स्टाइलिंग के आधुनिक दौर में हेयर स्ट्रेटनर हर किसी के ड्रेसिंग टेबल की पहली पसंद बन चुका है। दफ्तर जाना हो या शादी समारोह में शामिल होना हो, मिनटों में उलझे बालों को सीधा और चमकदार बनाने में यह मशीन काफी मददगार साबित होती है। फिर भी अक्सर देखने में आता है कि लगातार स्टाइलिंग करने वालों के बाल कुछ ही महीनों में अपनी चमक खो बैठते हैं। बाहरी तौर पर दिखने वाली चमक के पीछे बालों का भीतरी ढांचा कमजोर होने लगता है। बहुत से लोग मानते हैं कि सिर्फ मशीन का उपयोग ही इस खराबी की वजह है, जबकि असल समस्या स्टाइलिंग की छोटी-छोटी लापरवाहियों में छिपी होती है। अगर इन पांच सामान्य गलतियों को समय रहते न सुधारा जाए, तो बाल झाड़ू जैसे रूखे, फ्रिजी और बेजान बन जाते हैं।
गीले या नम बालों पर गर्म प्लेट्स फेरने की भूल
दफ्तर या पार्टी की जल्दबाजी में कई लोग बाल पूरी तरह सूखने से पहले ही गर्म प्लेट्स बालों पर रख देते हैं। यह आदत बालों के लिए सबसे ज्यादा विनाशकारी साबित होती है। जब गीले या हल्के नम बालों पर अत्यधिक गर्मी पड़ती है, तो बालों के भीतर मौजूद प्राकृतिक नमी भाप बनकर अचानक बाहर निकलने लगती है। यह प्रक्रिया बालों के रेशों को अंदर से चटका देती है, जिससे वे कमजोर होकर टूटने लगते हैं। जब भी स्टाइलिंग करें, उससे पहले यह सुनिश्चित करें कि बाल सौ फीसदी सूख चुके हों। अगर बालों के किसी भी हिस्से में हल्की सी भी नमी महसूस हो, तो उपकरण को तुरंत एक तरफ रख दें और पहले उन्हें पूरी तरह सूखने दें।
थर्मल शील्ड या हीट प्रोटेक्शन को नजरअंदाज करना
बालों पर बिना किसी सुरक्षा घेरे के सीधे गर्म मेटल या सेरेमिक प्लेट्स फेरना एक बहुत बड़ी चूक है। स्ट्रेटनर की गर्म प्लेट्स बालों की सबसे बाहरी सुरक्षात्मक परत यानी क्यूटिकल को सीधे तौर पर झुलसा देती हैं। इससे बचाव का सबसे सरल और असरदार उपाय हीट प्रोटेक्टेंट स्प्रे या सीरम का इस्तेमाल करना है। यह सुरक्षात्मक उत्पाद बालों की प्रत्येक लट पर एक ढाल की तरह काम करता है और सीधी गर्मी से होने वाले नुकसान को काफी हद तक कम कर देता है। बालों को छोटे हिस्सों में बांटकर पूरे बालों में समान रूप से स्प्रे लगाने के बाद ही प्लेट्स को बालों पर रखना चाहिए।
अत्यधिक तापमान पर मशीन चलाने का नुकसान
आमतौर पर यह गलत धारणा बनी हुई है कि तापमान जितना ज्यादा होगा, बाल उतने ही जल्दी और बेहतर तरीके से सीधे होंगे। वास्तव में अत्यधिक तापमान बालों के कुदरती तेल को पूरी तरह सोख लेता है, जिससे बाल अंदर से खोखले और सूखे हो जाते हैं। अगर आपके बाल पहले से पतले हैं, उन पर रंग लगा हुआ है या वे डैमेज हैं, तो तेज गर्मी उन्हें और तेजी से तबाह करती है। स्टाइलिंग हमेशा बालों की बनावट के हिसाब से न्यूनतम जरूरी तापमान पर ही करनी चाहिए। बहुत ज्यादा गर्मी देने से बचना ही बालों की उम्र बढ़ाने का सही तरीका है।
एक ही हिस्से पर बार-बार गर्म प्लेट्स रगड़ना
कई बार जब बाल एक ही बार में मनचाहे तरीके से सीधे नहीं होते, तो लोग उसी लट पर बार-बार गर्म मशीन फेरने लगते हैं। यह तरीका बालों को सीधे तौर पर झुलसा देता है। जब एक ही जगह पर बार-बार लगातार हीट पहुंचती है, तो उस हिस्से के रेशे पूरी तरह कमजोर पड़ जाते हैं। सही तरीका यह है कि बालों को छोटे और पतले हिस्सों में बांट लिया जाए। इसके बाद धीमी गति से नियंत्रित तरीके से एक या दो बार ही प्लेट्स गुजारें। छोटे सेक्शन में काम करने से कम प्रयासों में ही मनपसंद आकार मिल जाता है और बाल अतिरिक्त गर्मी के नुकसान से बच जाते हैं।
रोजाना इस्तेमाल और प्राकृतिक देखभाल की अनदेखी
हर दिन उठकर मशीन का इस्तेमाल करने से बालों पर लगातार दबाव बना रहता है। शुरुआत में तो बाल बिल्कुल सीधे, चमकदार और सेट नजर आते हैं, लेकिन धीरे-धीरे उनमें रूखापन, दोमुंहे बाल, अत्यधिक उलझन और टूटने की शिकायत गंभीर हो जाती है। बालों को अपनी प्राकृतिक बनावट में सांस लेने का अवसर देना बेहद जरूरी है। जितना हो सके, रोजाना के इस्तेमाल से बचें और स्टाइलिंग के बीच में बालों को सामान्य रखें। इसके साथ ही अपने रूटीन में नियमित कंडीशनिंग, पोषण देने वाले हेयर मास्क और बेसिक देखभाल को शामिल करें, ताकि बालों की प्राकृतिक मजबूती बनी रहे।



















