उमरिया में स्कूली छात्राओं से गंदी हरकत पर शिक्षक निलंबित, पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्जगोंडा के गांवों में मिलने वाला रतनजोत पौधा त्वचा और पेट के रोगों में है असरदार, लेकिन बरतें सावधानीअमेरिकी डॉलर में नरमी और भूराजनीतिक तनाव के बीच ब्रिटिश पाउंड में उछालमणिपुर में जनगणना की प्रक्रिया स्थगित, एनआरसी लागू करने की मांग पर केंद्र का बड़ा कदमअन्ना हजारे की तबीयत अचानक बिगड़ी, मुंबई के बॉम्बे अस्पताल के आईसीयू में भर्तीअलवर के बुटोली गांव में 400 फीट गहरे बोरवेल में गिरा 9 साल का बच्चा भानु, SDRF और NDRF का रेस्क्यू ऑपरेशन जारीनेपाल के त्रिशूली बाजार में बाढ़ के बाद मलबे पर बैठा वफादार कुत्ताराजस्थान के पाली में अनोखी तपस्या, पिछले 26 साल से अन्न का त्याग कर सिर्फ छाछ पर जीवित हैं संतजॉर्ज सैंटोस पर लगा कालशी का पहला आजीवन प्रतिबंध और भारी जुर्मानाईरान पर भीषण हमले की चेतावनी दे रहे डोनाल्ड ट्रंप, पश्चिम एशिया में तनाव अपने चरम पर
पाचन और इम्यूनिटी मजबूत करने के लिए आंतों में बढ़ाएं गुड बैक्टीरिया, एक्सपर्ट ने बताईं ये खास चीजेंस्वास्थ्य
30 अग॰ 2026, 8:16 pm (1 दिन पहले)· 2

पाचन और इम्यूनिटी मजबूत करने के लिए आंतों में बढ़ाएं गुड बैक्टीरिया, एक्सपर्ट ने बताईं ये खास चीजें

पाचन तंत्र, रोग प्रतिरोधक क्षमता और मानसिक स्थिति को बेहतर बनाए रखने के लिए गट हेल्थ का दुरुस्त होना बहुत जरूरी है। आयुर्वेदिक हेल्थ कोच डिंपल जांगड़ा ने खानपान से जुड़े कुछ ऐसे असरदार उपाय बताए हैं जिनकी मदद से आंतों में लाभकारी बैक्टीरिया की संख्या बढ़ाई जा सकती है।

मानव शरीर की पूरी कार्यप्रणाली का सीधा संबंध हमारी आंतों की सेहत से जुड़ा हुआ है। पाचन क्रिया ठीक रहने, रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होने, मेटाबॉलिज्म सुचारू रूप से काम करने और मानसिक स्थिति या मूड बेहतर रहने में गट हेल्थ की भूमिका बहुत अहम होती है। आंतों के भीतर पाए जाने वाले गुड बैक्टीरिया इन सभी जरूरी शारीरिक प्रक्रियाओं को संभालकर रखने का काम करते हैं। आयुर्वेदिक हेल्थ कोच डिंपल जांगड़ा ने कुछ ऐसे खास खाद्य पदार्थों और आदतों के बारे में जानकारी दी है जिन्हें अपनी दिनचर्या में शामिल करने से आंतों के भीतर लाभकारी बैक्टीरिया को बढ़ाने में काफी मदद मिल सकती है और गट हेल्थ को दुरुस्त रखा जा सकता है।

डाइट में शामिल करें ये जरूरी आहार और चीजें

आंतों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के लिए खानपान में विशेष बदलाव करने की सलाह दी जाती है। कुछ खास चीजें प्राकृतिक रूप से माइक्रोबायोम को मजबूत करती हैं।

ये भी पढ़ें
  • प्रीबायोटिक फूड्स: आंतों की सेहत को सुधारने के लिए अपने दैनिक भोजन में प्रीबायोटिक तत्वों से भरपूर आहार जरूर शामिल करें। इसके बेहतरीन विकल्पों में कच्चा केला, पकाकर ठंडा किया हुआ चावल, आटिचोक, शतावरी और लहसुन शामिल हैं। जब उबले हुए चावल को ठंडा किया जाता है तो उसमें रेजिस्टेंट स्टार्च का निर्माण होता है, जो आंतों के गुड बैक्टीरिया के लिए मुख्य रूप से भोजन का काम करता है। इन चीजों को सुबह के नाश्ते या दोपहर के भोजन से पहले आसानी से खाया जा सकता है।

  • फर्मेंटेड फूड्स: चावल के पानी में थोड़ा सा घी और नमक मिलाकर इसका सेवन करना बेहद फायदेमंद होता है। इससे शरीर को लैक्टिक एसिड बैक्टीरिया प्राप्त होते हैं जो गट हेल्थ के लिए बहुत अच्छे माने जाते हैं। इसके अलावा घर पर तैयार किया गया इडली और डोसा का बैटर, अथवा उच्च गुणवत्ता वाले A2 दूध से बनी लस्सी और छाछ भी बेहतरीन विकल्प हैं। डिंपल जांगड़ा का यह भी कहना है कि घर पर पारंपरिक तरीके से बनाई गई फर्मेंटेड चीजें बाजार या फैक्ट्री में मिलने वाले मीठे दही की तुलना में स्वास्थ्य के लिए कई गुना अधिक लाभकारी होती हैं।

  • विविध प्लांट बेस्ड फूड्स: आयुर्वेदिक हेल्थ कोच डिंपल जांगड़ा के अनुसार, हर इंसान को अपनी साप्ताहिक डाइट में लगभग 40 अलग-अलग प्रकार के पौधों यानी सब्जियां, फल और अनाज को शामिल करने का प्रयास करना चाहिए। जो लोग एक सप्ताह के भीतर 30 से अधिक किस्म के प्लांट बेस्ड फूड्स का सेवन करते हैं, उनके शरीर में 10 या उससे कम विविधता वाले भोजन करने वालों की तुलना में कहीं अधिक समृद्ध माइक्रोबायोम पाया जाता है। इस श्रेणी में विभिन्न प्रकार की जड़ी-बूटियां, मसाले, बीज और नट्स भी पूरी तरह शामिल हैं।

  • त्रिफला का सेवन: आंवला, विभीतकी और हरीतकी जैसी तीन औषधीय जड़ी-बूटियों के मेल से त्रिफला तैयार किया जाता है। यह आयुर्वेदिक मिश्रण शरीर के भीतर जमा विषाक्त पदार्थों और गंदगी को बाहर निकालने में सहायता करता है। इसके अलावा यह आंतों में पाए जाने वाले खास 'अकरमेन्सिया म्यूसिनिफिला' (Akkermansia muciniphila) बैक्टीरिया के लिए एक बेहतरीन प्रीबायोटिक के रूप में काम करता है।

  • शराब का सेवन बंद करें: आंतों के भीतर गुड बैक्टीरिया की आबादी को बढ़ाने और सुरक्षित रखने के लिए शराब पीने की आदत को पूरी तरह छोड़ना जरूरी है। शराब हमारे माइक्रोबायोम, लिवर के स्वास्थ्य और नींद के चक्र के लिए सबसे ज्यादा नुकसानदायक चीजों में गिनी जाती है। कोई भी व्यक्ति लगातार 21 दिनों तक शराब से दूरी बनाकर अपने शरीर में आने वाले सकारात्मक बदलावों को खुद महसूस कर सकता है.

सवाल-जवाब

गट हेल्थ को बेहतर बनाने के लिए कौन से फूड्स खाने चाहिए?
गट हेल्थ सुधारने के लिए प्रीबायोटिक फूड्स जैसे कच्चा केला, ठंडा किया हुआ चावल, लहसुन, शतावरी और फर्मेंटेड चीजें खानी चाहिए।
ठंडे किए हुए चावल खाने से आंतों को क्या फायदा होता है?
पके हुए चावल को ठंडा करने पर उसमें रेजिस्टेंट स्टार्च बनता है, जो आंतों के गुड बैक्टीरिया के लिए भोजन का काम करता है।
एक हफ्ते में कितने प्रकार के प्लांट बेस्ड फूड्स खाने चाहिए?
आयुर्वेदिक हेल्थ कोच डिंपल जांगड़ा के अनुसार हफ्ते में 40 अलग-अलग तरह के पौधे अपनी डाइट में शामिल करने की कोशिश करनी चाहिए।
त्रिफला आंतों के लिए कैसे उपयोगी है?
त्रिफला शरीर से गंदगी बाहर निकालता है और 'अकरमेन्सिया म्यूसिनिफिला' बैक्टीरिया के लिए प्रीबायोटिक का काम करता है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR