राजस्थान के सिरोही शहर स्थित डाबी लाइन क्षेत्र में सोमवार को एक नाबालिग छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। वार्ड नंबर 27 की रहने वाली छात्रा युविका कुमारी का शव घर के अंदर फांसी के फंदे से लटकता हुआ मिला। इस अप्रत्याशित घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई और परिवार के सदस्यों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय कोतवाली थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कानूनी प्रक्रिया शुरू की।
कमरे का दरवाजा अंदर से था बंद
परिजनों के अनुसार जिस समय यह हादसा हुआ, उस समय कमरे की कुंडी अंदर से बंद थी। काफी देर तक कोई हलचल न होने पर जब परिजनों को अनहोनी का अहसास हुआ, तो उन्होंने दरवाजा खोला और स्थिति देखकर सन्न रह गए। इसके तुरंत बाद परिजनों ने सिरोही कोतवाली पुलिस को सूचित किया। सूचना मिलते ही सिरोही कोतवाली थानाधिकारी कैलाश दान चारण और सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) सचेंद्र रत्नू पुलिस बल के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और कमरे तथा आसपास के साक्ष्यों का मुआयना किया।
सोमवार को स्कूल नहीं गई थी छात्रा
युविका कुमारी सिरोही के ही युविका बाल मंदिर विद्यालय में कक्षा 7वीं की छात्रा थी। परिजनों ने जानकारी दी कि सोमवार के दिन युविका स्कूल नहीं गई थी और घर पर ही मौजूद थी। एक होनहार छात्रा के अचानक इस तरह जान गंवाने से पूरे मोहल्ले और परिचितों में शोक की लहर दौड़ गई है। आसपास के लोग पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने पहुंच रहे हैं, लेकिन किसी को भी समझ नहीं आ रहा कि बच्ची ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
परिजनों ने उठाई निष्पक्ष जांच की मांग
छात्रा के परिजनों का कहना है कि मौत के पीछे कुछ संदेहास्पद कारण हो सकते हैं, जिनकी गहराई से पड़ताल जरूरी है। परिवार ने पुलिस अधिकारियों से आग्रह किया है कि मामले के हर एक बिंदु की विस्तृत और निष्पक्ष जांच की जाए, ताकि घटना की वास्तविक वजह सामने आ सके। परिजनों का मानना है कि केवल फंदे से लटकने को ही अंतिम निष्कर्ष न माना जाए, बल्कि घटना से जुड़े पूर्व के घटनाक्रमों को भी जांच के दायरे में लाया जाए।
पुलिस जुटी सभी पहलुओं की पड़ताल में
कोतवाली थाना पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर शव को अपने कब्जे में लिया और आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस दल परिवार के सदस्यों, सहपाठियों और आसपास के पड़ोसियों से भी पूछताछ कर जानकारी जुटाने में लगा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि परिजनों द्वारा जताई गई आशंकाओं और मौके से मिले तथ्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और विस्तृत अनुसंधान पूरा होने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि छात्रा ने यह कदम किन परिस्थितियों के चलते उठाया।



















