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आदित्यपुर के इमली चौक पर ₹50 में मिलती है झारखंड की यह लाजवाब आदिवासी चिकन डिशखानपान
1 जुल॰ 2026, 7:04 am (120 दिन पहले)· 4

आदित्यपुर के इमली चौक पर ₹50 में मिलती है झारखंड की यह लाजवाब आदिवासी चिकन डिश

झारखंड के आदिवासी समाज का पारंपरिक व्यंजन पोड़म झिल्लु चिकन इन दिनों तेज़ी से मशहूर हो रहा है। साल के पत्तों में लपेटकर धीमी आंच पर सेंका जाने वाला यह चिकन महज ₹50 प्रति प्लेट में आदित्यपुर के इमली चौक पर मिलता है, जिसमें करीब 150 ग्राम चिकन होता है।

झारखंड की पहचान सिर्फ खनिज संपदा या घने जंगलों तक सीमित नहीं है। यह राज्य अपनी आदिवासी संस्कृति और उनसे जुड़ी पाक परंपराओं के लिए भी देशभर में जाना जाता है। यहां के ग्रामीण और जनजातीय इलाकों में आज भी ऐसे व्यंजन बनाए जाते हैं जो पीढ़ियों से चले आ रहे हैं और जिनमें प्रकृति की महक बसी हुई है। इन्हीं में से एक है पोड़म झिल्लु चिकन, जो इन दिनों जमशेदपुर और उसके आसपास के इलाकों में खूब चर्चा बटोर रहा है।

क्या है पोड़म झिल्लु चिकन

पोड़म झिल्लु चिकन झारखंड के आदिवासी समाज की पारंपरिक पाक कला का एक जीवंत उदाहरण है। यह कोई आम तेल-मसाले वाला चिकन नहीं है। इसे पूरी तरह प्राकृतिक तरीके से तैयार किया जाता है, जिसमें न तो अत्यधिक तेल का उपयोग होता है और न ही भारी मसालों की जरूरत पड़ती है। इस विधि से पकाने पर चिकन में मौजूद पोषक तत्व काफी हद तक सुरक्षित बने रहते हैं, यही वजह है कि इसे स्वादिष्ट होने के साथ-साथ स्वास्थ्यवर्धक भी माना जाता है।

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बनाने की विधि

विकास सोरेन बताते हैं कि इस व्यंजन को बनाने की शुरुआत चिकन को अच्छी तरह साफ करने और धोने से होती है। इसके बाद चिकन में कटा हुआ कच्चा प्याज, टमाटर, हरी मिर्च, थोड़ा सरसों का तेल और आवश्यक मसाले डालकर सब कुछ अच्छी तरह मिलाया जाता है। फिर इस पूरे मिश्रण को कुछ देर के लिए मैरिनेट होने के लिए छोड़ दिया जाता है, ताकि मसालों का जायका चिकन के भीतर तक अच्छी तरह समा सके।

मैरिनेशन पूरा होने के बाद इस चिकन को साल के पत्तों में बड़ी सावधानी से लपेटा जाता है। साल के पत्ते इस व्यंजन को एक खास महक और अनोखा जायका देते हैं, जो इसे बाकी चिकन व्यंजनों से बिल्कुल अलग बना देता है। इसके बाद पत्तों में लिपटे चिकन को धीमी आंच पर करीब 15 से 20 मिनट तक सेंका जाता है। आग की धीमी गर्मी और साल के पत्तों की प्राकृतिक खुशबू मिलकर चिकन को एक ऐसा अनोखा स्वाद देती हैं, जो न तंदूर में मिलता है और न किसी रेस्तरां की किसी भी रेसिपी में।

कम तेल, बेमिसाल स्वाद

जब चिकन पूरी तरह पक जाता है तो उसे गर्मागर्म परोसा जाता है। इस व्यंजन की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसमें तेल और मसालों का इस्तेमाल बेहद सीमित रखा जाता है, जिससे चिकन का अपना प्राकृतिक स्वाद खुलकर सामने आता है। यही सादगी इसे खाने वाले हर शख्स को इसका दीवाना बना देती है, चाहे उसे स्वाद की परवाह हो या सेहत की।

कीमत और कहां मिलेगा

इस पौष्टिक और लाजवाब व्यंजन की कीमत महज ₹50 प्रति प्लेट है, जिसमें करीब 150 ग्राम चिकन दिया जाता है। कम दाम में इतना स्वादिष्ट और पौष्टिक भोजन मिलने की वजह से इसकी मांग लगातार बढ़ती जा रही है। जो लोग झारखंड की इस पारंपरिक आदिवासी विरासत का स्वाद लेना चाहते हैं, उनके लिए आदित्यपुर का इमली चौक सबसे सही जगह है।

पोड़म झिल्लु चिकन महज एक खाने की चीज नहीं है। यह झारखंड के आदिवासी समाज की सोच, उनकी जीवनशैली और प्रकृति से उनके गहरे जुड़ाव का प्रतीक है। यह व्यंजन यह भी बताता है कि बेहतरीन स्वाद के लिए हमेशा महंगे मसालों या जटिल तरीकों की जरूरत नहीं होती, कभी-कभी प्रकृति के पत्ते भी सबसे बढ़िया काम कर जाते हैं।

सवाल-जवाब

पोड़म झिल्लु चिकन क्या होता है?
यह झारखंड के आदिवासी समाज का एक पारंपरिक व्यंजन है, जिसे साल के पत्तों में लपेटकर धीमी आंच पर सेंककर तैयार किया जाता है।
पोड़म झिल्लु चिकन कैसे बनाया जाता है?
चिकन को प्याज, टमाटर, हरी मिर्च, सरसों का तेल और मसालों के साथ मैरिनेट करके साल के पत्तों में लपेटा जाता है और फिर 15 से 20 मिनट तक धीमी आंच पर सेंका जाता है।
इस व्यंजन की कीमत कितनी है?
पोड़म झिल्लु चिकन की कीमत ₹50 प्रति प्लेट है, जिसमें करीब 150 ग्राम चिकन होता है।
यह व्यंजन कहां मिलता है?
यह व्यंजन जमशेदपुर के पास आदित्यपुर के इमली चौक पर मिलता है।
साल के पत्तों का इस व्यंजन में क्या महत्व है?
साल के पत्ते चिकन को एक खास प्राकृतिक महक और अनोखा स्वाद देते हैं, जो इसे बाकी चिकन व्यंजनों से एकदम अलग बना देता है।
क्या यह व्यंजन स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद है?
हां, इसमें तेल और मसालों का उपयोग बेहद कम होता है, जिससे चिकन के पोषक तत्व काफी हद तक सुरक्षित रहते हैं और इसे स्वास्थ्यवर्धक माना जाता है।
इसे पकाने में कितना समय लगता है?
मैरिनेशन के बाद साल के पत्तों में लपेटे हुए चिकन को धीमी आंच पर करीब 15 से 20 मिनट तक सेंका जाता है।
इस व्यंजन के बारे में जानकारी किसने दी?
विकास सोरेन ने पोड़म झिल्लु चिकन बनाने की विधि के बारे में जानकारी साझा की।
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