महाराष्ट्र के रायगढ़ जिले के खोपोली शहर में स्थित एक पेशवाकालीन शिव मंदिर से बड़ी चोरी की खबर सामने आई है। मंदिर में शिवलिंग पर स्थापित करीब 12 किलो वजनी चांदी का मुकुट अज्ञात चोर उड़ा ले गए। चोरी हुए मुकुट की कीमत लगभग 50 लाख रुपये आंकी जा रही है। इतनी कीमती और भारी चीज़ चोरी होने और चोरों के हौसले को देखकर इलाके के लोग हैरान हैं।
सीसीटीवी कैमरों के बावजूद वारदात को दिया अंजाम
इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि मंदिर परिसर में सुरक्षा के लिए सीसीटीवी कैमरे लगे हुए थे, फिर भी चोर बेखौफ होकर शिवलिंग तक पहुंचे और मुकुट निकालकर फरार हो गए। इतने ऐतिहासिक और आस्था से जुड़े मंदिर में इस तरह की वारदात होने से पूरे खोपोली शहर में सनसनी फैल गई है। खबर फैलते ही मंदिर में दर्शन के लिए आने वाले श्रद्धालुओं में गुस्सा और चिंता दोनों देखी जा रही है। कई लोगों ने मंदिर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। घटना की जानकारी मिलते ही खोपोली पुलिस थाने में मामला दर्ज कर लिया गया और जांच शुरू कर दी गई।
वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक के नेतृत्व में बनी विशेष टीम
चोरी की इस वारदात को सुलझाने के लिए वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक सचिन हिरे के मार्गदर्शन में एक विशेष जांच दल गठित किया गया है। यह टीम मंदिर परिसर के सीसीटीवी फुटेज खंगालने के साथ साथ तकनीकी सुरागों और अन्य सबूतों की मदद से आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। पुलिस का कहना है कि जांच युद्धस्तर पर चल रही है और चोरी के पीछे की असली वजह, चोरों की पहचान तथा चोरी हुए मुकुट को बरामद करने के लिए हर संभव कोशिश की जा रही है। अधिकारियों ने भरोसा जताया है कि इस सनसनीखेज मामले का जल्द ही खुलासा कर लिया जाएगा और दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
उधर राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में भी नया मोड़
इस बीच अयोध्या के राम मंदिर से जुड़े चढ़ावा चोरी मामले में भी बड़ा घटनाक्रम देखने को मिल रहा है। सोमवार को इस मामले की सुनवाई सुप्रीम कोर्ट में होनी है, जहां मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली तीन जजों की बेंच केस पर सुनवाई करेगी। इससे पहले चढ़ावा चोरी की जांच के लिए बनाई गई उत्तर प्रदेश सरकार की एसआईटी ने सुप्रीम कोर्ट में अपनी स्टेटस रिपोर्ट सीलबंद लिफाफे में सौंप दी है। दूसरी तरफ अयोध्या पुलिस ने इस मामले के मास्टरमाइंड रामशंकर यादव, जिसे टिन्नू यादव के नाम से भी जाना जाता है, और उसके भतीजे मनीष यादव से रिमांड के दौरान पूछताछ के बाद टिन्नू यादव की कार और बाइक जब्त कर ली है। पूछताछ में यह अहम जानकारी सामने आई कि टिन्नू के कहने पर ही मनीष यादव चोरी के रुपये बाथरूम में छिपाकर रखता था। अप्रैल 2026 में टिन्नू ने अपने भतीजे मनीष यादव को चढ़ावा गिनने की नौकरी पर लगवाया था और नौकरी मिलने के महीने भर के भीतर ही मनीष ने अविनाश शुक्ला के साथ मिलकर पहली बड़ी चोरी को अंजाम दे दिया था।




















