौर में मनु भाकर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 579 अंकों के साथ तीसरा स्थान हासिल कर फाइनल में प्रवेश किया था। टीम की अन्य सदस्यों में ईशा सिंह 572 अंकों के साथ 15वें स्थान पर रहीं और फाइनल कट से बाहर हो गईं, जबकि सुरुचि सिंह 568 के स्कोर के साथ 26वें पायदान पर रहीं। महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल टीम स्पर्धा में भारत बेहद करीबी अंतर से पदक से चूक गया। भारतीय टीम और वियतनाम दोनों का संयुक्त स्कोर 1719 अंक रहा, लेकिन इनर 10 यानी परफेक्ट 10 पर कम शॉट लगाने की वजह से भारतीय टीम चौथे स्थान पर खिसक गई और वियतनाम पदक ले गया।
महिला स्कीट टीम ने भारत को दिलाया छठा पदक
पिस्तौल स्पर्धा की निराशा के बीच बुधवार को भारत के लिए महिला स्कीट स्पर्धा से अच्छी खबर आई। रायजा ढिल्लों, माहेश्वरी चौहान और परिनाज धालीवाल की तिकड़ी ने 331 के संयुक्त स्कोर के साथ कांस्य पदक अपने नाम किया। यह इन एशियाई खेलों की निशानेबाजी प्रतियोगिता में भारत का छठा पदक बना। स्कीट स्पर्धा के नियमों के तहत हर शूटर को 125 में से अधिकतम अंक जुटाने होते हैं। परिनाज धालीवाल और रायजा ढिल्लों दोनों ने 125 में से 111-111 अंक जुटाए, जबकि माहेश्वरी चौहान ने 109 अंक हासिल कर टीम को पोडियम तक पहुंचाया। इसके साथ ही निशानेबाजी में भारत के खाते में चार रजत और दो कांस्य पदक दर्ज हो चुके हैं।
25 मीटर स्पोर्ट पिस्टल में वापसी का मौका
एशियन गेम्स में मनु भाकर का अभियान अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। उनके पास अपनी दूसरी पसंदीदा स्पर्धा में पदक हासिल करने का पूरा मौका रहेगा। वह 27 और 28 सितंबर को महिलाओं की 25 मीटर स्पोर्ट पिस्टल स्पर्धा में निशाना साधने उतरेंगी, जहाँ उनसे एक बार फिर मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद रहेगी।



















