ग्लासगो में आयोजित राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत के भारोत्तोलक वल्लूरी अजय बाबू ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पुरुषों की 79 किग्रा भार वर्ग स्पर्धा में रजत पदक जीत लिया है। वह बेहद कड़े और रोमांचक मुकाबले में स्वर्ण पदक से महज 1 किलोग्राम के सूक्ष्म अंतर से चूक गए। उनके इस ऐतिहासिक प्रदर्शन के बाद देश भर में खुशी की लहर है और देश के शीर्ष नेतृत्व तथा खेल प्रेमियों ने उनकी इस उपलब्धि की सराहना की है।
राजनाथ सिंह ने दी बधाई और सराहा जज्बा
भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर वल्लूरी अजय बाबू को बधाई देते हुए उनके जुझारूपन की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने लिखा, "ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेल 2026 में पुरुषों की 79 किग्रा भारोत्तोलन स्पर्धा में रजत पदक जीतने पर वल्लूरी अजय बाबू को बधाई।" रक्षा मंत्री ने आगे कहा कि अजय बाबू ने प्रतिस्पर्धा के दौरान मैदान पर असाधारण धैर्य, संयम और प्रतिस्पर्धी भावना का परिचय दिया है। उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर उनका यह पोडियम फिनिश वैश्विक खेलों में भारत की लगातार बढ़ती ताकत और क्षमता का एक स्पष्ट प्रमाण है।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी की खिलाड़ियों की सराहना
इस महत्वपूर्ण सफलता के बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी राष्ट्रमंडल खेल 2026 में पदक जीतने वाले भारतीय एथलीटों को शुभकामनाएं दीं। राष्ट्रपति ने वल्लूरी अजय बाबू की कड़ी मेहनत की सराहना की और भारतीय दल के निरंतर बेहतर प्रदर्शन पर प्रसन्नता व्यक्त की। इन खेलों में भारतीय खिलाड़ी एथलेटिक्स, मुक्केबाजी और भारोत्तोलन जैसे प्रमुख विषयों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहे हैं। इसके अलावा, खेलों में भारत के लिए कई अन्य ऐतिहासिक क्षण भी दर्ज किए गए हैं, जिनमें शर्मिला धनकड़ द्वारा पैरा-एथलेटिक्स स्पर्धा में जीता गया ऐतिहासिक स्वर्ण पदक शामिल है।
भारतीय भारोत्तोलन का बढ़ता कद
अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारतीय भारोत्तोलकों का प्रदर्शन लगातार बेहतर होता जा रहा है। वल्लूरी अजय बाबू द्वारा 79 किग्रा वर्ग में दिखाया गया यह कौशल युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बनेगा। केवल एक किलोग्राम के अंतर से स्वर्ण पदक चूकने के बावजूद, उन्होंने जिस मानसिक दृढ़ता और तकनीक का प्रदर्शन किया, उसकी हर तरफ तारीफ हो रही है।
जनता की प्रतिक्रिया
सोशल मीडिया पर नागरिकों ने वल्लूरी अजय बाबू की इस सफलता का खुलकर जश्न मनाया और उनके समर्पण को नमन किया। जहां अधिकांश लोगों ने खिलाड़ी को अपनी शुभकामनाएं भेजीं और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की, वहीं कुछ उपयोगकर्ताओं ने यह टिप्पणी भी की कि शीर्ष नेताओं को खेल उपलब्धियों की सराहना करने के साथ-साथ देश की सुरक्षा और प्रशासनिक प्राथमिकताओं पर भी निरंतर ध्यान देना चाहिए।


























