भारतीय भारोत्तोलक ज्ञानेश्वरी यादव ने ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेल 2026 में बेहतरीन खेल का प्रदर्शन करते हुए महिलाओं की 53 किलोग्राम भारोत्तोलन स्पर्धा में रजत पदक अपने नाम किया है। 23 वर्षीय एथलीट ने प्रतियोगिता में बिना किसी गलती के अपने सभी छह प्रयासों को सफलता के साथ पूरा किया और 199 किलोग्राम का अपना अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। उनकी इस शानदार सफलता से ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत की कुल पदक संख्या बढ़कर पांच हो गई है।
प्रतिस्पर्धा में दिखाया शत-प्रतिशत प्रदर्शन
ग्लासगो में आयोजित इस कड़े मुकाबले के दौरान ज्ञानेश्वरी यादव ने शुरुआत से ही अपनी तकनीक और मानसिक नियंत्रण का लोहा मनवाया। स्नैच दौर में उन्होंने पहली बार में ही 88 किलोग्राम का भार उठाकर मजबूत बढ़त बनाई। इसके बाद क्लीन एंड जर्क दौर में उन्होंने 111 किलोग्राम का वजन सफलतापूर्वक उठाया, जिससे उनका कुल स्कोर 199 किलोग्राम तक पहुंच गया। नाइजीरिया की ओनोम दिदिह ने इस मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता, जबकि ज्ञानेश्वरी ने बिना किसी असफल प्रयास के रजत पदक पक्का किया।
राजनाथ सिंह ने एक्स पर की तारीफ
ज्ञानेश्वरी की इस उपलब्धि के बाद राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक संदेश साझा कर उन्हें बधाई दी। उन्होंने अपने संदेश में लिखा कि छह की छह लिफ्टों को सफलतापूर्वक पूरा करना खिलाड़ी की असाधारण तैयारी, धैर्य और जुझारूपन का परिणाम है। उन्होंने ज्ञानेश्वरी के समर्पण की सराहना करते हुए उनके आगे के खेल करियर के लिए शुभकामनाएं दीं।
अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में ज्ञानेश्वरी का सफर
23 वर्ष की उम्र में ज्ञानेश्वरी यादव ने अंतरराष्ट्रीय खेल मंच पर अपनी एक अलग पहचान बनाई है। ग्लासगो में मिली इस सफलता से पहले वह एशियाई भारोत्तोलन चैंपियनशिप में भी भारत के लिए रजत और कांस्य पदक जीत चुकी हैं। उनकी यह उपलब्धि भारतीय भारोत्तोलन के उभरते स्तर को दर्शाती है और देश के युवा खिलाड़ियों को बड़े मंचों पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित करती है।
जनता की प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर देशवासियों और खेल प्रेमियों ने ज्ञानेश्वरी यादव के प्रदर्शन पर खुशी जाहिर करते हुए उन्हें बधाई दी। कई प्रशंसकों ने दबाव के क्षणों में उनके शत-प्रतिशत लिफ्ट रिकॉर्ड को अद्भुत बताया, वहीं लोगों ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत के लगातार बढ़ते पदकों की तारीफ की।
























