ट्रेनों में सफर करने वाले मुसाफिरों की जेब को राहत देते हुए रेलवे ने आगामी 1 जनवरी से 18 गाड़ियों की श्रेणी में बड़ा फेरबदल करने का फैसला किया है। प्रमुख रेल मार्गों पर चलने वाली इन 18 गाड़ियों से सुपरफास्ट का तमगा हटाकर इन्हें साधारण एक्सप्रेस श्रेणी में शामिल किया जाएगा। इस प्रशासनिक बदलाव के चलते इन गाड़ियों के टिकट की कीमतों में 75 रुपये तक की कमी दर्ज की जाएगी। श्रेणी परिवर्तन की इस सूची में मुजफ्फरपुर से आनंद विहार के बीच दौड़ने वाली सप्तक्रांति, राजगीर से नई दिल्ली मार्ग पर चलने वाली श्रमजीवी और टनकपुर से दिल्ली के बीच संचालित पूर्णागिरि जनशताब्दी जैसी बेहद लोकप्रिय और व्यस्त ट्रेनें भी शामिल हैं।
औसत गति में गिरावट बनी बदलाव की मुख्य वजह
रेलवे बोर्ड के मौजूदा दिशा-निर्देशों के मुताबिक, किसी भी रेलगाड़ी को सुपरफास्ट का दर्जा तभी दिया जाता है जब वह आने और जाने की दोनों दिशाओं में न्यूनतम 55 किलोमीटर प्रति घंटे की औसत रफ्तार हासिल करे। नियमित अंतराल पर की जाने वाली तकनीकी समीक्षा के दौरान यह पाया गया कि ये गाड़ियां इस तय गति मानक को बनाए रखने में लगातार विफल साबित हो रही थीं। रास्ते में नए ठहराव जुड़ने, रेल मार्गों पर गाड़ियों की बढ़ती आवाजाही के कारण बढ़े ट्रैफिक दबाव और कई अन्य परिचालन संबंधी दिक्कतों की वजह से इनकी रफ्तार में यह गिरावट दर्ज की गई है।
नए ट्रेन नंबर और रूटों की नियमित वार्षिक समीक्षा
रेल प्रशासन हर साल अथवा नया टाइम टेबल तैयार करते वक्त सभी गाड़ियों की वास्तविक गति और समयबद्धता का गहन विश्लेषण करता है। समीक्षा के आधार पर जिन 18 ट्रेनों की सुपरफास्ट श्रेणी समाप्त की जा रही है, उनकी पहचान बदलने के साथ-साथ उन्हें नए ट्रेन नंबर भी आवंटित किए गए हैं। इस फेरबदल में मुजफ्फरपुर से आनंद विहार जाने वाली और आनंद विहार से मुजफ्फरपुर लौटने वाली सप्तक्रांति ट्रेन भी सीधे तौर पर प्रभावित होगी।
श्रेणी हटने से जानिए किस क्लास में कितना घटेगा किराया
सुपरफास्ट श्रेणी हटने का सीधा आर्थिक लाभ यात्रियों को किराए में मिलने वाली छूट के रूप में मिलेगा। अब तक इन गाड़ियों में यात्रा करने पर मूल किराए के साथ अनिवार्य सुपरफास्ट अधिभार वसूला जाता रहा है, जो अब सामान्य एक्सप्रेस बनते ही खत्म कर दिया जाएगा। इस शुल्क के हटने से स्लीपर क्लास के टिकट पर 30 रुपये तक की बचत होगी। वहीं थर्ड एसी, 3E, सेकंड एसी और एसी चेयरकार के सफर में टिकट 45 रुपये तक सस्ता हो जाएगा। इसके अलावा फर्स्ट एसी और एग्जीक्यूटिव क्लास में यात्रा करने वाले मुसाफिरों को प्रति टिकट 75 रुपये तक की सबसे बड़ी राहत मिलेगी।
















