असम के सबसे पुराने और प्रतिष्ठित साहित्यिक निकाय असम साहित्य सभा ने अपने आगामी संगठनात्मक चुनावों की तैयारी शुरू कर दी है। संगठन ने वर्ष 2027 से 2029 के कार्यकाल के लिए उपाध्यक्ष और प्रधान सचिव के पदों पर मतदान कराने के मकसद से तीन सदस्यीय चुनाव उपसमिति का गठन किया है। इस चुनावी समिति की कमान सेवानिवृत्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश डॉ थानेश्वर कलिता को मुख्य चुनाव अधिकारी के रूप में सौंपी गई है।
समिति के सदस्य और संवैधानिक प्रावधान
इस चुनाव समिति में मुख्य निर्वाचन अधिकारी के अतिरिक्त दो अन्य प्रमुख सदस्य शामिल किए गए हैं। इनमें शिक्षाविद परेश बैश्य और असम सरकार में नोटरी के पद पर कार्यरत डॉ रातुल सैकिया शामिल हैं। मुख्य चुनाव अधिकारी डॉ कलिता रॉयल ग्लोबल यूनिवर्सिटी में कानून के प्रोफेसर के पद पर भी सेवाएं दे रहे हैं। इस तीन सदस्यीय निकाय का गठन संगठन के संविधान के अनुच्छेद 14 और चुनाव नियमावली 2018 के तहत किया गया है।
स्वतंत्र और पारदर्शी चुनाव की जिम्मेदारी
सभा के अध्यक्ष द्वारा हस्ताक्षरित एक प्रेस विज्ञप्ति 30 सितंबर को जारी कर इस फैसले की सार्वजनिक जानकारी दी गई। संगठन के नियमों के अनुसार उपाध्यक्ष और प्रधान सचिव का चुनाव दो वर्ष की कार्यावधि के लिए होता है। चुने जाने वाले नए पदाधिकारी 2027 से 2029 तक अपनी सेवाएं देंगे। समिति को स्वतंत्र रूप से कार्य करने का पूरा अधिकार दिया गया है ताकि पूरी चुनावी प्रक्रिया निष्पक्ष, स्वतंत्र और पूरी तरह पारदर्शी बनी रहे। हालांकि औपचारिक अधिसूचना जारी करने की तारीख और विस्तृत चुनाव कार्यक्रम की घोषणा होना अभी बाकी है।























