दक्षिण पूर्वी दिल्ली में संदिग्ध परिस्थितियों में हुए हमले के बाद जान गंवाने वाले मणिपुर के प्रसिद्ध संगीतकार और संगीत शिक्षक चोंगथम विक्रम सिंह का पार्थिव शरीर बुधवार को इम्फाल इंटरनेशनल एयरपोर्ट लाया गया। हवाई अड्डे पर दिवंगत संगीतकार के परिजन, रिश्तेदार, पुराने साथी और कई प्रशंसक बड़ी संख्या में एकत्र हुए। बेहद भावुक माहौल के बीच सभी लोग पार्थिव शरीर को एयरपोर्ट से उनके पैतृक आवास ले गए, जहां उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
दिल्ली के किलोकरी गांव में हुई थी हिंसक घटना
यह दुखद घटना 7 सितंबर को दक्षिण पूर्वी दिल्ली के आश्रम इलाके के पास स्थित किलोकरी गांव में घटी थी। 54 वर्षीय चोंगथम विक्रम सिंह अपने आवास के बाहर ढाबे के कर्मचारियों और डिलीवरी बॉयज द्वारा किए जा रहे शोर-शराबे और उपद्रव का विरोध कर रहे थे। इसी बात को लेकर हुए विवाद के दौरान कुछ लोगों के समूह ने उन पर कथित तौर पर हमला कर दिया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए और बाद में उनकी मृत्यु हो गई।
मणिपुर के वेस्टर्न म्यूजिक मूवमेंट में अहम योगदान
चोंगथम विक्रम सिंह मणिपुर में वेस्टर्न म्यूजिक मूवमेंट के एक जाने-माने और सम्मानित चेहरा थे। उन्होंने अपने करियर के दौरान कई प्रमुख म्यूजिक बैंड्स में गिटार बजाया, जिनमें अल्ट्रा वायर्स, फीनिक्स और ईस्टर्न डार्क जैसे लोकप्रिय समूह शामिल हैं। इसके साथ ही वह पिछले कई सालों से दिल्ली में रहकर संगीत शिक्षक के रूप में युवाओं को ट्रेनिंग दे रहे थे।
परिजनों की इंसाफ की गुहार और सीबीआई जांच की मांग
विक्रम सिंह के परिवार ने प्रशासन और पुलिस से निष्पक्ष और त्वरित जांच की मांग की है। परिजनों का कहना है कि हमले की हर पहलू से गहन जांच की जाए ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके और इस वारदात में शामिल सभी दोषियों को जल्द से जल्द सख्त सजा मिल सके।
मामले की गंभीरता को देखते हुए राजनीतिक स्तर पर भी कदम उठाए गए हैं। मणिपुर के मुख्यमंत्री युमनाम खेमचंद सिंह ने इस पूरे प्रकरण में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से तत्काल हस्तक्षेप करने का अनुरोध किया है। उन्होंने घटना पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए दिल्ली सरकार से समयबद्ध और पारदर्शी जांच सुनिश्चित करने को कहा। इसके साथ ही मणिपुर के मुख्यमंत्री ने सुझाव दिया कि यदि आवश्यकता महसूस हो, तो आम जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए मामले की जांच सीबीआई (सेंट्रल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन) जैसी स्वतंत्र एजेंसी को सौंपी जानी चाहिए।





















