राजस्थान के कोटा जिले में स्थित सुल्तानपुर नगर पालिका अध्यक्ष पद के चुनाव के दौरान उपजा विवाद अब कानूनी कार्रवाई के घेरे में आ चुका है। पीपल्दा विधानसभा क्षेत्र के विधायक चेतन पटेल कोलाना के खिलाफ राजकार्य में बाधा डालने और आम रास्ता रोकने समेत कई अलग-अलग कानूनी धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। सुल्तानपुर थानाधिकारी दौलत साहू की ओर से दी गई शिकायत के आधार पर मंगलवार की रात यह कार्रवाई की गई। जनप्रतिनिधि से जुड़ा मामला होने के कारण कानूनी नियमों के तहत अब इस पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच स्थानीय थाना पुलिस के स्थान पर सीआईडी-सीबी को सौंप दी गई है।
पार्षदों के बीच टकराव और पथराव की नौबत
इस पूरे घटनाक्रम की शुरुआत 21 सितंबर को उस समय हुई जब नगर पालिका अध्यक्ष के निर्वाचन की प्रक्रिया चल रही थी। मतदान के दौरान कांग्रेस और भाजपा दलों के पार्षदों के बीच किसी बात को लेकर तीखी तकरार शुरू हो गई। देखते ही देखते दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना गहरा गया कि कांग्रेस समर्थकों पर भाजपा पार्षदों के वाहन को जबरन रोकने का आरोप लगा। इसके तुरंत बाद तनाव बढ़ गया और मौके पर पथराव जैसे हालात पैदा हो गए। स्थिति बिगड़ती देख पुलिस बल को तुरंत हस्तक्षेप करना पड़ा और व्यवस्था बहाल करने के लिए हल्का बल प्रयोग किया गया।
थाने के बाहर धरना और पुलिस से तकरार
घटना की जानकारी मिलते ही विधायक चेतन पटेल भी अपने समर्थकों के साथ सीधे मौके पर पहुंच गए। इसी दौरान विधायक और पुलिसकर्मियों के बीच तल्ख नोकझोंक और झड़प की नौबत आ गई। टकराव बढ़ने के बाद विधायक अपने समर्थकों के साथ सुल्तानपुर थाने के बाहर धरने पर बैठ गए। इसके बाद थाने के भीतर भी विधायक की मौजूदगी में जोरदार हंगामा देखा गया। थानाधिकारी की औपचारिक रिपोर्ट पर मामला दर्ज होने के बाद अब सीआईडी-सीबी की जांच शुरू होने से क्षेत्र में सियासी पारा चढ़ गया है।




















