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घर पर झटपट बनाएं केसर मिल्क मलाई मिठाई, नहीं रहेगी मिलावट की टेंशनखानपान
6 सित॰ 2026, 11:52 pm (24 मिनट पहले)· 2

घर पर झटपट बनाएं केसर मिल्क मलाई मिठाई, नहीं रहेगी मिलावट की टेंशन

त्योहार पर बाजार की मिलावटी मिठाइयों से बचने के लिए कोडरमा की कविता कुमारी ने दूध, छेना और केसर से घर पर आसानी से बनने वाली केसर मिल्क मलाई मिठाई की विधि बताई है.

त्योहारों के मौसम में मिठाई की मांग सबसे ज्यादा बढ़ जाती है, लेकिन बाजार में मिलने वाली मिठाइयों में मिलावट की आशंका अक्सर लोगों को परेशान करती है. इसी वजह से कई घरों में अब मिठाई बाहर से खरीदने के बजाय घर पर ही बनाई जाने लगी है. कोडरमा की कविता कुमारी ने दूध, छेना और केसर से बनने वाली केसर मिल्क मलाई मिठाई की एक आसान और घरेलू विधि बताई है, जो स्वाद के साथ-साथ देखने में भी बेहद आकर्षक लगती है.

सबसे पहले तैयार करें मुलायम छेना

कविता कुमारी के मुताबिक मिठाई बनाने के लिए सबसे पहले करीब एक लीटर दूध लिया जाता है. इसमें से लगभग 900 ग्राम दूध को अच्छी तरह उबाला जाता है. दूध जब अच्छी तरह उबल जाए, तो उसमें थोड़ा-थोड़ा करके विनेगर डाला जाता है, जिससे दूध फटने लगता है. दूध फटने के बाद जो छेना तैयार होता है, उसे अलग निकाल लिया जाता है. इसके बाद छेने को ठंडे पानी से अच्छी तरह धोया जाता है, ताकि उसमें से विनेगर का खट्टापन पूरी तरह निकल जाए. आखिर में छेने को हाथों से अच्छी तरह मैश किया जाता है, जिससे उसमें कोई गांठ न रहे और वह पूरी तरह मुलायम हो जाए.

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केसर वाला दूध तैयार कर छेने में मिलाएं

छेना तैयार होने के बाद बारी आती है केसर वाला दूध बनाने की. इसके लिए एक बर्तन को धीमी आंच पर रखा जाता है और उसमें थोड़ा पानी डाला जाता है. इस पानी के ऊपर करीब 100 ग्राम दूध डालकर गर्म किया जाता है और उसमें केसर के कुछ धागे मिला दिए जाते हैं. जैसे-जैसे यह दूध उबलता है, उसका रंग धीरे-धीरे केसरिया होता चला जाता है. यही केसरिया रंग बाद में मिठाई को खूबसूरत और आकर्षक बनाता है, जबकि केसर मिठाई की खुशबू और स्वाद को भी खास बना देता है. केसर वाला दूध तैयार होने के बाद उसमें पहले से मैश किया हुआ छेना डालकर दोनों को अच्छी तरह मिलाया जाता है. इसके बाद स्वाद के अनुसार करीब 2 से 3 चम्मच चीनी का बुरादा डाला जाता है. मिठास कम या ज्यादा रखने के लिए चीनी की मात्रा अपनी पसंद के हिसाब से घटाई-बढ़ाई जा सकती है. इसके बाद मिश्रण को धीमी आंच पर लगातार चलाते रहना जरूरी होता है, ताकि दूध और छेना अच्छी तरह मिलकर गाढ़ा पेस्ट बन जाएं और यह मिश्रण बर्तन की तली में चिपके नहीं.

हाथों से आकार देकर करें आकर्षक सजावट

कविता कुमारी बताती हैं कि जब यह मिश्रण अच्छी तरह गाढ़ा होकर सख्त होने लगे, तो गैस बंद कर देनी चाहिए और मिश्रण को थोड़ा ठंडा होने देना चाहिए. इसके बाद हाथों की मदद से मिश्रण के छोटे-छोटे हिस्से लेकर उन्हें लड्डू का आकार दिया जाता है. तैयार लड्डुओं को एक प्लेट में सजाकर रखा जाता है. आखिर में मिठाई के ऊपर केसर के धागे रखे जाते हैं और केसर के पानी की हल्की सजावट की जाती है. इस आखिरी टच से मिठाई देखने में और भी सुंदर लगने लगती है और त्योहार के मौके पर परोसने के लिहाज से बेहद आकर्षक बन जाती है.

सवाल-जवाब

इस मिठाई के लिए कितने दूध की जरूरत होती है?
करीब एक लीटर दूध चाहिए, जिसमें से लगभग 900 ग्राम दूध उबालकर छेना तैयार किया जाता है.
छेना कैसे तैयार किया जाता है?
दूध को अच्छी तरह उबालकर उसमें थोड़ा-थोड़ा विनेगर डालकर फाड़ा जाता है, फिर छेने को ठंडे पानी से धोकर हाथों से मैश किया जाता है.
मिठाई में केसरिया रंग कैसे आता है?
बचे हुए करीब 100 ग्राम दूध में केसर के धागे डालकर उबालने पर दूध का रंग धीरे-धीरे केसरिया हो जाता है.
मिठास के लिए कितनी चीनी डाली जाती है?
कविता कुमारी के अनुसार करीब 2 से 3 चम्मच चीनी का बुरादा डाला जाता है, जिसे स्वाद के अनुसार घटाया-बढ़ाया जा सकता है.
मिश्रण पकाते समय किस बात का ध्यान रखना चाहिए?
मिश्रण को धीमी आंच पर लगातार चलाते रहना जरूरी है, ताकि यह बर्तन की तली में चिपके नहीं.
मिठाई को अंत में कैसे सजाया जाता है?
तैयार लड्डुओं के ऊपर केसर के धागे रखे जाते हैं और केसर के पानी की हल्की सजावट की जाती है.
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