न्यूयॉर्क के फ्लशिंग Meadows कोर्ट पर टेनिस का रोमांच चरम पर पहुंच चुका है, जहां इस साल के अंतिम ग्रैंड स्लैम टूर्नामेंट का खिताबी मुकाबला बेहद दिलचस्प समीकरण के साथ सामने आया है। एरिना सबालेंका इस बात से पूरी तरह वाकिफ हैं कि अमेरिकी ओपन का यह सफर समाप्त होने के बाद वह महिला टेनिस रैंकिंग के शीर्ष पर कायम नहीं रह पाएंगी। इसके बावजूद उनका पूरा ध्यान एलेना रायबाकिना को मात देकर इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में खिताबी हैट्रिक पूरी करने पर टिका हुआ है। दिलचस्प बात यह है कि एलेना रायबाकिना यदि खिताबी मुकाबले में पराजित भी हो जाती हैं, तब भी वह सोमवार को जारी होने वाली नई विश्व रैंकिंग में नंबर एक का ताज अपने सिर पर सजा लेंगी।
सेमीफाइनल मुकाबलों का रोमांचक सफर
टूर्नामेंट के खिताबी दौर तक पहुंचने के लिए दोनों खिलाड़ियों ने कड़ा संघर्ष किया है। एलेना रायबाकिना ने अपने सेमीफाइनल मुकाबले में कोको गॉफ को 3-6, 6-4, 6-4 से शिकस्त दी और महिला टेनिस की दो शीर्ष खिलाड़ियों के बीच होने वाले खिताबी टकराव का मार्ग प्रशस्त किया। वहीं दूसरी ओर, एरिना सबालेंका ने अपने मुकाबले में जेसिका पेगुला को 7-5, 6-2 से पराजित करके फाइनल में प्रवेश किया। पहले सेट में दोनों खिलाड़ियों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली थी, लेकिन एरिना सबालेंका ने दूसरा सेट बेहद आसानी से अपने नाम करते हुए अपनी श्रेष्ठता साबित कर दी थी।
रैंकिंग के फेरबदल और इतिहास रचने का मौका
मौजूदा समय में डब्ल्यूटीए रैंकिंग पर नजर डालें तो एरिना सबालेंका दुनिया की नंबर एक खिलाड़ी हैं और एलेना रायबाकिना दूसरे पायदान पर काबिज हैं। यह समीकरण तब भी बदल जाएगा जब शनिवार को होने वाले खिताबी मुकाबले में एरिना सबालेंका जीत दर्ज कर लेंगी। गौर करने वाली बात यह है कि एरिना सबालेंका पिछले 99 सप्ताह से लगातार इस सर्वोच्च पायदान पर अपनी बादशाहत बनाए हुए हैं। इस मुकाबले में जीत हासिल करके एरिना सबालेंका अमेरिकी ओपन के महिला वर्ग में साल 2012 से 2014 के बीच सेरेना विलियम्स द्वारा बनाई गई खिताबी हैट्रिक की खास उपलब्धि की बराबरी करने मैदान पर उतरेंगी।
मौजूदा सत्र का सफर और कड़ा संघर्ष
इस साल के शुरुआती ग्रैंड स्लैम यानी ऑस्ट्रेलियन ओपन के फाइनल में एलेना रायबाकिना ने एरिना सबालेंका को हराकर शानदार आगाज किया था। उसके बाद के मुकाबलों में एरिना सबालेंका का प्रदर्शन कुछ खास नहीं रहा, जिसका पूरा फायदा उठाते हुए एलेना रायबाकिना ने रैंकिंग में लगातार आगे बढ़ने का मौका पा लिया। महिलाओं का दूसरा सेमीफाइनल मुकाबला बेहद कांटे का रहा, जिसमें कोको गॉफ ने शुरुआती सेट आसानी से जीतने के बाद भी अंतिम दो सेटों में अपनी पूरी ताकत झोंक दी और वापसी की कोशिश की, लेकिन एलेना रायबाकिना ने उनके सारे प्रयासों को नाकाम कर दिया।
मैच के उतार-चढ़ाव और संघर्ष की दास्तां
मैच के दौरान कई उतार-चढ़ाव देखने को मिले। कोको गॉफ ने दूसरे सेट में 4-1 से पिछड़ने के बावजूद शानदार वापसी की और स्कोर को 4-4 की बराबरी पर ला खड़ा किया। हालांकि, एलेना रायबाकिना ने इसके तुरंत बाद लगातार दो गेम जीतकर मैच को निर्णायक सेट तक खींच लिया। तीसरे सेट में एक समय एलेना रायबाकिना 5-3 से बढ़त बनाए हुए थीं और मैच अपने नाम करने के लिए सर्विस कर रही थीं, लेकिन कोको गॉफ ने ब्रेक हासिल करके मुकाबले में बने रहने की कोशिश की, मगर वह अपनी सर्विस को बचाने में कामयाब नहीं हो पाईं। मुकाबले के बाद अपने मानसिक संघर्ष पर बात करते हुए एलेना रायबाकिना ने कहा कि उन्होंने लंबी सांस ली, खुद को सकारात्मक रखने की कोशिश की और खुद से यही कहा कि उन्हें हर हाल में लड़ना होगा और बेहतरीन टेनिस का प्रदर्शन करना होगा।



















