मिजोरम पुलिस ने राज्यभर में चलाए गए विभिन्न अभियानों के तहत सितंबर महीने में कुल 77.15 करोड़ रुपये मूल्य के अवैध नशीले पदार्थ बरामद किए हैं। इस दौरान कुल 29 लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें छह म्यांमार के नागरिक भी शामिल हैं। अधिकारियों द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी के अनुसार पुलिस का यह अभियान मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई का हिस्सा है।
विभिन्न नशीले पदार्थों की बरामदगी
पुलिस की ओर से जारी बयान में बताया गया कि इस महीने की गई कुल बरामदगी में 78.746 किलोग्राम मेथामफेटामाइन शामिल है, जिसका बाजार मूल्य 62.99 करोड़ रुपये आंका गया है। इसके अलावा 8.112 किलोग्राम मॉर्फिन भी जब्त की गई जिसकी कीमत 8.11 करोड़ रुपये है। साथ ही 2.922 किलोग्राम हेरोइन भी बरामद की गई जिसका कुल मूल्य 5.84 करोड़ रुपये बताया गया है।
अंतर-राज्यीय और सीमा पार नेटवर्क
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से कई लोग मणिपुर और म्यांमार के निवासी हैं। पुलिस ने इस बात पर जोर दिया है कि यह मामला क्षेत्र में नशीले पदार्थों की तस्करी के अंतर-राज्यीय और सीमा पार नेटवर्क को उजागर करता है। अधिकारियों का कहना है कि ड्रग्स के इस बढ़ते खतरे से निपटने के लिए और अधिक कड़े कदम उठाने की आवश्यकता है ताकि इस अवैध कारोबार को पूरी तरह समाप्त किया जा सके।
सार्वजनिक सहयोग की अपील
कार्रवाई के दौरान अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों के व्यापार को रोकने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। मिजोरम पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे सरकार के इस मादक पदार्थ विरोधी अभियान में बढ़-चढ़कर समर्थन करें। पुलिस ने लोगों से आग्रह किया है कि संदिग्ध गतिविधियों से जुड़ी किसी भी प्रकार की जानकारी तुरंत साझा की जाए।
सामूहिक प्रयासों पर जोर
ड्रग्स के खिलाफ इस लड़ाई को और मजबूत बनाने के लिए पुलिस ने नागरिकों से स्थानीय ग्राम परिषदों, यंग मिजो एसोसिएशन और गैर-सरकारी संगठनों के साथ मिलकर काम करने का आह्वान किया है। मिजोरम पुलिस ने दोहराया कि सामूहिक प्रयासों के बिना इस समस्या से पूरी तरह निपटना संभव नहीं है और इस दिशा में लगातार सतर्कता बरती जा रही है।



















