केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह सोमवार 16 सितंबर को पश्चिम बंगाल के कोलकाता दौरे पर रहने वाले हैं। इस दौरान उनका मुख्य कार्यक्रम एक विशेष मीडिया कॉन्फ्रेंस को संबोधित करने का है, जहां वे 'सेवा से संकल्प अभियान' के बारे में विस्तार से बात करेंगे। इस पूरे अभियान का उद्देश्य देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के साथ-साथ उनके शासन प्रमुख के तौर पर 25 साल के लंबे सफर का जश्न मनाना है। इस लंबी राजनीतिक यात्रा में नरेंद्र मोदी ने 13 साल तक मुख्यमंत्री और उसके बाद प्रधानमंत्री के रूप में देश की कमान संभाली है।
सेवा से संकल्प अभियान का उद्देश्य
नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन और शासन में ढाई दशक पूरे होने के उपलक्ष्य में भारतीय जनता पार्टी और सरकार की तरफ से कई कार्यक्रमों की रूपरेखा तैयार की गई है। इसी कड़ी में कोलकाता में आयोजित होने जा रहा 'सेवा से संकल्प अभियान' भी शामिल है, जिसके जरिए सरकार अपनी अब तक की उपलब्धियों और विकास कार्यों को जन-जन तक पहुंचाना चाहती है। राजनाथ सिंह इस अभियान की रूपरेखा और इसके पीछे के विजन को मीडिया के सामने रखेंगे ताकि योजनाओं का संदेश स्पष्ट रूप से जनता तक पहुंच सके।
राजनीतिक और प्रशासनिक सफर की अहमियत
नरेंद्र मोदी का प्रशासनिक कार्यकाल पिछले 25 वर्षों से लगातार जारी है, जिसमें गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक का सफर शामिल है। इस लंबी अवधि के दौरान लिए गए कई बड़े फैसलों ने देश की राजनीति और विकास की दिशा को एक नई गति दी है। कोलकाता में होने वाले इस कार्यक्रम को इसी ऐतिहासिक सफर के जश्न और संगठन के आगामी एजेंडे से जोड़कर देखा जा रहा है, जिस पर पश्चिम बंगाल की राजधानी में विशेष चर्चा होगी।
जनता की प्रतिक्रिया
कोलकाता में इस बड़े आयोजन को लेकर स्थानीय नागरिकों और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं के बीच मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली है, जहां कुछ लोगों ने इस दौरे और अभियान के प्रति अपना उत्साह जताया तो वहीं कुछ ने प्रशासनिक और आर्थिक मुद्दों पर सवाल भी खड़े किए।


























