राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के इलाकों में मौसम ने करवट ले ली है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के आंकड़ों के अनुसार, रविवार को न्यूनतम तापमान लुढ़क कर 17 डिग्री सेल्सियस पर आ गया है, जो इस सीजन का अब तक का सबसे कम तापमान दर्ज किया गया है। मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में ठंड का असर और ज्यादा देखने को मिलेगा। इसके साथ ही इस सप्ताह के अंत तक दिल्ली-NCR के कई हिस्सों में एक बार फिर से हल्की बौछारें पड़ने की संभावना जताई जा रही है।
मौसम विभाग के एक अधिकारी ने बताया कि शनिवार और रविवार की दरमियानी रात क्षेत्र के कुछ इलाकों में हल्की बारिश के साथ तेज आंधी और बिजली कड़कने की घटनाएं सामने आईं। अधिकारी के अनुसार, मध्य और दक्षिण दिल्ली के अलावा फिरोजपुर, सिरसा, कुरुक्षेत्र और फतेहाबाद के कुछ चुनिंदा स्थानों पर ओलावृष्टि भी दर्ज की गई। इस दौरान कैथल में हवा की रफ्तार काफी तेज रही और वहां 85 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से हवाएं चलीं।
मौसम में आए इस अचानक बदलाव के पीछे वायुमंडल की मध्यम और ऊपरी परतों में सक्रिय एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ और निचले स्तरों पर अरब सागर की तरफ से आ रही नमीयुक्त हवाएं मुख्य वजह हैं। IMD के रिकॉर्ड के मुताबिक, रविवार सुबह 8:30 बजे तक सफदरजंग में 4.4 मिलीमीटर, लोधी रोड में 5.8 मिलीमीटर और दिल्ली रिज इलाके में 0.8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है।
तापमान में गिरावट और आगे का अनुमान
मौसम विभाग का अनुमान है कि आने वाले दिनों में न्यूनतम तापमान और नीचे गिर सकता है और यह 15 से 17 डिग्री सेल्सियस के दायरे में आ जाएगा। अधिकारियों ने यह भी जानकारी दी है कि 29 और 30 अक्टूबर के दौरान क्षेत्र में हल्की बारिश का एक और दौर आ सकता है। रविवार को दिल्ली के विभिन्न मौसम केंद्रों पर दर्ज किए गए आंकड़ों के अनुसार, पालम में न्यूनतम तापमान 16.7 डिग्री सेल्सियस और लोधी रोड पर 16.4 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, रिज क्षेत्र में पारा 16.2 डिग्री सेल्सियस और अयानगर में 17.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। अधिकतम तापमान की बात करें तो पालम में 29.4 डिग्री सेल्सियस, लोधी रोड पर 31 डिग्री सेल्सियस, रिज में 31.4 डिग्री सेल्सियस और अयानगर में 30.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शाम 5:30 बजे के समय सापेक्ष आर्द्रता का स्तर 61 फीसदी रिकॉर्ड किया गया।
वायु गुणवत्ता में सुधार और चेतावनी
बारिश के बाद दिल्ली की हवा की सेहत में थोड़ा सुधार देखने को मिला है और AQI में 38 अंकों की गिरावट आई है। रविवार को 24 घंटे का औसत एयर क्वालिटी इंडेक्स 153 दर्ज किया गया, जबकि शनिवार को यह आंकड़ा 191 था। हालांकि इस सुधार के बावजूद प्रदूषण का स्तर अभी भी 'मध्यम' श्रेणी में ही बना हुआ है। वायु गुणवत्ता को लेकर एजेंसियों ने आशंका जताई है कि आने वाले दिनों में हवा फिर से जहरीली हो सकती है। 'एयर क्वालिटी अर्ली वार्निंग सिस्टम' के मुताबिक, 26 अक्टूबर से 28 अक्टूबर के बीच शहर का एक्यूआई 'खराब' श्रेणी में फिसल सकता है। पूर्वानुमान यह भी बताता है कि अगले छह दिनों तक वायु गुणवत्ता लगातार 'खराब' और 'मध्यम' श्रेणियों के बीच ऊपर-नीचे होती रहेगी।























