उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले में एक ऐसा खौफनाक मामला सामने आया है जिसने हर किसी को हैरान कर दिया है। यहां अवैध संबंधों के शक और रंजिश के चलते एक नौकर ने अपने ही मालिक को मौत के घाट उतार दिया। इस साजिश में आरोपी नौकर ने न सिर्फ अपनी पत्नी के अफेयर का बदला लिया, बल्कि मृतक की गर्लफ्रेंड और उसके भाई को भी अपने नापाक मंसूबों में शामिल कर लिया। पुलिस ने इस सनसनीखेज वारदात का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य आरोपी की तलाश अभी भी तेजी से जारी है।
पार्टी के बहाने बुलाया और फिर काटा गला
प्राप्त जानकारी के मुताबिक यह पूरी घटना 25 जुलाई की है। पुलिस ने मंगलवार दोपहर साढ़े तीन बजे इस अंधे कत्ल से पर्दा उठाया। खैराबाद थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले इलाके में इस वारदात को अंजाम दिया गया था। मुख्य आरोपी राजेश उर्फ राजकुमार ने एक सोची-समझी साजिश के तहत भूपई यादव (42) को पार्टी करने के बहाने मिलने के लिए बुलाया। भूपई यादव बहूनगर का रहने वाला था और राजकुमार उसके ट्यूबवेल पर काम करता था। पार्टी के दौरान आरोपियों ने भूपई को जमकर शराब पिलाई और मौका पाकर उसे खेत में ले गए, जहां तीनों ने मिलकर उसकी जमकर पिटाई की। इसके बाद धारदार बांके से उसकी गर्दन काटकर अलग कर दी। मृतक की पहचान छिपाने के नापाक इरादे से हत्यारों ने उसका सिर घटनास्थल से करीब 200 मीटर की दूरी पर एक गड्ढा खोदकर जमीन में दफना दिया। इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल किया गया बांका और खून से सने कपड़े नजदीकी झाड़ियों में फेंक दिए गए।
अवैध संबंध और साजिश की पूरी दास्तान
इस खौफनाक कत्ल के पीछे की वजह अवैध संबंध बताए जा रहे हैं। भूपई यादव के संबंध राजकुमार की पत्नी के साथ थे। जब राजकुमार को इस बात की भनक लगी तो उसने अपनी पत्नी को काफी समझाया और उससे कहा कि वह भूपई से अपने सारे रिश्ते खत्म कर ले। इस बात को लेकर पति-पत्नी के बीच झगड़ा भी हुआ था। इसके बाद राजकुमार ने सीधे भूपई यादव से बातचीत की और उसे समझाने की कोशिश की। लेकिन भूपई अपनी जिद पर अड़ा रहा और उसने साफ कह दिया कि वह राजकुमार की पत्नी से प्यार करता है और महिला भी उसे बेहद पसंद करती है। भूपई की इस बेबाक और दुस्साहसिक बात ने राजकुमार के गुस्से की सारी हदें पार कर दीं और उसने उसी वक्त मालिक को रास्ते से हटाने की ठान ली।
गर्लफ्रेंड और उसके भाई को ऐसे मिलाया
बदले की आग में जल रहे राजकुमार ने इस हत्याकांड को अंजाम देने के लिए एक गहरा षड्यंत्र रचा। उसने सबसे पहले भूपई यादव की अपनी गर्लफ्रेंड शशि देवी से संपर्क किया और उसे इस पूरे प्लान में साझीदार बना लिया। शशि देवी इसलिए आसानी से मान गई क्योंकि उसे भी यह शक था कि भूपई अब उसे धोखा दे रहा है और किसी अन्य महिला के संपर्क में है। इसके बाद राजकुमार ने शशि देवी को 50 हजार रुपए की नकदी दी और उसके भाई रिंकू को भी इस खौफनाक साजिश का हिस्सा बना लिया। इस तरह से तीन लोगों ने मिलकर इस अंधे कत्ल की रूपरेखा तैयार की और उसे अंजाम दिया।
पुलिस की कार्रवाई और पुराना आपराधिक इतिहास
पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए इस मामले में शशि देवी और उसके भाई रिंकू को गिरफ्तार कर लिया है। एएसपी दक्षिणी दुर्गेश सिंह ने मामले का खुलासा करते हुए बताया कि आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने मृतक का कटा हुआ सिर, हत्या में इस्तेमाल किया गया बांका और खून से सने हुए कपड़े बरामद कर लिए हैं। पुलिस पूछताछ के दौरान एक और बेहद चौंकाने वाला सच सामने आया। साल 2014 में शशि देवी और खुद भूपई यादव पर शशि के पति गोविंद कुमार की हत्या का गंभीर आरोप लगा था। उस वक्त लखनऊ के बक्शी का तालाब थाने में इस सिलसिले में मुकदमा दर्ज किया गया था। उस पुराने मामले में शशि देवी कुछ समय पहले ही जमानत पर बाहर आई थी, जबकि भूपई यादव जेल से करीब दो साल पहले ही छूटकर बाहर आया था। एएसपी दुर्गेश सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। वहीं, इस हत्याकांड के मुख्य आरोपी राजेश उर्फ राजकुमार की धरपकड़ के लिए पुलिस की कई टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं और उसे भी जल्द ही गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया जाएगा।



















