सामान्य तौर पर घरों में सूजी को भूनकर उसमें पानी डालकर उपमा तैयार किया जाता है, लेकिन कई बार यह प्रक्रिया सही न होने पर चिपचिपा हो जाता है। इस पारंपरिक रेसिपी में थोड़ा सा बदलाव करके इसे बेहद स्वादिष्ट और रेस्टोरेंट जैसा रूप दिया जा सकता है। इसके लिए सबसे पहले कुछ ताजी सब्जियों की आवश्यकता होती है, जिनमें फूलगोभी, प्याज और हरी मिर्च को बारीक काटकर एक तरफ रख लेना चाहिए।
तड़के और सब्जियों की तैयारी
एक कढ़ाई में दो चम्मच तेल गरम करके उसमें राई और तेजपत्ता डालना होता है। फोरेन के चटकने पर इसमें कढ़ी पत्ता भी मिलाया जा सकता है, और अगर कढ़ी पत्ता उपलब्ध न हो तो केवल तेजपत्ते से भी काम चलाया जा सकता है। इसके बाद कटी हुई सब्जियों को कढ़ाई में डालकर अच्छी तरह गोल्डन ब्राउन होने तक भुना जाता है। जब सब्जियां सुनहरी हो जाएं, तो स्वाद के अनुसार नमक मिलाया जाता है और फिर इसमें डेढ़ बड़ा गिलास दूध डाला जाता है।
सूजी को भूनने का सही तरीका
जब तक दूध में उबाल आ रहा हो, तब तक दूसरी तरफ एक अलग कढ़ाई में अपनी आवश्यकतानुसार सूजी लेकर उसे हल्का सा भून लेना चाहिए। इस बात का विशेष ध्यान रखना है कि सूजी को बहुत ज्यादा लाल या गोल्डन फ्राई नहीं करना है, बल्कि केवल एक से दो मिनट तक ही भूनना है ताकि उसका रंग सफेद ही बना रहे।
दूध में सूजी मिलाने की प्रक्रिया
जब दूध अच्छी तरह से खौलने लगे, तब भुनी हुई सूजी को धीरे-धीरे डालते हुए लगातार चलाते रहना चाहिए ताकि गांठें न पड़ें। इस चरण में एक चम्मच घी भी मिला दिया जाता है, जिससे स्वाद और खुशबू दोनों बढ़ जाते हैं। लगातार चलाते रहने से उपमा एकदम दरदरा और बाजार जैसा दिखने लगता है।
अंतिम चरण और परोसने की विधि
अब इसे एक से दो मिनट के लिए और पकाएं ताकि यह गीले हलवे जैसा न लगे और खाने में बेहद स्वादिष्ट महसूस हो। अंत में इसके ऊपर से फ्राई की हुई मूंगफली मिला दी जाती है, जिससे इसका क्रंच और बढ़ जाता है। अब यह शानदार और खिला-खिला उपमा खाने के लिए पूरी तरह तैयार है।

















