एक साथ दो मौसमी संकट
बिहार इन दिनों एक बेहद असामान्य मौसमी स्थिति से गुजर रहा है। मानसून का असर जहां राज्य के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में भारी बारिश और आंधी के रूप में दिख रहा है, वहीं दक्षिण-पश्चिमी जिलों में गर्मी ने कहर बरपा रखा है। पटना मौसम विज्ञान केंद्र के मुताबिक राज्य के चार प्रमुख मौसम स्टेशनों पर आधिकारिक तौर पर हीटवेव की पुष्टि हो चुकी है। जून के उत्तरार्ध में भी पारा सामान्य से 6 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर जाना इस मौसम की असाधारण स्थिति को बयान करता है, जिससे उमस और झुलसाने वाली गर्मी लोगों को बेहाल कर रही है।
इन जिलों में कल होगी भारी बारिश और आकाशीय बिजली
IMD के अनुसार 22 जून 2026 को अररिया, कटिहार, सीतामढ़ी और सुपौल जिलों में एक-दो स्थानों पर मूसलाधार बारिश के साथ मेघ गर्जन और वज्रपात की चेतावनी जारी की गई है। इस दौरान हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। इतनी तेज आंधी से पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने का खतरा बना रहेगा।
आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट यहां भी
किशनगंज, मधेपुरा, पूर्णिया और सहरसा जिलों के साथ-साथ दक्षिण-मध्य और दक्षिण-पूर्व बिहार के कई अन्य जिलों में भी 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलने, बिजली कड़कने और बादल गरजने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने इन सभी इलाकों के लोगों को विशेष सावधानी बरतने और जरूरी न हो तो बाहर न निकलने की सलाह दी है।
छपरा में लगातार तीसरे दिन लू, पारा 41.5°C पर
गर्मी का सबसे भीषण रूप छपरा में देखने को मिल रहा है। यहां लगातार तीसरे दिन हीटवेव का प्रकोप दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान 41.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा, जो इस मौसम के सामान्य तापमान से पूरे 6.0 डिग्री सेल्सियस अधिक है।
राजधानी पटना में पहली बार आधिकारिक हीटवेव दर्ज हुई। पारा 40.9 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 5.6 डिग्री अधिक है। राज्य का सर्वाधिक तापमान कैमूर (भभुआ) में 41.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, यह सामान्य से 4.8 डिग्री अधिक है और यहां भी पहला हीटवेव दिन रहा। डेहरी में भी पहली बार लू की स्थिति दर्ज हुई, जहां तापमान 41.2 डिग्री सेल्सियस (सामान्य से 5.0 डिग्री अधिक) पहुंच गया।
इनके अलावा गया में 40.2°C, बक्सर में 40.6°C और औरंगाबाद में 40.1°C तापमान दर्ज हुआ। इन सभी जिलों में पारा 40 डिग्री की सीमा पार कर चुका है, जिससे उमस और तपन असहनीय हो गई है।
कब मिलेगी राहत
पटना मौसम विज्ञान केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक 22 जून को भी दक्षिण-पश्चिमी बिहार के कुछ हिस्सों में एक-दो स्थानों पर लू की स्थिति बनी रह सकती है। लेकिन इसके बाद राहत के संकेत हैं। अगले 3 दिनों के दौरान राज्य के अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को इस झुलसाने वाली गर्मी से कुछ छुटकारा मिलेगा।
येलो अलर्ट जारी, डॉक्टरों की जरूरी सलाह
बढ़ती तपन को देखते हुए IMD ने येलो अलर्ट जारी किया है और बुजुर्गों, बच्चों तथा पुरानी बीमारियों से पीड़ित लोगों के लिए विशेष सावधानी बरतने की अपील की है। डॉक्टरों और वैज्ञानिकों ने ये सावधानियां अपनाने की सलाह दी है:
- दोपहर 12 बजे से 3 बजे के बीच सीधी धूप में बाहर निकलने से बचें।
- घर से निकलते समय सिर को कपड़े या टोपी से अच्छी तरह ढककर रखें।
- ORS, लस्सी, छाछ, नींबू पानी या चावल का पानी (लोरनी) पीते रहें।
- प्यास न लगे, तब भी खुद को हाइड्रेटेड रखना जरूरी है।













