मलेशियाई राजधानी कुआलालंपुर से केरल स्थित कोच्चि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की ओर आ रही बाटिक एयर की फ्लाइट OD231 में हवा के बीच एक भीषण सुरक्षा संकट पैदा हो गया। बोइंग 737 विमान में सवार एक 36 वर्षीय यात्री ने अचानक आक्रामक व्यवहार करते हुए इमरजेंसी एग्जिट विंडो के प्रोटेक्टिव पैनल को लात मारकर तोड़ दिया और उसके बाद आपातकालीन दरवाजे को जबरन खोलने का प्रयास किया। इस अप्रत्याशित हरकत से विमान के केबिन में भारी अफरातफरी मच गई और यात्रियों तथा क्रू मेंबर्स की जान सांसत में पड़ गई। हालांकि, केबिन क्रू और कुछ बहादुर यात्रियों की त्वरित मुस्तैदी की वजह से आरोपी को समय रहते दबोच लिया गया, जिससे आसमान में एक बड़ा हवाई हादसा होने से टल गया।
मिड-एयर में हंगामा और इमरजेंसी एग्जिट का शीशा तोड़ने की कोशिश
पुलिस और हवाई अड्डा अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, यह सनसनीखेज घटना बुधवार रात लगभग 9:30 बजे से 11:05 बजे के बीच घटी, जब विमान अपनी तय उड़ान सीमा में कोच्चि की ओर बढ़ रहा था। विमान की सीट संख्या 12A पर बैठे यात्री ने अचानक ही अजीब और असामान्य हरकतें करना शुरू कर दिया। प्रत्यक्षदर्शियों और जांच रिपोर्ट के मुताबिक, यात्री ने बिना किसी प्रत्यक्ष उकसावे के आक्रामक होकर अपने पैर से जोर से मारकर इमरजेंसी एग्जिट के ग्लास विंडो पैनल को तोड़ दिया।
इमरजेंसी विंडो का पैनल क्षतिग्रस्त करने के तुरंत बाद, उसने आपातकालीन एग्जिट दरवाजे के हैंडल को पकड़कर उसे खोलने की कोशिश की। हवा में हजारों फीट की ऊंचाई पर उड़ रहे किसी भी वाणिज्यिक विमान का इमरजेंसी दरवाजा खोला जाना अत्यंत विनाशकारी साबित हो सकता है। इससे केबिन के अंदर हवा का दबाव तेजी से गिर सकता था और विमान संतुलन खो सकता था, जिससे उसमें सवार सभी लोगों का जीवन खतरे में पड़ जाता। आरोपी को इस बात का पूरा भान था कि उसकी हरकत से पूरे विमान की सुरक्षा जोखिम में पड़ रही है।
केबिन क्रू और सह-यात्रियों ने दिखाया अदम्य साहस
यात्री को इमरजेंसी दरवाजे के पास तोड़फोड़ करते और उसे खोलने का प्रयास करते देख विमान में मौजूद केबिन क्रू के सदस्य और पास की सीटों पर बैठे यात्री तुरंत हरकत में आए। वे आरोपी को रोकने और दरवाजे से दूर करने के लिए उसकी तरफ लपके। हालांकि, आरोपी ने शांत होने के बजाय अत्यधिक आक्रामकता दिखाई। आरोप है कि उसने क्रू मेंबर्स और यात्रियों को जोर से पीछे की तरफ धक्का दिया और उन्हें गंदी जुबान में गंभीर धमकियां दीं।
इस धक्का-मुक्की और बहस के कारण विमान के अंदर चीख-पुकार और डर का माहौल बन गया। यात्री अपनी सुरक्षा को लेकर बुरी तरह चिंतित हो गए। आखिरकार, केबिन क्रू और साथी यात्रियों ने अपनी संयुक्त ताकत का इस्तेमाल करते हुए कड़ी मशक्कत के बाद आरोपी को शारीरिक रूप से काबू में कर लिया। उसे एग्जिट डोर से दूर खींचकर सुरक्षित स्थान पर बैठाया गया और विमान के सुरक्षित उतरने तक उस पर पैनी नजर रखी गई।
कोच्चि एयरपोर्ट पर उतरते ही CISF ने दबोचा, पुलिस ने किया गिरफ्तार
बाटिक एयर के बोइंग 737 विमान ने जब कोचीन इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर रात में सुरक्षित लैंडिंग की, तो ग्राउंड सिक्योरिटी टीमों को पहले ही सतर्क कर दिया गया था। रनवे पर विमान रुकते ही सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) के जवान तुरंत केबिन में दाखिल हुए और आरोपी को अपनी कस्टडी में ले लिया।
प्राथमिक छानबीन के बाद CISF अधिकारियों ने आरोपी को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए स्थानीय नेडुम्बसेरी पुलिस स्टेशन के हवाले कर दिया। नेडुम्बसेरी पुलिस ने तुरंत औपचारिक मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार आरोपी की पहचान 36 वर्षीय जमशीर अथानिक्कल के रूप में हुई है। वह मूल रूप से केरल के पालक्काड़ जिले का निवासी है और हाल के दिनों में श्रीमूलनगरम में रह रहा था।
नेडुम्बसेरी पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ अधिकारी का बयान
नेडुम्बसेरी पुलिस स्टेशन के एक सीनियर पुलिस अधिकारी ने घटना के ब्योरे की पुष्टि करते हुए बताया कि जब फ्लाइट उड़ान भर रही थी, तब आरोपी ने अपने पैर से प्रहार करके इमरजेंसी एग्जिट के ग्लास विंडो पैनल को तोड़ दिया था। इसके बाद उसने जबरन आपातकालीन दरवाजा खोलने का प्रयास किया। केबिन क्रू और सुरक्षा कर्मचारियों को उसे काबू करने तथा एग्जिट डोर से दूर करने के लिए काफी पसीना बहाना पड़ा।
पुलिस अधिकारी ने आगे स्पष्ट किया कि आरोपी ने इस तरह का जानलेवा कदम क्यों उठाया, इसका सटीक कारण अभी सामने नहीं आ पाया है। पुलिस टीम हिरासत में लिए गए आरोपी जमशीर अथानिक्कल से कड़ाई से पूछताछ कर रही है। जांचकर्ता यह पता लगाने का प्रयास कर रहे हैं कि क्या आरोपी किसी गंभीर मानसिक तनाव से गुजर रहा था, या फिर उसने नशे की हालत में अथवा किसी अन्य संदिग्ध मंशा के तहत यह खतरनाक हरकत की थी।



















