मधुबनी का नाम आते ही सबसे पहले मखाना का जिक्र छिड़ जाता है। यहाँ के खानपान में मखाना खीर का एक खास स्थान है जो अपनी पारंपरिक शैली के लिए जानी जाती है। इस रेसिपी की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसे बनाना बेहद आसान है और इसके स्वाद का कोई मुकाबला नहीं है। इसे तैयार करने में न तो बहुत अधिक समय लगता है और न ही ज्यादा मशक्कत करनी पड़ती है। विशेषज्ञों और स्थानीय लोगों का मानना है कि मखाने को मूसल में कूटकर तैयार करने से इसका स्वाद कई गुना बढ़ जाता है, जबकि मिक्सी में पीसने पर वह बात नहीं रहती जो पारंपरिक तरीके में मिलती है। कूटने की वजह से दूध में बहुत कम समय में रबड़ी जैसा गाढ़ापन आ जाता है और खीर को घंटों तक पकाने की जरूरत नहीं पड़ती है।
मिथिलांचल की शान और जीआई टैग प्राप्त मखाना
मिथिलांचल क्षेत्र में मखाना, पान और मछली की अपनी अलग ही पहचान और लोकप्रियता है। खास बात यह है कि मखाना यहाँ के तालाबों में ही पैदा होता है और इसे जीआई टैग भी मिल चुका है। इसी मखाने से यहाँ की पारंपरिक मीठी डिश यानी मखाना खीर बनाई जाती है। स्थानीय निवासी कृति बताती हैं कि इस पारंपरिक डिश को बनाने का तरीका बेहद पुराना और खास है। चाहे घर में कोई मेहमान आ रहा हो या फिर किसी पूजा-पाठ का आयोजन हो, यह खीर हर खास मौके पर परोसी जाती है और सबसे अच्छी बात यह है कि यह झटपट मात्र 10 मिनट में बनकर तैयार हो जाती है।
पारंपरिक स्वाद के लिए हाथों की मेहनत
असली पारंपरिक स्वाद का आनंद लेने के लिए थोड़ा परिश्रम करना पड़ता है। हालांकि लोग अपनी सुविधा के अनुसार इसे अलग-अलग तरीकों से भी बनाते हैं, लेकिन इस क्षेत्र की पारंपरिक विधि आज भी सबसे ज्यादा पसंद की जाती है और इसका स्वाद सबसे अलग होता है। मिथिला स्टाइल में मखाना खीर बनाने की पूरी प्रक्रिया बहुत सरल है। शुरुआत में मखाने को शुद्ध घी में अच्छी तरह से भूना जाता है। भूनने के बाद जब यह थोड़ा ठंडा हो जाता है, तब इसे पारंपरिक मूसल और ओखली में डाला जाता है।
मूसल-ओखली में कूटने का महत्व
मखाने को मूसल और ओखली में कूटने से यह दरदरा हो जाता है, जो खीर के टेक्सचर को बेहतर बनाता है। यदि कोई अधिक मेहनत से बचना चाहे तो इसे मिक्सर जार में भी पीस सकता है, लेकिन मिक्सी में पीसने से मखाना बिल्कुल बारीक पाउडर बन जाता है, जिससे वह पारंपरिक दरदरापन और असली स्वाद गायब हो जाता है। इसलिए पारंपरिक तरीके से मूसल-ओखली में मखाने को दरदरा करने के बाद दूध को गर्म किया जाता है। इसके बाद उबलते हुए दूध में कुटे हुए मखाने को मिलाया जाता है।
खीर को गाढ़ा करने की विधि
मखाना मिलाने के बाद इसमें चीनी, खोवा और अपनी पसंद के अनुसार थोड़े से ड्राई फ्रूट्स मिलाए जाते हैं। बस इतना करते ही आपकी खीर मात्र 10 मिनट में पूरी तरह तैयार हो जाती है। जब यह ठंडी हो जाए तो आप इसे खुद भी खा सकते हैं और मेहमानों को भी परोस सकते हैं। इस तरीके से बनी खीर को खाने वाला हर कोई इसकी तारीफ करेगा और दोबारा मांगकर खाएगा।



















