केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के 4 और 5 अक्टूबर को होने वाले मेघालय दौरे से पहले री भोई जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। जिला प्रशासन ने वीवीआईपी आवागमन को देखते हुए संवेदनशील इलाकों, हवाई अड्डों और प्रमुख रास्तों पर हवाई गतिविधियों पर कड़े प्रतिबंध लगाए हैं। किसी भी संभावित खतरे की रोकथाम के लिए चिन्हित क्षेत्रों को अस्थायी रेड और नो-फ्लाई जोन के रूप में चिन्हित किया गया है।
उमरोई एयरपोर्ट और मुख्य मार्गों पर सख्त सुरक्षा घेरा
री भोई के उपायुक्त और जिला मजिस्ट्रेट डॉ. अभिषेक सैनी की ओर से जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, उमरोई एयरपोर्ट और चिन्हित हेलीपैड स्थलों के चारों ओर 5 किलोमीटर के दायरे में सभी प्रकार के ड्रोन और कम ऊंचाई वाले हवाई उपकरणों के संचालन पर पूरी तरह रोक रहेगी। इसके अलावा, आधिकारिक बैठक स्थलों, निरीक्षण क्षेत्रों और ठहराव वाले स्थानों के 3 किलोमीटर के दायरे को भी इस सुरक्षा परिधि के तहत शामिल किया गया है।
सड़क मार्ग से होने वाले आवागमन को सुरक्षित रखने के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग और प्रमुख संपर्क गलियारों के दोनों ओर 500 मीटर तक का क्षेत्र भी प्रतिबंधित किया गया है। यह व्यवस्था उमरोई, उमसनिंग, नोंगपोह और सीमावर्ती पारगमन बिंदुओं को जोड़ने वाले रूटों पर लागू रहेगी, ताकि वीवीआईपी काफिले के गुजरने के दौरान कोई भी अनधिकृत हवाई गतिविधि न हो सके।
हवाई उपकरणों की विस्तृत सूची पर पाबंदी
प्रशासन ने इस प्रतिबंध के दायरे में मानव रहित हवाई वाहनों (UAV) की सभी श्रेणियों को शामिल किया है। इसमें रिमोट से संचालित होने वाले एयरक्राफ्ट सिस्टम, पैरामोटर, हैंग-ग्लाइडर, पैराग्लाइडर, हॉट-एयर बैलून, स्काई लालटेन, टीथर्ड एयरोस्टेट, रिमोट-नियंत्रित एयरो-मॉडल और यहां तक कि खिलौना विमान भी शामिल हैं। यह रोक आम नागरिकों के साथ-साथ मीडियाकर्मियों, कार्यक्रम आयोजकों और व्यावसायिक ड्रोन ऑपरेटरों पर भी समान रूप से लागू रहेगी।
यह पाबंदी 4 अक्टूबर की सुबह 6 बजे से प्रभावी होगी और 5 अक्टूबर की रात 10 बजे तक, या केंद्रीय गृह मंत्री के जिले से प्रस्थान करने तक, जो भी पहले हो, जारी रहेगी। हालांकि, मेघालय पुलिस, केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों, विशेष सुरक्षा या खुफिया एजेंसियों द्वारा अधिकृत उड़ानों और री भोई के पुलिस अधीक्षक द्वारा विशेष रूप से मंजूरी प्राप्त उपकरणों को इस आदेश से छूट प्रदान की गई है।
उल्लंघन करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि प्रतिबंधित क्षेत्रों में पाए जाने वाले किसी भी अनधिकृत हवाई उपकरण को तुरंत रोका जा सकता है अथवा जब्त किया जा सकता है। नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 223 के तहत मुकदमा दर्ज किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, विमान अधिनियम, 1934 और ड्रोन नियम, 2021 के प्रासंगिक कानूनी प्रावधानों के तहत भी सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन ने री भोई के पुलिस अधीक्षक को यह भी निर्देश दिया है कि इन प्रतिबंधों को डीजीसीए के डिजिटलस्काई प्लेटफॉर्म पर अपडेट कराया जाए। इसके साथ ही, सुरक्षा बलों को जमीनी स्तर पर एंटी-ड्रोन उपायों को मुस्तैदी से लागू करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि दौरे के दौरान सुरक्षा में कोई चूक न हो।



















