घरेलू इक्विटी बाजारों में बीते कई सत्रों से जारी गिरावट और बिकवाली के भारी दबाव पर आखिरकार बुधवार को ब्रेक लग गया। सुबह के शुरुआती सौदों में प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स मामूली बढ़त लेकर हरे निशान में टिकने में कामयाब रहे। प्रौद्योगिकी कंपनियों, सार्वजनिक क्षेत्र के ऋणदाताओं और तेल एवं गैस सेक्टर में ताजा खरीदारी निकलने से बाजार को जरूरी सहारा मिला। इस सुधारात्मक रुख के बीच सेंसेक्स 170 अंक से अधिक मजबूत हुआ, जबकि निफ्टी 22,720 के पार निकलने में सफल रहा। ब्रॉडर मार्केट में भी निवेशकों की धारणा बेहतर रही और मिडकैप तथा स्मॉलकैप दोनों बास्केट में 1% तक का उछाल दर्ज किया गया, जिससे खुदरा कारोबारियों में विश्वास लौटता नजर आया।
प्रारंभिक सत्र में प्रमुख सूचकांकों की स्थिति
सुबह करीब 09:25 बजे ट्रेडिंग टर्मिनल पर बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का 30 शेयरों वाला संवेदी सूचकांक सेंसेक्स 172.39 अंक यानी 0.24% की तेजी के साथ 72,701.46 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं दूसरी तरफ नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) का 50 शेयरों वाला मानक इंडेक्स निफ्टी 7.70 अंक की हल्की बढ़त लेकर 22,723.90 के आसपास बना हुआ था। प्रमुख आईटी कंपनियों टेक महिंद्रा और टीसीएस के साथ विमानन कंपनी इंडिगो के काउंटरों में आई मजबूती ने सूचकांकों को बढ़त बनाए रखने में मदद की।
प्रौद्योगिकी और सरकारी बैंक चमके, दवा कंपनियों पर दबाव
क्षेत्रवार रुझानों पर नजर डालें तो सॉफ्टवेयर सेवा प्रदाताओं और सरकारी वित्तीय संस्थानों ने इस कारोबारी बढ़त का नेतृत्व किया। निफ्टी आईटी इंडेक्स 1.28% उछलकर 28,023.45 पर पहुंच गया, जबकि सरकारी बैंकों में आक्रामक लिवाली लौटने से निफ्टी पीएसयू बैंक 1.29% की छलांग लगाकर 8,075.70 के स्तर पर पहुंच गया। रियल्टी क्षेत्र में 0.93% और ऊर्जा बास्केट में 0.87% की बढ़त देखी गई। सार्वजनिक उद्यमों के इंडेक्स पीएसई में 0.71% और बुनियादी ढांचा क्षेत्र यानी इंफ्रा में 0.46% का इजाफा दर्ज हुआ। इसके विपरीत, समूचे बाजार में हरियाली के बीच केवल फार्मास्यूटिकल सेक्टर कमजोर साबित हुआ और इसका सूचकांक 0.17% टूटकर लाल निशान में फिसल गया।
बाजार में आगे रहने वाले और पिछड़ने वाले प्रमुख शेयर
निफ्टी 50 के शेयरों में टेक महिंद्रा 2.55% चढ़कर ₹1,549.00 के भाव पर शीर्ष लाभार्थी बनकर उभरा। अन्य प्रमुख आईटी काउंटरों में टीसीएस 2.41% और एचसीएल टेक 1.96% की बढ़त लेकर कारोबार कर रहे थे। वहीं इंडिगो में 1.46%, ट्रेंट में 1.17% और आईसीआईसीआई बैंक में 1.10% की तेजी देखी गई। ऊर्जा क्षेत्र की दिग्गज रिलायंस इंडस्ट्रीज, गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी जियो फाइनेंस तथा सीमेंट निर्माता अल्ट्राटेक सीमेंट में भी लिवाली का रुख देखने को मिला।
इसके विपरीत अस्पतालों और दवा कंपनियों के शेयरों में भारी मुनाफावसूली का दौर देखा गया। मैक्स हेल्थ 4.73% का भारी नुकसान उठाकर शीर्ष लूजर बना, जबकि अपोलो हॉस्पिटल्स में 3.98% और डॉ. रेड्डीज में 2.12% की गिरावट आई। अडानी पोर्ट्स के शेयर 2.04% नीचे आ गए। बीमा कंपनियों में एचडीएफसी लाइफ 1.71% और एसबीआई लाइफ 1.68% फिसल गए। निजी क्षेत्र के सबसे बड़े बैंक एचडीएफसी बैंक और प्रमुख दवा निर्माता सन फार्मा में भी 1% से ज्यादा की कमजोरी दर्ज की गई।



















