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ब्याज दरों पर यूरोपियन सेंट्रल बैंक के रुख को लेकर नॉर्डिया का अनुमान, वैश्विक बाजारों में दिखी बड़ी हलचलबाज़ार
18 सित॰ 2026, 7:39 pm (39 मिनट पहले)· 0

ब्याज दरों पर यूरोपियन सेंट्रल बैंक के रुख को लेकर नॉर्डिया का अनुमान, वैश्विक बाजारों में दिखी बड़ी हलचल

नॉर्डिया के अनुसार यूरोपियन सेंट्रल बैंक की ओर से तिमाही ब्याज दरों में बढ़ोतरी का अनुमान अभी भी कायम है, जबकि जापान में दरें बढ़ने के बाद भी येन में कमजोरी देखी गई है।

वैश्विक वित्तीय बाजारों में इस समय केंद्रीय बैंकों के नीतिगत निर्णयों और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के कारण काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है। प्रमुख विश्लेषकों के आकलन के अनुसार, यूरोपियन सेंट्रल बैंक द्वारा ब्याज दरों में बढ़ोतरी का सिलसिला जारी रहने की उम्मीद है। हालांकि, बाजार की मौजूदा कीमतों में तेजी से बदलाव आया है, जो नॉर्डिया के बुनियादी अनुमानों से काफी आगे निकल चुका है। इस बीच, मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और ऊर्जा की कीमतों में अस्थिरता के कारण दुनिया भर के बाजारों में अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है, जिससे मुद्राओं, कीमती धातुओं और क्रिप्टोकरेंसी पर सीधा असर पड़ रहा है।

यूरोपियन सेंट्रल बैंक की नीति और नॉर्डिया का आकलन

यूरोपियन सेंट्रल बैंक की आगामी योजनाओं को लेकर बाजार में कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। वर्तमान बाजार परिदृश्य में नॉर्डिया का अनुमान है कि दिसंबर और मार्च 2027 में 25 बेसिस पॉइंट की दो और बढ़ोतरी की जा सकती है। हालांकि, हाल के दिनों में बाजार की कीमतें इस अनुमान से काफी ऊपर चली गई हैं। इसका मुख्य कारण कच्चे तेल और गैस की कीमतों में आई तेजी है, जिसने महंगाई की चिंताओं को दोबारा बढ़ा दिया है। इसके अतिरिक्त, मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष के कारण आने वाले महीनों में वैश्विक अर्थव्यवस्था पर दबाव बढ़ने की आशंका है।

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इन अनिश्चितताओं के बावजूद, विश्लेषकों का मानना है कि उनका मौजूदा अनुमान अभी भी एक व्यावहारिक आधार प्रदान करता है, क्योंकि यह हाल के आर्थिक आंकड़ों और केंद्रीय बैंक से मिलने वाले संकेतों के अनुरूप है। केंद्रीय बैंक के रुख को स्पष्ट करते हुए नॉर्डिया के विश्लेषकों ने कहा कि, "केंद्रीय बैंक किसी विशेष दर पथ के लिए प्रतिबद्ध नहीं होना चाहता है।" इसके बावजूद, अधिकांश संकेत दरों में वृद्धि की ओर ही इशारा कर रहे हैं। हालांकि, बैंक के आधिकारिक बयानों में किसी तरह की जल्दबाजी नहीं दिखाई देती, जिससे यह संकेत मिलता है कि दरों में बढ़ोतरी की गति तिमाही आधार पर ही बनी रहेगी। हालांकि, मिडिल ईस्ट में युद्ध के गहराने और गैस की बढ़ती कीमतों को देखते हुए अक्टूबर की अगली बैठक में भी दरों में बदलाव की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता है।

मुद्रा बाजार में डॉलर के मुकाबले ऑस्ट्रेलियाई डॉलर की स्थिति

विदेशी मुद्रा बाजार में लगातार दूसरे दिन ऑस्ट्रेलियाई डॉलर में मजबूती का रुख देखा गया है। शुक्रवार को एशियाई कारोबारी सत्र के दौरान AUD/USD की जोड़ी 0.7100 के स्तर से ऊपर बनी रही। इस मजबूती के पीछे अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड में आई गिरावट एक बड़ा कारण रही, जिसने अमेरिकी डॉलर की तेजी पर लगाम लगाई। इसके अलावा, RBA गवर्नर बुलोक के सख्त बयानों ने भी ऑस्ट्रेलियाई डॉलर को सहारा दिया है। गवर्नर बुलोक की टिप्पणियों से घरेलू बाजार में ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीदें मजबूत हुई हैं। हालांकि, फेड के कड़े रुख और दुनिया भर में बनी भू-राजनीतिक चिंताओं के कारण अमेरिकी डॉलर की गिरावट सीमित रही, जिससे इस मुद्रा जोड़ी की बढ़त पर एक सीमा तय हो गई है।

ब्याज दर बढ़ने के बाद भी जापानी येन में ऐतिहासिक गिरावट

जापानी येन की स्थिति इस समय निवेशकों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। शुक्रवार को यूरोपीय सत्र के दौरान USD/JPY की जोड़ी दो सप्ताह के उच्चतम स्तर पर पहुंच गई और यह 158.00 के करीब कारोबार करती दिखी। हैरानी की बात यह है कि येन में यह कमजोरी बैंक ऑफ जापान (BoJ) द्वारा अपनी अल्पकालिक ब्याज दर के लक्ष्य को 1.00% से बढ़ाकर 1.25% करने के फैसले के बाद आई है। नीति को सामान्य बनाने की दिशा में उठाया गया यह कदम पूरी तरह से बाजार की उम्मीदों के अनुरूप था, जिसे BoJ ने 7-2 के बहुमत से मंजूरी दी थी। हालांकि, बैंक के गवर्नर उएदा के सख्त बयानों के बावजूद दो सदस्यों द्वारा इस बढ़ोतरी के खिलाफ दिए गए मतों ने येन पर दबाव बढ़ा दिया, जिससे बाजार में येन की बिकवाली तेज हो गई।

सोने और क्रिप्टोकरेंसी बाजार का हाल

कमोडिटी बाजार में सोने की चमक एक बार फिर बढ़ती हुई दिखाई दे रही है। शुक्रवार को अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना लगभग 4,370 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस के आसपास कारोबार कर रहा था। कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट ने सोने की इस बढ़त को सहारा दिया है। तेल की कीमतों में कमी के कारण सोने ने अमेरिकी डॉलर की मजबूती और बढ़ती अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड के प्रभाव को सफलतापूर्वक बेअसर कर दिया।

दूसरी तरफ, डिजिटल एसेट मार्केट में बिटकॉइन (BTC) ने जुलाई में दर्ज किए गए अपने इस साल के सबसे निचले स्तर 57,800 डॉलर से शानदार वापसी की है। पिछले दो महीनों में बिटकॉइन की कीमत में लगभग 33% का उछाल आया है, जिससे निवेशकों को बड़ी राहत मिली है। हालांकि, इस शानदार रिकवरी के बावजूद बिटकॉइन अभी भी अपने सर्वकालिक उच्च स्तर से लगभग 40% नीचे चल रहा है। इस स्थिति ने व्यापारियों और निवेशकों के बीच एक नई बहस छेड़ दी है कि क्या यह एक नए तेजी के चक्र की शुरुआत है या फिर यह मंदी के बीच आई एक अस्थायी रिकवरी है।

सवाल-जवाब

नॉर्डिया के अनुसार यूरोपियन सेंट्रल बैंक कितनी बार ब्याज दरें बढ़ा सकता है?
नॉर्डिया का अनुमान है कि दिसंबर और मार्च 2027 में 25-25 बेसिस पॉइंट की दो और बढ़ोतरी की जा सकती है।
बैंक ऑफ जापान ने ब्याज दरों में क्या बदलाव किया है?
बैंक ऑफ जापान ने अपनी अल्पकालिक ब्याज दर को 1.00% से बढ़ाकर 1.25% कर दिया है।
ब्याज दर बढ़ने के बाद भी जापानी येन क्यों कमजोर हुआ?
ब्याज दर बढ़ाने के फैसले के खिलाफ केंद्रीय बैंक में दो आश्चर्यजनक असहमति वाले वोट पड़े, जिससे येन पर दबाव बढ़ गया।
इस समय सोने और बिटकॉइन की बाजार स्थिति क्या है?
सोना लगभग 4,370 डॉलर प्रति ट्रॉय औंस पर कारोबार कर रहा है, जबकि बिटकॉइन अपने ऑल-टाइम हाई से 40% नीचे है।
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