उत्तर प्रदेश में गोतस्करों के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार तेज होता जा रहा है। इसी कड़ी में बहराइच जिले की पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। जिले के मोतीपुर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले इलाके में रविवार देर रात लगभग एक बजे पुलिस और गोकशी की वारदातों को अंजाम देने वाले संदिग्धों के बीच आमने-सामने की मुठभेड़ हो गई। इस गोलीबारी की घटना में एक आरोपी के दाहिने पैर में पुलिस की गोली जा लगी, जबकि उसके अन्य दो साथियों को मौके पर ही धर दबोचा गया। घायल हुए आरोपी को फौरन इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस महकमे से मिली जानकारी के अनुसार, इस घायल आरोपी के खिलाफ पहले से भी गोकशी से जुड़े कई आपराधिक मामले दर्ज हैं।
गोपनीय सूचना के आधार पर पुलिस ने की कार्रवाई
पूरे मामले की पृष्ठभूमि में जाएं तो गत 24 सितंबर को शाहपुर खुर्द गांव के पास गोवंश के अवशेष मिलने की एक घटना सामने आई थी। इस संबंध में थाना मोतीपुर में मुकदमा संख्या 418/2026 दर्ज किया गया था। इस गंभीर घटना के खुलासे और आरोपियों की धरपकड़ के लिए पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने कुल तीन विशेष टीमों का गठन किया था। रविवार की देर रात पुलिस तंत्र को यह पुख्ता सूचना मिली थी कि वांछित आरोपी एक बार फिर किसी बड़ी गोकशी की वारदात को अंजाम देने की फिराक में हैं। इसी सूचना के मद्देनजर जोगनिया बैराज मार्ग पर व्यापक स्तर पर पुलिस चेकिंग अभियान चलाया जा रहा था। तभी वहां से गुजर रही एक बाइक पर तीन संदिग्ध युवक आते हुए दिखाई दिए। जब पुलिस कर्मियों ने उन्हें रुकने का इशारा किया, तो बदमाशों ने अपनी मोटरसाइकिल रोकने के बजाय पुलिस दल पर ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में और जवाबी कार्रवाई के तहत पुलिस की ओर से चलाई गई गोली एक आरोपी के पैर में जा धंसी।
वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और भारी मात्रा में सामान बरामद
इस सनसनीखेज मुठभेड़ की खबर मिलते ही पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव, अपर पुलिस अधीक्षक दुर्गा प्रसाद तिवारी तथा आयुष विक्रम सिंह तुरंत घटनास्थल पर पहुंच गए और हालात का जायजा लिया। पुलिस द्वारा पकड़े गए तीनों आरोपियों की पहचान सोनू (निवासी बालापुर), शहजाद उर्फ कलूटे (निवासी उचवा बालापुर) और तीसरे आरोपी सोनू (निवासी खैरी) के रूप में की गई है। तलाशी के दौरान इनके पास से एक अवैध तमंचा, जिंदा कारतूस, 1940 रुपये नकद, एक मोटरसाइकिल, तराजू और बांट, लकड़ी का एक ठीहा तथा तीन धारदार चाकू बरामद किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि घायल आरोपी का अस्पताल में उपचार चल रहा है और तीनों आरोपियों के आपराधिक इतिहास को खंगालने पर पता चला है कि इन पर पहले से भी गोकशी के कई मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस इस पूरे मामले में आगे की कानूनी और विधिक कार्रवाई तेजी से कर रही है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट कर दिया है कि इस तरह के अवैध कृत्यों में लिप्त किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ कठोरतम कानूनी कदम उठाए जाएंगे।





















