बारिश का मौसम शुरू होते ही घर में गरम चाय के साथ कुछ चटपटा और कुरकुरा खाने की तलब हो ही जाती है। ऐसे में रोज-रोज आलू, प्याज या पालक के पकौड़े खाने की बजाय अगर कुछ नया ट्राई करना हो, तो अरबी के पत्तों के पकोड़े एक बेहतरीन विकल्प साबित हो सकते हैं। यह डिश अलग-अलग राज्यों में अलग-अलग नामों से बनाई और पहचानी जाती है, लेकिन इसका स्वाद हर जगह लोगों को उतना ही पसंद आता है। बाहर से कुरकुरी और अंदर से मसालेदार परतों वाली यह डिश शाम की चाय के साथ परोसी जाए तो महफिल का मजा दोगुना हो जाता है।
किन चीजों की पड़ेगी जरूरत
इस डिश को बनाने के लिए सबसे पहले एक बर्तन में बेसन, चावल का आटा, हल्दी, लाल मिर्च, धनिया पाउडर, अजवाइन, जीरा, हींग और नमक डालकर अच्छी तरह मिला लें। इसके बाद इस सूखे मिश्रण में इमली का गूदा या नींबू का रस मिलाया जाता है, जो पकोड़ों को हल्का खट्टापन देता है। अब इसमें थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए एक गाढ़ा घोल तैयार करें। यहां एक बात का खास ध्यान रखना जरूरी है कि यह घोल न तो बहुत पतला हो और न ही बहुत ज्यादा गाढ़ा, वरना यह अरबी के पत्तों पर ठीक से नहीं चिपकेगा और रोल बनाते समय दिक्कत आ सकती है।
पत्तों को तैयार करने का तरीका
बैटर तैयार होने के बाद बारी आती है अरबी के पत्तों को तैयार करने की। इसके लिए पत्तों को पानी से अच्छी तरह धोकर पूरी तरह सुखा लें, ताकि उन पर नमी न रह जाए। अगर किसी पत्ते की डंठल या बीच की नस बहुत मोटी हो, तो चाकू की मदद से उसे हल्के हाथ से समतल कर लेना चाहिए। ऐसा करने से पत्ते आसानी से मुड़ जाते हैं और रोल बनाते वक्त फटते नहीं हैं।
रोल बनाने और स्टीम करने की विधि
अब एक साफ जगह पर एक पत्ता बिछाएं और उस पर तैयार बेसन का मिश्रण एक समान परत में फैलाएं। इसके ऊपर दूसरा पत्ता रखकर फिर से मिश्रण की परत लगाएं। इस प्रक्रिया को तीन से चार पत्तों तक दोहराया जाता है, जिससे रोल में अच्छी मोटाई और कई परतें बन जाती हैं। इसके बाद सभी पत्तों को साथ में लेकर धीरे-धीरे मगर कसकर रोल का आकार दें, ताकि तलते या काटते समय यह खुल न जाए। तैयार रोल को पहले 15 से 20 मिनट तक स्टीम करना होता है, जिससे अंदर का बेसन और अरबी के पत्ते अच्छी तरह पक जाएं। स्टीम करने के बाद रोल को थोड़ी देर ठंडा होने दें और फिर इसे आधा से एक इंच मोटे गोल टुकड़ों में काट लें।
तलने और परोसने का तरीका
अब एक कड़ाही में तेल गर्म करें और कटे हुए टुकड़ों को मध्यम आंच पर तब तक तलें, जब तक वे सुनहरे और कुरकुरे न हो जाएं। जिन लोगों को कम तेल में खाना पसंद है, वे इन्हें हल्के तेल में शैलो फ्राई भी कर सकते हैं, इससे स्वाद में ज्यादा फर्क नहीं पड़ता। गरमागरम अरबी के पत्तों के पकोड़ों को हरी धनिया की चटनी, इमली की मीठी चटनी या टमाटर सॉस के साथ परोसा जा सकता है। अगर साथ में अदरक वाली कड़क चाय हो, तो इस स्नैक का स्वाद और भी बढ़ जाता है। बारिश के मौसम में यह पारंपरिक डिश घर के सदस्यों से लेकर मेहमानों तक, सभी को पसंद आने वाली है।











