राष्ट्रीय राजधानी में मदिरा प्रेमियों के लिए एक नई डिजिटल व्यवस्था लागू की गई है, जिसके तहत ग्राहक अब अपने स्मार्टफोन से पसंदीदा ब्रांड की अग्रिम बुकिंग कर सकते हैं। हालांकि इस व्यवस्था में होम डिलीवरी शामिल नहीं है। दिल्ली राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम ने इस प्रक्रिया को आसान बनाने के उद्देश्य से एक विशेष मोबाइल एप्लिकेशन तैयार किया है। अधिकारियों ने मंगलवार को पुष्टि की कि इस तकनीकी पहल के माध्यम से लोग खुदरा दुकानों से शराब खरीदने से पहले ही उसका ऑनलाइन ऑर्डर दे सकते हैं।
घर पर डिलीवरी नहीं, दुकान पर जाकर खुद लेना होगा ऑर्डर
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि ऐप के जरिए मदिरा सीधे घर तक नहीं पहुंचाई जाएगी। जो ग्राहक मोबाइल प्लेटफॉर्म पर बुकिंग करेंगे और ऑनलाइन भुगतान पूरा करेंगे, उन्हें 48 घंटे की निर्धारित समय सीमा के भीतर संबंधित खुदरा दुकान पर खुद उपस्थित होना पड़ेगा। राजधानी में इस अग्रिम व्यवस्था का संचालन 'दिल्ली लिकर बुकिंग' नामक मोबाइल ऐप्लिकेशन के माध्यम से किया जा रहा है। यदि कोई ग्राहक तय 48 घंटों में शराब लेने नहीं पहुंचता, तो उसे नियमों का पालन करना होगा।
रिफंड और रद्दीकरण से जुड़े कड़े नियम
इस व्यवस्था में खरीदारी के बाद उत्पाद वापस करने की अनुमति नहीं दी गई है। अधिकारियों के अनुसार, एक बार दुकान से बोतलें ले जाने या काउंटर पर बिक्री पूरी होने के बाद माल वापस करने का कोई प्रावधान नहीं रखा गया है। हालांकि, ग्राहकों को यह राहत जरूर दी गई है कि यदि वे दुकान के काउंटर से बोतलें उठाने से पहले अपना मन बदलते हैं, तो वे ऐप के माध्यम से अपना बुक किया हुआ ऑर्डर रद्द कर सकते हैं।
खरीदारी की तय सीमा और उम्र की बाध्यता
इस डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग करने के लिए सख्त कानूनी मापदंड तय किए गए हैं। शराब बुक करने वाले व्यक्ति की उम्र कम से कम 25 साल होनी अनिवार्य है। आबकारी नियमों के दायरे में रहते हुए खरीदारी की मात्रा भी तय की गई है, जिसके अनुसार एक व्यक्ति अधिकतम 9 लीटर व्हिस्की और 18 लीटर बीयर की बुकिंग करा सकता है। वर्तमान में इस व्यवस्था को लेकर उपभोक्ताओं की प्रतिक्रिया बहुत अधिक उत्साहजनक नहीं रही है। इस सेवा का भविष्य में विस्तार किया जाएगा या नहीं, यह पूरी तरह से आने वाले दिनों में उपभोक्ताओं से मिलने वाले रुझानों पर निर्भर करेगा।
केवल चुनिंदा सरकारी दुकानों पर मिलेगी यह सुविधा
दिल्ली के खुदरा शराब बाजार में चार प्रमुख सरकारी निगम सक्रिय हैं, जिनके अधीन कुल 700 से अधिक दुकानें संचालित की जा रही हैं। दिल्ली राज्य औद्योगिक एवं अवसंरचना विकास निगम भी इन्हीं चार निकायों में शामिल है, जो राजधानी में लगभग 208 खुदरा शराब की दुकानें चलाता है। यह ध्यान रखना आवश्यक है कि मोबाइल ऐप से की गई बुकिंग की सुविधा केवल इसी निगम द्वारा संचालित दुकानों पर मान्य होगी। अन्य निगमों या निजी दुकानों पर यह टोकन काम नहीं करेगा।
भीड़भाड़ से मुक्ति और पारदर्शी बिलिंग व्यवस्था का लक्ष्य
इस तकनीकी कदम के पीछे मुख्य उद्देश्य ठेकों पर लगने वाली लंबी कतारों और ग्राहकों के इंतजार के समय में कमी लाना है। ऐप पर जाकर उपभोक्ता अपने क्षेत्र में उपलब्ध ब्रांड देख सकते हैं, नजदीकी खुदरा केंद्र का चुनाव कर सकते हैं और बोतल का आकार व संख्या तय कर सकते हैं। इससे भुगतान काउंटरों पर लगने वाली भीड़ खत्म होगी, बिलिंग प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता आएगी और ग्राहकों को बिना किसी जल्दबाजी के अपनी पसंद का चयन करने का अवसर मिलेगा। ऑर्डर और भुगतान सफल होते ही ऐप में एक क्यूआर कोड दिखाई देता है, जिसे दुकान पर मौजूद स्कैनर पर दिखाकर आसानी से शराब ली जा सकती है।



















