उत्तर प्रदेश के लखनऊ रेंज में पुलिस ने गैर-जमानती वारंट वाले आरोपियों के खिलाफ बड़े पैमाने पर धरपकड़ अभियान चलाया है। लखीमपुर खीरी, सीतापुर, हरदोई, रायबरेली और उन्नाव, इन पांच जिलों को मिलाकर पुलिस ने कुल 307 वारंटी आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि 632 वारंटी आरोपियों के खिलाफ अलग-अलग स्तर पर कानूनी कार्रवाई पूरी की गई। जानिए हर जिले में पुलिस ने किस तरह यह अभियान चलाया और किन अधिकारियों की अगुवाई में यह कार्रवाई हुई।
लखीमपुर खीरी में 61 वारंटी गिरफ्तार, 16 ने किया सरेंडर
एसएसपी खीरी डॉ. ख्याति गर्ग की अगुवाई में गठित पुलिस टीमों ने कोर्ट से जारी गैर-जमानती वारंटों का पूरी तरह निपटारा करने के मकसद से तेज कार्रवाई की। इस अभियान के तहत 61 वारंटी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया, जबकि 16 आरोपी खुद अदालत में पेश हो गए। इसके साथ ही पुलिस ने 141 वारंटियों के घर तक समन पहुंचाया, ताकि वे तय समय पर अदालत में हाजिर हो सकें। इस तरह खीरी जिले में कुल 218 वारंटी आरोपियों के खिलाफ किसी न किसी रूप में कार्रवाई पूरी की गई।
सीतापुर में 70 गिरफ्तारियां, 15 वारंटियों की मौत का खुलासा
पुलिस अधीक्षक सीतापुर के नेतृत्व में वांछित और वारंटी आरोपियों के खिलाफ चलाए गए अभियान में पुलिस ने 70 आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस दौरान 21 आरोपी खुद अदालत में हाजिर हुए और 61 वारंटियों को समन तामील कराया गया। पड़ताल के दौरान पुलिस को 15 ऐसे मामले भी मिले, जिनमें वारंट जारी होने के बाद संबंधित आरोपी की पहले ही मौत हो चुकी थी। इन मामलों को रिकॉर्ड में दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
हरदोई में 60 गिरफ्तार, 13 वारंटियों की मौत सामने आई
हरदोई के पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा की अगुवाई में चले विशेष अभियान में पुलिस ने 60 वारंटी आरोपियों को पकड़ा। इस दौरान 28 आरोपी खुद अदालत में पेश हुए, जबकि 4 वारंटियों को समन तामील कराया गया। जांच में यह भी सामने आया कि 13 वारंटियों की पहले ही मौत हो चुकी थी, जिसके चलते उनके खिलाफ जारी वारंट निरस्त करने की प्रक्रिया शुरू की गई।
उन्नाव में 53 और रायबरेली में 63 वारंटी दबोचे गए
उन्नाव के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जयप्रकाश सिंह के नेतृत्व में चले अभियान में पुलिस ने 53 वांछित और वारंटी आरोपियों को गिरफ्तार किया, जबकि 21 आरोपी खुद अदालत में हाजिर हुए या उन्होंने सरेंडर कर दिया। वहीं रायबरेली के पुलिस अधीक्षक रवि कुमार की अगुवाई में चले अभियान में पुलिस ने 63 वारंटियों को गिरफ्तार किया। यहां 1 आरोपी खुद अदालत पहुंचा, जबकि जांच में 4 वारंटियों की मौत होने का मामला भी सामने आया।
कानपुर में भी हाल में हुई थी सख्त कार्रवाई
इससे पहले कानपुर में पुलिस पर पथराव किए जाने के बाद भी पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए लेखपाल समेत 7 लोगों को गिरफ्तार किया था।
अभियान के पीछे का मकसद
लखनऊ रेंज के इन पांचों जिलों में पुलिस अधिकारियों ने साफ किया है कि यह अभियान अदालतों में लंबित गैर-जमानती वारंटों के शत-प्रतिशत निस्तारण के लक्ष्य के तहत चलाया जा रहा है, ताकि वांछित आरोपी लंबे समय तक कानून से बचकर न घूम सकें और अदालती कार्यवाही में देरी न हो।























