राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था उस समय सवालों के घेरे में आ गई जब दिल्ली विधानसभा परिसर को बम से उड़ाने की एक सनसनीखेज सूचना सामने आई। मंगलवार की सुबह लगभग 8:39 बजे दिल्ली विधानसभा के अध्यक्ष के आधिकारिक इलेक्ट्रॉनिक मेल खाते पर एक धमकी भरा संदेश प्राप्त हुआ। इस संदेश में पूरे विधानसभा भवन को विस्फोट से उड़ाने की बात कही गई थी। धमकी की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन में खलबली मच गई और आनन-फानन में सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क किया गया।
विधानसभा परिसर की व्यापक सुरक्षा जांच
धमकी भरा पत्र मिलते ही तुरंत दिल्ली पुलिस को मामले से अवगत कराया गया। इसके बाद दिल्ली पुलिस की एक विशेष टीम त्वरित कार्रवाई करते हुए विधानसभा परिसर में पहुंची। पुलिस बल और सुरक्षाकर्मियों ने मिलकर पूरे भवन तथा आसपास के क्षेत्रों का सघन निरीक्षण किया। बारीकी से पड़ताल करने और स्थिति को सुरक्षित सुनिश्चित करने के पश्चात पुलिस टीम वहां से वापस लौटी। शुरुआती जानकारियों के अनुसार यह धमकी एक खालिस्तानी संगठन की ओर से भेजे जाने का दावा किया जा रहा है, जिसको लेकर सुरक्षा तंत्र पूरी मुस्तैदी से मामले की जांच में जुटा है।
पहले भी दिल्ली के प्रमुख स्थलों को मिल चुकी हैं ऐसी धमकियां
राष्ट्रीय राजधानी में इस प्रकार की फर्जी धमकियों का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पूर्व 11 जुलाई को भी ऐतिहासिक लाल किले को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। उस समय एक अज्ञात व्यक्ति ने मुंबई पुलिस के नियंत्रण कक्ष में फोन करके लाल किले पर हमले की बात कही थी। मुंबई पुलिस ने तत्काल इसकी जानकारी दिल्ली पुलिस नियंत्रण कक्ष को दी, जिसके बाद उत्तरी जिला पुलिस को अलर्ट पर रखा गया। दिल्ली पुलिस ने तुरंत लाल किले और उसके आसपास के पूरे क्षेत्र की जांच की और सुरक्षा बढ़ा दी। विस्तृत जांच के बाद उत्तरी जिला पुलिस ने उस फोन कॉल को पूरी तरह फर्जी और अफवाह पाया था।
सचिवालय और लाल किला परिसर में पूर्व में चलाए गए तलाशी अभियान
11 जुलाई की घटना से महज एक दिन पहले यानी 10 जुलाई को भी लाल किला और दिल्ली सचिवालय दोनों को एक साथ बम से उड़ाने की धमकी मिली थी। इस सूचना के मिलते ही सुरक्षा एजेंसियों ने दोनों स्थानों पर व्यापक तलाशी अभियान शुरू किया था। दिल्ली अग्निशमन सेवा के अनुसार दिल्ली सचिवालय को ईमेल के माध्यम से बम से उड़ाने की धमकी भेजी गई थी। आपातकालीन सूचना मिलते ही दमकल विभाग की कई गाड़ियों और टीमों को तुरंत मौके पर रवाना किया गया था। घंटों चली गहन तलाशी के दौरान कोई भी संदिग्ध सामग्री या विस्फोटक बरामद नहीं हुआ था।
नागपुर के एक दर्जन से अधिक विद्यालयों को मिले थे धमकी भरे पत्र
केवल दिल्ली ही नहीं, बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी इस प्रकार के फर्जी धमकी भरे ईमेल भेजे जाने के मामले सामने आ चुके हैं। बीते 18 अगस्त की सुबह महाराष्ट्र के नागपुर शहर में 12 से अधिक स्कूलों को बम विस्फोट से उड़ाने के ईमेल प्राप्त हुए थे। यह ईमेल एक जीमेल खाते से भेजे गए थे, जिनमें दावा किया गया था कि 31 अगस्त को इन सभी शैक्षणिक संस्थानों में विस्फोट किया जाएगा। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस विभाग ने तुरंत कई टीमों का गठन किया और संबंधित स्कूलों में जांच के लिए भेजा। पुलिस अधिकारियों ने पूरे स्कूल परिसरों की सघन तलाशी ली। आखिरकार, कोई भी संदिग्ध वस्तु न मिलने पर पुलिस ने घोषित किया कि ये धमकियां भी पूरी तरह फर्जी थीं।


















