कर्नाटक के एक वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी के रहस्यमय तरीके से गायब होने का मामला सामने आया है। उद्योग एवं वाणिज्य विभाग में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम यानी एमएसएमई के निदेशक के पद पर अपनी सेवाएं दे रहे आईएएस अधिकारी ज्ञानेंद्र कुमार गंगवार के अचानक लापता होने से प्रशासनिक हलकों में हड़कंप मच गया है। आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार वह पिछले कुछ दिनों से अपने परिवार और अन्य संपर्क सूत्रों से पूरी तरह कटे हुए हैं।
बेंगलुरु से दिल्ली के लिए निकले थे अधिकारी
प्राप्त जानकारी के मुताबिक ज्ञानेंद्र गंगवार ने दिल्ली की यात्रा के लिए फ्लाइट का टिकट बुक कराया था और वह हवाई अड्डे के लिए रवाना हुए थे। जांच के दौरान उनकी अंतिम लोकेशन बेंगलुरु के केम्पेगौड़ा अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर पाई गई है। इसके बाद से ही उनका मोबाइल फोन भी लगातार स्विच ऑफ आ रहा है, जिसके कारण संपर्क साधने के सभी प्रयास विफल साबित हुए हैं।
सरकार ने दी घटना की पुष्टि
कर्नाटक के गृह मंत्री प्रियंक खरगे ने इस पूरे घटनाक्रम की आधिकारिक पुष्टि करते हुए बताया है कि सरकार के संज्ञान में यह मामला आ चुका है। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अभी तक अधिकारी के परिवार या किसी अन्य व्यक्ति की तरफ से इस संबंध में कोई आधिकारिक पुलिस शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। मंत्री ने कहा कि एयरपोर्ट से कुछ शुरुआती जानकारियां हाथ लगी हैं और प्रशासन इस बात की गहनता से जांच कर रहा है कि आखिर वह कहां गए।
2016 बैच के हैं अधिकारी
लापता हुए ज्ञानेंद्र गंगवार 2016 बैच के भारतीय प्रशासनिक सेवा यानी आईएएस अधिकारी हैं। वर्तमान में उनके गायब होने के कारणों का पता लगाने के लिए पुलिस और प्रशासनिक महकमा हर पहलू से छानबीन में जुटा हुआ है। जांच एजेंसियों का कहना है कि स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आगे की कानूनी और प्रशासनिक कार्रवाई पर जल्द ही उचित फैसला लिया जाएगा।
केपीएससी भ्रष्टाचार मामले से भी जुड़ रहे हैं तार
इस घटना से पहले ज्ञानेंद्र गंगवार कर्नाटक लोक सेवा आयोग यानी केपीएससी में परीक्षा नियंत्रक की जिम्मेदारी संभाल रहे थे। इस साल मार्च के महीने में उन्हें इस पद से हटा दिया गया था। मौजूदा समय में केपीएससी के भीतर भर्ती प्रक्रियाओं में हुए बड़े स्तर के भ्रष्टाचार का मामला काफी गरमाया हुआ है, जिसकी जांच प्रवर्तन निदेशालय द्वारा की जा रही है।
भ्रष्टाचार के आरोपों पर गिरी गाज
हाल ही में सरकार ने केपीएससी के अध्यक्ष शिवशंकरप्पा एस. साहूकार को निलंबित करने और उनके विरुद्ध जांच बैठाए जाने की सिफारिश राज्यपाल थावरचंद गहलोत के पास भेजने का निर्णय लिया है। साहूकार के ऊपर भ्रष्टाचार के कई गंभीर आरोप दर्ज हैं। इसके अलावा उनकी बेटी के चयन में फर्जी आय प्रमाण पत्र के इस्तेमाल को लेकर भाई-भतीजावाद के भी आरोप लगे हैं। हालांकि, अधिकारियों का यह भी कहना है कि ज्ञानेंद्र गंगवार के एयरपोर्ट से लापता होने का संबंध केपीएससी के इस चर्चित भ्रष्टाचार प्रकरण से है या नहीं, इसकी अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है।





















