मध्य प्रदेश के सतना शहर से सामने आई यह घटना किसी फिल्म की कहानी जैसी लगती है, मगर है पूरी तरह सच्ची और दिल को झकझोर देने वाली। प्रेम विहार कॉलोनी में रहने वाले नितिन यादव के घर पर बीते शुक्रवार की रात जब बदमाश बुरी नीयत से दाखिल हुए, तो उनके और परिवार के बीच एक नन्हा पहरेदार आ खड़ा हुआ। घर का पालतू पोमेरेनियन कुत्ता सीटू इस हमले की कीमत अपनी जान देकर चुका गया, लेकिन उसने एक बड़ी वारदात को होने से रोक दिया।
रात के अंधेरे में क्या हुआ
उस रात यादव परिवार रोज की तरह खाना खाकर सो चुका था। गर्मी का मौसम होने के कारण सीटू घर के बाहर गैलरी और बगिया वाले हिस्से में मौजूद था। रात करीब 12 बजे के बाद ताक में बैठे अज्ञात बदमाश बाउंड्री फांदकर घर में घुस आए। अनजान चेहरों को देखते ही सीटू ने जोर-जोर से भोंकना शुरू कर दिया। उसकी आवाज से नितिन यादव की नींद टूटी और उन्होंने उठकर तुरंत घर की बत्ती जला दी। रोशनी होते ही चोर घबराकर भाग निकले और सीटू की आवाज भी थम गई। नितिन को लगा कि शायद कोई बिल्ली या मामूली हलचल देखकर सीटू भोंक रहा था, इसलिए वे लाइट बुझाकर दोबारा सो गए। उन्हें भनक तक नहीं थी कि बाहर उनका वफादार साथी अपनी जिंदगी की आखिरी जंग लड़ रहा है।
सुबह सामने आया दर्दनाक मंजर
शनिवार की सुबह जब रामेश्वर विला में परिवार सोकर उठा, तो जो दृश्य सामने था उसने सबको हिला दिया। आंगन में रखे गमले टूटकर बिखरे पड़े थे और घर का लाडला सीटू बेजान जमीन पर पड़ा था। उसकी जीभ बाहर निकली हुई थी और उसके पैर तथा गर्दन पर धारदार हथियार के निशान थे। चोरी में नाकाम रहे बेरहम बदमाशों ने अपनी खीझ इस बेजुबान पर उतारी और रास्ते की रुकावट बने सीटू को दबोचकर धारदार हथियार से मौत के घाट उतार दिया। नितिन ने बताया कि यह पोमेरेनियन उन्होंने आज से 8-9 साल पहले राजेंद्र नगर से खरीदा था और समय के साथ वह घर का सदस्य बन गया था। उनके छोटे भाई जितिन ने बताया कि ठंड के दिनों में सीटू अंदर सोता था, मगर गर्मियों में उसे बाहर रहना ही पसंद था।
नशे का अड्डा और कैमरे की गड़बड़ी
इस घटना का एक बेहद गंभीर पहलू भी सामने आया है। यादव परिवार के घर के पास से ही रेलवे लाइन गुजरती है, जहां एक खाली ग्राउंड पड़ा है। यह ग्राउंड नजीराबाद और प्रेम विहार के नशेड़ियों का सबसे बड़ा ठिकाना बन चुका है। यहां दिन-रात नशेड़ियों का जमावड़ा लगा रहता है, जो नशा करने के साथ-साथ मोहल्ले के घरों की रेकी भी करते रहते हैं। चौंकाने वाली बात यह रही कि घर के मेन गेट पर लगे कैमरे चालू थे, लेकिन पीछे बगिया की तरफ का एक कैमरा खराब पड़ा था। बदमाशों ने ठीक उसी खराब कैमरे वाले हिस्से से घर में एंट्री की। परिवार को आशंका है कि इसमें किसी स्थानीय नशेड़ी की मिलीभगत हो सकती है, जिसने चोरों के गिरोह तक कैमरों और घर के कमजोर हिस्सों की पूरी जानकारी पहुंचाई होगी।
अब घर को बना रहे अभेद किला
प्रेम विहार कॉलोनी के इस हिस्से में पिछले डेढ़ महीने के भीतर यह चोरी का तीसरा प्रयास था। पहली दो बार पुलिस को जानकारी न देने के कारण बदमाशों के हौसले और बुलंद हो गए थे। अब इस दर्दनाक हादसे से सबक लेते हुए यादव परिवार अपने रामेश्वर विला को अभेद किला बनाने में जुट गया है। बाउंड्री वॉल की ऊंचाई बढ़ाई जा रही है और बगिया की दीवारों पर नुकीले कांच लगवाए जा रहे हैं। इसके साथ ही अतिरिक्त CCTV कैमरे और सायरन भी इंस्टॉल किए जा रहे हैं। परिवार अब एक नया कुत्ता भी लाने की तैयारी में है, जो थोड़ी खतरनाक नस्ल का हो ताकि भविष्य में ऐसी किसी चुनौती का मुकाबला कर सके। फिलहाल पुलिस CCTV फुटेज खंगाल रही है, जबकि स्थानीय लोगों ने नशे के इस अड्डे पर नियमित गश्त बढ़ाने की मांग की है।













