उत्तर प्रदेश में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए कांग्रेस अपने संगठनात्मक ढांचे में बड़ा फेरबदल करने की योजना बना रही है। राज्य इकाई के नेतृत्व में बदलाव की चर्चाएं तेज हो गई हैं और पार्टी जल्द ही नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम का औपचारिक ऐलान कर सकती है। इस शीर्ष पद की दौड़ में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद प्रमोद तिवारी की बेटी आराधना मिश्रा मोना का नाम सबसे मजबूत दावेदार के रूप में उभरा है।
महिला और ब्राह्मण समीकरण साधने की रणनीति
पार्टी की इस संभावित कवायद को सामाजिक संतुलन साधने के बड़े प्रयास के तौर पर देखा जा रहा है। कांग्रेस राज्य में एक साथ महिला नेतृत्व और ब्राह्मण समुदाय दोनों को प्रतिनिधित्व देने का संदेश देना चाहती है। संगठनात्मक फेरबदल के जरिए पार्टी आगामी चुनावी मुकाबले से पहले जमीनी स्तर पर कार्यकर्ताओं में नया जोश भरने और पारंपरिक जनाधार को फिर से एकजुट करने की कोशिश में जुटी है।
रामपुर खास से लगातार तीन बार जीत चुकी हैं चुनाव
आराधना मिश्रा मोना वर्तमान में प्रतापगढ़ जिले की रामपुर खास विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक हैं और इस क्षेत्र से लगातार तीन बार जीत हासिल कर चुकी हैं। उन्होंने पहली बार 2014 के विधानसभा उपचुनाव में जीत दर्ज कर सदन में कदम रखा था। इसके बाद राजनीतिक रूप से चुनौतीपूर्ण दौर में भी उन्होंने 2017 और फिर 2022 के आम विधानसभा चुनावों में अपनी इस सीट पर शानदार जीत बरकरार रखी। यदि पार्टी उनके नाम पर मुहर लगाती है, तो चुनाव से पहले यह राज्य की राजनीति में कांग्रेस का एक बड़ा कदम माना जाएगा।



















