उत्तर प्रदेश के कन्नौज जिले से दिल दहला देने वाला सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है, जहां स्नातक की एक 19 साल की छात्रा की संदिग्ध हालात में जान चली गई। स्वजनों ने गंभीर इल्जाम लगाया है कि युवती को पहले अगवा करके एटा ले जाया गया, फिर जबरन चूहे मारने वाला विषैला पदार्थ खिलाकर छिबरामऊ के नजदीक सुनसान मार्ग पर बदहवास स्थिति में फेंक दिया गया। गंभीर दशा में युवती को तिर्वा स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज में दाखिल कराया गया था, जहां डॉक्टरों की तमाम कोशिशों के बाद भी सोमवार को उसने दम तोड़ दिया।
मार्कशीट लेने कॉलेज निकली थी छात्रा
सदर कोतवाली इलाके में रहने वाली मृतका 18 सितंबर को अपनी अंकतालिका हासिल करने के उद्देश्य से घर से रवाना हुई थी। शाम ढलने तक जब वह अपने घर नहीं लौटी, तो चिंतित घरवालों ने हर संभावित ठिकाने पर उसकी खोजबीन शुरू की। स्वजन सीधे कुसुमखोर पुलिस चौकी और फिर सदर कोतवाली पहुंचे ताकि गुमशुदगी दर्ज कराकर त्वरित मदद ली जा सके। पीड़ित परिवार का कहना है कि पुलिस महकमे ने आरंभिक शिकायत पर तत्परता नहीं दिखाई और कई दिनों तक कार्रवाई टालती रही।
छिबरामऊ के समीप लावारिस हालत में मिली
दो दिन बाद यानी 20 सितंबर की दोपहर को युवती छिबरामऊ के निकट सड़क के किनारे अचेत और अत्यंत नाजुक हालत में पाई गई। राहगीरों और स्वजनों ने फौरन उसे तिर्वा के मेडिकल कॉलेज पहुंचाया, जहां आपातकालीन वार्ड में गहन चिकित्सा शुरू की गई। हालांकि जहरीले रसायन का असर शरीर में बुरी तरह फैल चुका था, जिससे उसकी हालत लगातार बिगड़ती जा रही थी।
बयान में तीन लोगों पर लगाया आरोप
अस्पताल के बिस्तर पर जिंदगी और मौत से संघर्ष के दौरान युवती ने कथित रूप से एक वीडियो रिकॉर्ड किया। इस रिकॉर्डिंग में उसने अपने साथ घटित पूरे घटनाक्रम का विवरण दिया और अपने कथित प्रेमी, उसके बहनोई व भांजे पर अपहरण और जहर देने का सीधा आरोप लगाया। पीड़ित पक्ष का कहना है कि इन्हीं तीनों व्यक्तियों की मिलीभगत से यह खौफनाक साजिश रची गई और युवती को जान से मारने की नीयत से चूहेमार जहर खिलाकर सड़क किनारे छोड़ दिया गया।
सोमवार दोपहर उपचार के दौरान मौत
वीडियो सामने आने के कुछ ही घंटों बाद, सोमवार दोपहर लगभग 12 बजे उपचार के दौरान पीड़िता ने अंतिम सांस ली। छात्रा के निधन की सूचना मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया और स्वजन बदहवास हो गए। परिजनों ने आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार कर सख्त दंडात्मक कार्रवाई की मांग उठाई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मृतका के बयान वाले वीडियो और परिजनों के आरोपों की गहनता से पड़ताल की जा रही है। शव के पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट और फॉरेंसिक साक्ष्यों के आधार पर ही कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जाएगा।



















