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त्योहारों पर घर पर बनाएं हलवाई जैसे दानेदार मोतीचूर के लड्डू, जानें आसान तरीकाखानपान
8 नव॰ 2026, 4:24 am (3 मिनट पहले)· 0

त्योहारों पर घर पर बनाएं हलवाई जैसे दानेदार मोतीचूर के लड्डू, जानें आसान तरीका

धनतेरस और दिवाली के खास मौके पर बाजार की मिलावटी मिठाइयों से दूर रहें और अपने किचन में ही आसानी से तैयार करें स्वादिष्ट मोतीचूर के लड्डू।

धनतेरस के पावन पर्व के साथ ही रोशनी और खुशियों के इस बड़े त्योहार की शुरुआत हो चुकी है। इस दौरान हर घर में रौनक के साथ लजीज पकवानों और मिठाइयों की महक फैल जाती है। पारंपरिक रूप से इस मौके पर घरों में देवी लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा की जाती है, जिसके लिए विशेष रूप से मोतीचूर के लड्डू लाए जाते हैं। हालांकि आज के समय में बाजार में मिलने वाली हर एक चीज में मिलावट की आशंका बनी रहती है। ऐसे में मिलावटी सामान से बचने और अपने परिवार की सेहत का ख्याल रखने के लिए आप बिल्कुल हलवाई जैसे दानेदार लड्डू घर पर ही तैयार कर सकते हैं। इसे बनाना बेहद आसान है और इसकी पूरी विधि यहां साझा की गई है।

आवश्यक सामग्री

घर पर दानेदार मोतीचूर के लड्डू बनाने के लिए आपको कुछ खास चीजों की जरूरत होगी। इनमें मुख्य सामग्री के तौर पर 2 कप बारीक पिसा हुआ बेसन, 2 कप चीनी और 1 कप पानी शामिल हैं। इसके अलावा बूंदी तलने के लिए पर्याप्त मात्रा में देसी घी या रिफाइंड ऑयल की आवश्यकता होगी।

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चाशनी को साफ करने के लिए 1 बड़ा चम्मच दूध, फ्लेवर और रंग के लिए 10-12 केसर के धागे, 2 चुटकी ऑरेंज या पीला फूड कलर, तथा 1 छोटा चम्मच हरी इलायची पाउडर लें। इसके साथ ही स्वाद और सजावट के लिए 2 बड़े चम्मच मगज यानी खरबूजे के बीज और चाशनी को क्रिस्टलाइज होने से बचाने के लिए नींबू के रस की कुछ बूंदें भी पास रख लें।

बनाने की पूरी विधि

सबसे पहले एक बड़े बर्तन में बेसन को अच्छी तरह छान लें। अब इसमें थोड़ा-थोड़ा पानी मिलाते हुए एक चिकना और हल्का गाढ़ा घोल तैयार कर लें, ताकि इसमें किसी भी तरह की गांठे न रहें। इस तैयार घोल को 10 मिनट के लिए ढंककर रख दें। इसके बाद एक कढ़ाई में मध्यम आंच पर घी या तेल गर्म करें।

बूंदी तैयार करने के लिए बारीक छेद वाले झारे या छलनी का इस्तेमाल करें। झारे को कढ़ाई से थोड़ा ऊपर पकड़कर उस पर बेसन का घोल डालें, जिससे बूंदें सीधे तेल में गिरकर गोल-गोल बूंदी बन जाएं। ध्यान रखें कि बूंदी को बहुत ज्यादा कड़ा नहीं करना है, बल्कि हल्का सुनहरा होने से ठीक पहले ही तेल से बाहर निकाल लेना है।

चाशनी तैयार करने और लड्डू बांधने का तरीका

अब एक दूसरे पैन में चीनी और पानी को आपस में मिलाकर मध्यम आंच पर उबालें। जब चीनी पूरी तरह घुल जाए, तो इसमें एक चम्मच दूध मिला दें ताकि चाशनी की सारी गंदगी झाग के रूप में ऊपर आ जाए और उसे चम्मच से आसानी से हटाया जा सके। इसके बाद इसमें इलायची पाउडर, केसर, फूड कलर और नींबू के रस की कुछ बूंदें डाल दें। इस चाशनी को एक या दो तार की चाशनी नहीं बनाना है, बल्कि इसे केवल चिपचिपा तैयार करना है।

अब तली हुई गर्म बूंदी को हल्की गर्म चाशनी में डाल दें और साथ ही मगज के बीज भी मिला दें। इसके बाद कढ़ाई को ढंककर 1 से 2 घंटे के लिए छोड़ दें, ताकि बूंदी चाशनी को अच्छी तरह सोख ले और नरम व दानेदार हो जाए। जब मिश्रण हल्का ठंडा हो जाए और हाथ से छूने लायक रहे, तो हथेलियों पर थोड़ा पानी या घी लगाकर अपनी पसंद के आकार के गोल-गोल लड्डू बांध लें। इन पर चांदी का वर्क लगाकर लक्ष्मी गणेश की पूजा में इस्तेमाल करें और इस स्वादिष्ट मिठाई का आनंद लें।

सवाल-जवाब

मोतीचूर के लड्डू बनाने के लिए मुख्य सामग्री क्या है?
इसके लिए बारीक पिसा हुआ बेसन, चीनी, पानी और घी या तेल की आवश्यकता होती है।
चाशनी को साफ करने के लिए किसका इस्तेमाल किया जाता है?
चाशनी में एक बड़ा चम्मच दूध मिलाकर उसकी गंदगी को ऊपर लाकर हटाया जाता है।
बूंदी की चाशनी किस तरह की होनी चाहिए?
चाशनी को एक या दो तार की नहीं, बल्कि केवल चिपचिपा तैयार किया जाना चाहिए।
बूंदी को चाशनी में कितने समय के लिए रखना चाहिए?
बूंदी को चाशनी में 1 से 2 घंटे के लिए ढंककर रखना चाहिए ताकि वह अच्छी तरह सोख ले।
लड्डू बनाते समय किन बीजों का उपयोग किया जाता है?
इसमें स्वाद और सजावट के लिए मगज यानी खरबूजे के बीजों का उपयोग किया जाता है।
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