देश की राजधानी के चाणक्यपुरी इलाके में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहाँ एक माँ अपने ही नाबालिग बेटे को नशीले पदार्थों की तस्करी में धकेल रही थी। स्थानीय पुलिस ने संजय कैंप बस्ती से इस महिला को दबोचा है। उस पर आरोप है कि वह पुलिस और आसपास के लोगों की नजरों से बचने के लिए अपने कम उम्र बच्चे के हाथों अवैध गांजे की सप्लाई और बिक्री करवा रही थी। पुलिस दल ने बच्चे और उसकी माँ दोनों की तलाशी लेकर कुल 43 पुड़िया गांजा अपने कब्जे में लिया है।
गश्त के दौरान पकड़ा गया नाबालिग
यह पूरी कार्रवाई 28 सितंबर की शाम को अंजाम दी गई। करीब शाम 7 बजे चाणक्यपुरी थाने की एक गश्ती टीम संजय कैंप क्षेत्र में कानून-व्यवस्था की निगरानी कर रही थी। उसी समय पुलिसकर्मियों की नजर सड़क किनारे संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त एक नाबालिग लड़के पर पड़ी। उसके हाव-भाव और गतिविधियों को देखकर पुलिस को शक हुआ। बच्चे के पास छोटी-छोटी कई पॉलीथिन की थैलियां दिखाई दे रही थीं। पुलिसकर्मियों ने जब बच्चे को रोककर उसकी तलाशी ली, तो उसके पास से 6 पुड़िया मिलीं, जिनमें पहली नजर में गांजा होने का अंदेशा जताया गया।
पूछताछ में खुला माँ की करतूत का राज
नाबालिग लड़के से जब पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पूछताछ की, तो उसने चौंकाने वाला सच उजागर किया। बच्चे ने साफ बताया कि ये सभी पुड़िया उसकी माँ ने उसे ग्राहकों को बेचने और पहुँचाने के लिए थमाई थीं। बच्चे के इस बयान के बाद पुलिस टीम तुरंत हरकत में आई। बच्चे ने जिस स्थान की ओर इशारा किया, टीम ने फौरन दबिश देकर उसकी माँ को हिरासत में ले लिया। मौके पर ही महिला से कड़े तेवर में पूछताछ शुरू की गई।
आरोपी की पहचान और 37 अतिरिक्त पैकेट बरामद
पुलिस पूछताछ और जांच में आरोपी महिला की पहचान 39 वर्षीय पिंकी के रूप में हुई है, जो एनाजमुल हक की पत्नी है और संजय कैंप, चाणक्यपुरी में ही रहती है। पुलिस ने जब पिंकी की व्यक्तिगत तलाशी ली, तो उसके पास से गांजे की 37 और पुड़िया बरामद हुईं। इस प्रकार बच्चे से मिली 6 पुड़िया और महिला के पास से जब्त 37 पुड़िया मिलाकर कुल 43 पुड़िया गांजा बरामद कर सील कर दिया गया। प्रयोगशाला स्तर पर नशीले पदार्थ की पुष्टि होने के बाद पूरी सामग्री को कानूनी प्रक्रिया के तहत जब्त कर लिया गया।
इस साल तीसरी बार गिरफ्तार हुई आरोपी
जांच पड़ताल में यह तथ्य भी सामने आया कि पिंकी कोई पहली बार इस अवैध धंधे में शामिल नहीं हुई है। उसका आपराधिक रिकॉर्ड खंगालने पर पता चला कि वह पहले भी नशीले पदार्थों से जुड़े दो अलग-अलग मामलों में संलिप्त रही है। चालू वर्ष के भीतर ही नशीले पदार्थों की तस्करी के सिलसिले में यह उसकी तीसरी गिरफ्तारी दर्ज की गई है, जो इस बात को रेखांकित करता है कि वह बार-बार इसी गैरकानूनी रास्ते पर लौट रही थी।
नेटवर्क और सोर्स का पता लगाने में जुटी पुलिस
इस पूरे मामले में चाणक्यपुरी थाना पुलिस ने आरोपी पिंकी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट यानी नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस एक्ट के साथ-साथ जुवेनाइल जस्टिस एक्ट की गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। बच्चे का इस्तेमाल आपराधिक गतिविधि में कराने को लेकर जुवेनाइल जस्टिस कानून के कड़े प्रावधान लागू किए गए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि महिला गांजे की यह खेप कहाँ से लाती थी, उसका मुख्य सप्लायर कौन है और इस अवैध रैकेट में अन्य कौन-कौन से चेहरे पर्दे के पीछे काम कर रहे हैं।



















