छोटे बच्चों को हरी और पौष्टिक सब्जियां खिलाना अक्सर माता-पिता के लिए एक बड़ी चुनौती बन जाता है। खासकर चुकंदर जैसी सेहतमंद सब्जी को देखते ही बच्चे अक्सर खाने में नखरे दिखाने लगते हैं और थाली से दूरी बना लेते हैं। इसके विपरीत, आधुनिक खानपान में पास्ता और मैकरोनी ऐसे व्यंजन हैं जिन्हें बच्चे बेहद पसंद करते हैं और खुशी-खुशी खाते हैं। इसी बात को ध्यान में रखते हुए बिहार के रोहतास जिले में एक नया प्रयोग सामने आया है। स्थानीय उद्यमी कुमार ज्योति प्रकाश ने बच्चों की इसी आदत को समझकर सूजी और चुकंदर के मेल से एक विशेष पास्ता तैयार किया है, ताकि स्वाद के बहाने बच्चों के शरीर में जरूरी पोषक तत्व भी पहुंच सकें।
स्वाद के साथ सेहत का नया तालमेल
सामान्य तौर पर बाजार में मिलने वाले पास्ता से अलग यह उत्पाद बच्चों को सेहतमंद विकल्प देने के मकसद से बनाया गया है। टेस्टी चॉइस नाम के इस उपक्रम से जुड़े सेल्समैन हिमांशु कुमार के अनुसार, इस पास्ता को बनाने की प्रक्रिया पारंपरिक पास्ता की तरह ही रखी गई है, लेकिन इसकी मुख्य सामग्री में सूजी के साथ ताजे चुकंदर का इस्तेमाल किया जाता है। इस प्रयास का मुख्य उद्देश्य यह है कि बाजार में बच्चों के बीच पहले से बेहद लोकप्रिय भोजन को एक नए और स्वास्थ्यवर्धक रूप में पेश किया जाए, जिससे अभिभावकों को अपने बच्चों के पोषण को लेकर एक बेहतर और भरोसेमंद समाधान मिल सके।
करीब 40 लाख रुपये के निवेश से शुरू हुआ कारोबार
इस अनूठी खाद्य प्रसंस्करण इकाई को स्थापित करने के लिए लगभग 40 लाख रुपये का शुरुआती निवेश किया गया है। वर्तमान समय में इस निर्माण कार्य और पैकेजिंग से जुड़े लगभग 10 कर्मचारी कंपनी में प्रत्यक्ष रूप से काम कर रहे हैं। उत्पादन शुरू होने के बाद कंपनी ने तेजी से वितरण नेटवर्क का विस्तार किया है और अब तक औरंगाबाद, सासाराम और मोहनिया सहित कुल छह अलग-अलग स्थानों के बाजारों में अपनी पहुंच बना ली है। इन सभी शुरुआती बाजारों में ग्राहकों और परिवारों की तरफ से इस चुकंदर पास्ता को काफी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।
मुंडेश्वरी फेड फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी से जुड़े 750 किसान
कंपनी के चेयरमैन कुमार ज्योति प्रकाश ने इस पूरे मॉडल को एक व्यापक सोच के तहत खड़ा किया है। उन्होंने मुंडेश्वरी फेड फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड की स्थापना विशुद्ध रूप से एक किसान आधारित उपक्रम के रूप में की है। इस संस्थान का लक्ष्य सिर्फ बाजार के लिए नए खाद्य उत्पाद तैयार करना ही नहीं है, बल्कि ग्रामीण स्तर पर खेती करने वाले किसानों को एक संगठित और सुरक्षित व्यावसायिक व्यवस्था से जोड़ना भी है।
कुमार ज्योति प्रकाश के मुताबिक, इस पूरी पहल से जहां करीब 10 कर्मचारियों को नियमित रूप से प्रत्यक्ष रोजगार मिला हुआ है, वहीं लगभग 750 किसान अप्रत्यक्ष तौर पर कंपनी के साथ मिलकर काम कर रहे हैं। इस साझेदारी से स्थानीय स्तर पर आजीविका के नए मौके पैदा हो रहे हैं और क्षेत्रीय किसानों को अपनी उपज की सीधी खपत का लाभ मिल रहा है। कंपनी आने वाले दिनों में अपनी उत्पादन क्षमता और बाजार के दायरे को और अधिक बढ़ाने की योजना पर काम कर रही है।
बच्चों की आदतों से मिला नया विचार
इस नवाचार की शुरुआत के बारे में बताते हुए कुमार ज्योति प्रकाश ने साझा किया कि बच्चों की दैनिक खानपान की आदतों को बारीकी से देखने के बाद उन्हें यह विचार सूझा था। उन्होंने देखा कि अधिकांश बच्चे चुकंदर को सलाद या सब्जी के रूप में सीधे खाने में बिल्कुल रुचि नहीं लेते, लेकिन पास्ता और मैकरोनी जैसे व्यंजनों को देखते ही तुरंत खाने के लिए तैयार हो जाते हैं। ऐसे में उन्होंने सोचा कि क्यों न चुकंदर को सीधे उस भोजन में शामिल कर दिया जाए जिसे बच्चे सबसे अधिक पसंद करते हैं। इसी सोच ने सूजी और चुकंदर के मिश्रण से तैयार होने वाले इस नए उत्पाद को जन्म दिया, जिससे बच्चों को स्वाद के साथ चुकंदर के सारे पोषक तत्व आसानी से मिल रहे हैं।



















