असम की सरकारी बस सेवाओं में एक बड़ा तकनीकी बदलाव होने जा रहा है। असम राज्य परिवहन निगम (ASTC) अपने पूरे बस बेड़े में इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्ट मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) लागू करने की तैयारी कर रहा है। इस आधुनिक प्रणाली के जरिए राज्य में सफर करने वाले यात्रियों को बसों की लाइव लोकेशन जानने, डिजिटल माध्यम से टिकट खरीदने और बेहतर सुरक्षा सुविधाएं मिलने का रास्ता साफ होगा।
यात्री सुरक्षा और निगरानी पर विशेष जोर
इस नई तकनीक के तहत महिला यात्रियों और आम लोगों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई है। किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए इन बसों में विशेष पैनिक यानी SOS बटन लगाए जाएंगे। ये पैनिक बटन सीधे राज्य के मुख्य कंट्रोल रूम से जुड़े होंगे, जिससे आपातकाल में तुरंत मदद भेजी जा सकेगी। इसके अलावा, बसों के अंदर लाइव सीसीटीवी (CCTV) कैमरे भी लगाए जाएंगे। इस सतत निगरानी प्रणाली से न केवल असामाजिक तत्वों पर लगाम कसेगी, बल्कि यात्रियों का सफर भी पूरी तरह सुरक्षित और आरामदायक बनेगा।
लाइव लोकेशन और जीपीएस ट्रैकिंग की सुविधा
सार्वजनिक परिवहन को अधिक सुगम बनाने के लिए सभी बसों में जीपीएस (GPS) आधारित ट्रैकिंग उपकरण लगाए जाएंगे। यह लाइव ट्रैकिंग सिस्टम राज्य के परिवहन विभाग के केंद्रीय निगरानी नेटवर्क से सीधे जुड़ा रहेगा। इस व्यवस्था से यात्रियों को अब बस स्टैंड पर घंटों इंतजार नहीं करना पड़ेगा, क्योंकि वे अपने मोबाइल पर ही बसों की सही स्थिति देख सकेंगे। साथ ही, परिवहन विभाग के अधिकारी भी विभिन्न रूटों पर बसों की आवाजाही पर कड़ी नजर रख सकेंगे और बेड़े का बेहतर प्रबंधन कर पाएंगे।
डिजिटल टिकटिंग और स्मार्ट समय-सारणी
सुरक्षा और ट्रैकिंग के अलावा, ITMS के माध्यम से बसों के संचालन को भी आधुनिक बनाया जा रहा है। बसों में ऑटोमेटेड टिकटिंग और डिजिटल भुगतान यानी ई-पेमेंट की सुविधाएं शुरू की जाएंगी। डिजिटल टिकटिंग लागू होने से यात्रियों को कैश की समस्या से मुक्ति मिलेगी और उनका समय भी बचेगा। इसके साथ ही, स्मार्ट शेड्यूलिंग की मदद से बसों के चलने के समय को इस तरह व्यवस्थित किया जाएगा कि यात्रियों को समय-सारणी को लेकर कोई भ्रम न रहे और वे अपनी यात्रा की सटीक योजना बना सकें।
सार्वजनिक परिवहन के नए युग की शुरुआत
इस बड़े बदलाव की घोषणा करते हुए असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने मंगलवार को कहा कि इस तकनीक के आने से सरकारी बसें न केवल अधिक आधुनिक होंगी, बल्कि बेहद सुरक्षित भी बन जाएंगी। उन्होंने इस पहल पर खुशी जताते हुए एक्स (X) पर लिखा कि ITMS के लागू होने से तकनीक आम लोगों के दैनिक जीवन का हिस्सा बन जाएगी। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि स्मार्ट संचालन और मजबूत सुरक्षा तंत्र के साथ असम में सार्वजनिक परिवहन के एक नए अध्याय की शुरुआत हो रही है।



















