उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में विंध्याचल रेलवे स्टेशन की तस्वीर अब पूरी तरह बदल चुकी है। करीब 23.24 करोड़ रुपए की लागत से इस स्टेशन का कायाकल्प किया गया है और इसे नया व भव्य स्वरूप दिया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस नव निर्मित स्टेशन का लोकार्पण किया।
एयरपोर्ट जैसा लुक, आध्यात्मिक झलक भी
स्टेशन का पूरा कायाकल्प एयरपोर्ट की तर्ज पर किया गया है। एंट्री गेट से लेकर स्टेशन के भीतरी हिस्से तक यात्रियों को आध्यात्मिक और सांस्कृतिक झलक देखने को मिलेगी। स्टेशन में लगाई गई अत्याधुनिक लाइटिंग रात के समय खास तौर पर मंत्रमुग्ध कर देने वाली नजर आती है।
हाईटेक टिकट काउंटर और पूछताछ केंद्र
स्टेशन पर एयरपोर्ट की तरह हाईटेक टिकट काउंटर बनाया गया है। इसके साथ ही यात्रियों की सुविधा के लिए एक अलग पूछताछ केंद्र भी तैयार किया गया है, जहां कर्मचारियों को भी अत्याधुनिक सुविधाएं दी गई हैं। टिकट काउंटर के अलावा स्टेशन पर मोबाइल टिकट मशीन भी लगाई गई है, जिसकी मदद से यात्री तुरंत तत्काल टिकट हासिल कर सकते हैं।
चमकते प्लेटफॉर्म, पहले सिर्फ सीमेंट की फर्श थी
स्टेशन के प्लेटफॉर्म का भी नए सिरे से विकास किया गया है और अब ये भी एयरपोर्ट जैसे नजर आते हैं। चमकती टाइल्स और तेज रोशनी ने प्लेटफॉर्म की खूबसूरती को कई गुना बढ़ा दिया है। इससे पहले यहां ऐसी कोई व्यवस्था नहीं थी, पूरे स्टेशन पर सिर्फ सीमेंट की फर्श हुआ करती थी।
7 मीटर चौड़ा फुट ओवर ब्रिज, अलग-अलग शौचालय
एक प्लेटफॉर्म से दूसरे प्लेटफॉर्म तक जाने के लिए स्टेशन पर 7 मीटर चौड़ा फुट ओवर ब्रिज बनाया गया है। इस फुट ओवर ब्रिज पर भी नई तकनीक की लाइटिंग लगाई गई है, ताकि यात्रियों को आवाजाही में किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े। इसके अलावा महिलाओं, दिव्यांगजनों और पुरुषों के लिए अलग-अलग शौचालय भी बनवाए गए हैं, ताकि किसी को भी असुविधा न हो। यात्रियों की हर छोटी बड़ी जरूरत का खास ख्याल रखा गया है।
वातानुकूलित एग्जीक्यूटिव वेटिंग रूम
यात्रियों के इंतजार के लिए स्टेशन पर एग्जीक्यूटिव वेटिंग रूम भी बनाया गया है। इस वातानुकूलित वेटिंग रूम में बैठकर यात्री अपनी ट्रेन का इंतजार कर सकते हैं। यहां लगे डिस्प्ले बोर्ड पर यात्रियों को ट्रेन से जुड़ी जानकारी लगातार मिलती रहेगी, जिससे वे समय रहते प्लेटफॉर्म पर पहुंचकर अपनी ट्रेन पकड़ सकेंगे और अपने गंतव्य के लिए रवाना हो सकेंगे।
मां के धाम जैसा स्वरूप
नवनिर्मित विंध्याचल रेलवे स्टेशन को मां के धाम जैसा स्वरूप दिया गया है। धार्मिक मान्यता वाले विंध्य क्षेत्र की झलक स्टेशन के डिजाइन में भी साफ दिखाई देती है। यहां आने वाले श्रद्धालुओं को स्टेशन परिसर में ही मां की आस्था और शक्ति से जुड़ी जानकारी मिलती रहेगी, जिससे यात्री इस आध्यात्मिक पहलू से रूबरू हो सकेंगे।



















